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    F-15, F-35, B-52 हवा में रोका, अमेरिका को कैसे NATO देश ने अच्छे से ठोका

    3 hours from now

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    ऐसा देश जिसने अमेरिका को परेशान कर दिया है। अमेरिका के लड़ाकू विमान उसके हवाई क्षेत्र से जा रहे थे। उसने कहा रुको ऐसा है कि ईरान पर हमला करने के लिए हम अपना हवाई स्पेस नहीं देंगे। यह कोई और देश नहीं है बल्कि नाटो का सहयोगी या सदस्य है। नाम है स्पेन। स्पेन की सरकार ने एक बड़ा फैसला किया। उसने साफ-साफ घोषणा की कि ईरान पर हमले के लिए जा रहे किसी भी लड़ाकू विमान को अमेरिकी युद्धक विमान को स्पेन की हवाई क्षेत्र से गुजरने नहीं देंगे या वहां के संयुक्त सैन्य ठिकानों जैसा रोटा नौसेना बेस है मॉरेन एयरबेस है इसका इस्तेमाल करने की इजाजत नहीं दी जाएगी। स्पेनिश अखबार एल पाइस ने प्रकाशित की। जिसके बाद दुनिया भर के अखबारों ने इस खबर के बारे में बातचीत की है। इसे भी पढ़ें: जब राहत का सफर शुरू होने से पहले ही रुका! भारत से मेडिकल ऐड लेने आ रहा इरानी प्लेन US Strike में क्षतिग्रस्तजैसे ही अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और इजराइल के पीएम बेंजामिन नेतहू ने ये कहा कि हमने भैया युद्ध की शुरुआत कर दी 28 फरवरी को। उसके बाद मार्च की शुरुआत में ही ये फैसला हुआ कि ये जो हमला अमेरिका और इजराइल अपने सैन्य ठिकानों का इस्तेमाल करके ईरान पर कर रहा है उसके लिए वो इसकी इजाजत नहीं देगा अपने वायु सीमा की। अमेरिकी युद्धक विमान जैसा कि F1-15, F35, B52, अह स्ट्रेटोफोटेस और टैंकर विमान ट्रांस अटलांटिक रूट से ही जाते हैं। इसमें स्पेन का रोटा और मॉरेन बेस जो है बहुत महत्वपूर्ण स्ट्रेटेजिंग पॉइंट है। विमान यहां लैंड करते हैं, रिफ्यूलिंग करते हैं यानी कि ईंधन भरवाते हैं। फिर भूमध्य सागर पार कर मध्य पूर्व पहुंचते हैं। यह रूट पूर्वी अमेरिका से अटलांटिक महासागर पार करने का सबसे छोटा और कारगर रास्ता था। 24 मार्च को अमेरिकी सेंट्रल कमांड ने B52 विमानों की मिड एयर रिफ्यूलिंग की तस्वीरें पोस्ट की जो ऑपरेशन एपिक फ्यूरी का हिस्सा था। इससे साफ था कि अमेरिका ईरान पर हमले की तैयारी में है और B52 बॉम्बस का भी इस्तेमाल कर रहा है। इसे भी पढ़ें: Dubai Port के पास Kuwaiti Oil Tanker बना निशाना, हमले के बाद भीषण आग, खाड़ी में हाई अलर्ट जारीस्पेन ने अमेरिका को संयुक्त बेस इस्तेमाल करने से मना कर दिया। विदेश मंत्री स्पेन के जोस मैनुअल अल्बोरेस ने कहा कि बेस यूएन चार्टर और स्पेन अमेरिका समझौतों के बाहर किसी भी काम के लिए नहीं इस्तेमाल होगा। 30 मार्च 2026 को स्पेन ने फिर दोहराया कि ना तो हवाई क्षेत्र की अनुमति है ना बेस का इस्तेमाल। रक्षा मंत्री मार्गरीटा रोब्स ने कहा कि हम ना सैन्य ठिकानों का इस्तेमाल होने देने की अनुमति देते हैं। ना ही ईरान में युद्ध से संबंधित किसी काम के लिए हवाई क्षेत्र का अर्थव्यवस्था मंत्री ने रेडियो पर कहा है कि यह फैसला स्पेन की नीति का हिस्सा है। एकतरफा और अंतरराष्ट्रीय कानूनों के खिलाफ युद्ध में हिस्सा ना लेना। पीएम पेंड्रो साचेंज ने भी हमलों को लापरवाह और गैर कानानूनी पहले ही बताया है। अमेरिकी विमानों को अब जो है जर्मनी, इटली या पुर्तगाल के रास्ते जाना पड़ रहा है। रूट लंबा है, महंगा भी है। ट्रंप ने स्पेन के साथ व्यापार संबंध तोड़ने की धमकी दी। लेकिन इससे स्पेन डगमगाया नहीं। स्पेन की जो वामपंथी सरकार है सोशलिस्ट पार्टी के तहत जो है पेड्रोस चेंज का स्पष्ट रुख है कि अमेरिका इजराइल के एक तरफा हमलों का वो समर्थन नहीं करेगा।
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