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    अब इस युद्ध को खत्म करने का समय आ गया है': ट्रंप ने नेतन्याहू से कहा कि ईरान के साथ शांति समझौते पर 'कुछ ही दिनों में' हस्ताक्षर हो सकते हैं

    15 hours ago

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    एक्सियोस की रिपोर्ट के अनुसार, एक सीनियर अमेरिकी अधिकारी ने बताया है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इज़राइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू से कहा है कि ईरान के साथ कुछ ही दिनों में शांति समझौता हो सकता है। ट्रंप ने नेतन्याहू से फ़ोन पर बातचीत के दौरान कहा, यह डील है। यह एक बहुत अच्छी डील है और अब इस युद्ध को खत्म करने का समय आ गया है। यह बातचीत ऐसे समय में हुई है जब वॉशिंगटन और तेहरान, दोनों जगहों के अधिकारियों का कहना है कि समझौता होने के करीब है, हालांकि इसे अभी अंतिम रूप नहीं दिया गया है। अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार, नेतन्याहू को यह एहसास हो गया था कि वे ट्रंप को इस डील को आगे बढ़ाने से नहीं रोक सकते। बताया जाता है कि बातचीत के दौरान इज़राइली नेता ने ट्रंप से कहा कि उन्हें भरोसा है कि अंतिम समझौते में ईरान के परमाणु कार्यक्रम से जुड़ी चिंताओं का समाधान किया जाएगा। इसे भी पढ़ें: टूट गया भारत के सब्र का बांध, आधी रात फोन घुमाकर जयशंकर ने अमेरिका को डांटाक्या नेतन्याहू पर दबाव है?यह घटनाक्रम नेतन्याहू के पहले के रुख़ में एक बड़ा बदलाव दिखाता है। संघर्ष की शुरुआत से ही उनका तर्क था कि युद्ध से तेहरान में सत्ता परिवर्तन हो सकता है। अब, जब कुछ ही महीनों में चुनाव होने वाले हैं, उनके राजनीतिक विरोधियों ने उन पर आरोप लगाया है कि ट्रंप की शांति शर्तों को मानकर उन्होंने इज़राइल को एक "आश्रित देश" (vassal state) बना दिया है। अधिकारियों ने बताया कि नेतन्याहू ने इस हफ़्ते की शुरुआत में ईरान के ऊर्जा और बुनियादी ढाँचे के ठिकानों पर बड़े हमले करने की योजना बनाई थी, लेकिन ट्रंप ने आखिरी समय में इस कदम को रोक दिया। ट्रंप की इस सार्वजनिक घोषणा से नेतन्याहू हैरान रह गए कि एक समझौता हो चुका है। इसे भी पढ़ें: Gulf of Oman में भारतीयों की मौत पर भड़का India, Modi और Jaishankar का गुस्सा देखकर Trump व Marco Rubio सकते मेंइज़राइल की चिंताएँ क्या हैं?हालांकि इज़राइली नेताओं ने सार्वजनिक रूप से ट्रंप की आलोचना करने से परहेज किया है, लेकिन अधिकारी प्रस्तावित समझौते को लेकर संशय में हैं। एक चिंता यह है कि ईरान इस समझौते का इस्तेमाल तेल बेचकर अपनी अर्थव्यवस्था को स्थिर करने के लिए कर सकता है, जबकि अपने परमाणु कार्यक्रम पर ठोस रियायतें देने में देरी कर सकता है। इज़राइल के रक्षा मंत्री इज़राइल काट्ज़ ने कहा कि ट्रंप अमेरिकी हितों पर आधारित समझौता कर रहे हैं, लेकिन उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि इज़राइल को उम्मीद है कि ईरान के परमाणु कार्यक्रम, मिसाइलों और क्षेत्रीय प्रॉक्सी समूहों के संबंध में साझा सिद्धांतों की रक्षा की जाएगी। 
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