Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    फ्रेंच फुटबॉल की बदलती रवायत:खदानों के शहर से निकली ‘अंडरडॉग’ टीम आरसी लेन्स, सबसे अमीर क्लब पीएसजी को दे रही टक्कर

    8 hours ago

    2

    0

    यूरोपियन फुटबॉल में जब भी ताकत और पैसे की बात होती है, तो पीएसजी का नाम सबसे ऊपर आता है। कतर के सुल्तानों की दौलत और दुनिया के सबसे महंगे खिलाड़ियों से सजी यह टीम फ्रांस की लीग-1 पर राज करती है। लेकिन इस साल पीएसजी को चुनौती वह टीम दे रही है जिसे ‘मजदूरों का क्लब’ कहा जाता है। उत्तर फ्रांस के पूर्व खनन क्षेत्र से आने वाला आरसी लेन्स क्लब फुटबॉल की दुनिया में अंडरडॉग की नई परिभाषा लिख रहा है। लेन्स शहर कभी फ्रांस का प्रमुख खनन केंद्र हुआ करता था। क्लब का स्टेडियम दो पुरानी कोयला खदानों के ऊपर बना है। जब खदानें बंद हुईं, तो शहर ने भारी आर्थिक मंदी देखी, लेकिन फुटबॉल ने लोगों को जोड़े रखा। क्लब की परंपराएं अब भी उन मजदूरों को समर्पित हैं। जब भी कोई नया खिलाड़ी क्लब से जुड़ता है, उसे अनुबंध के साथ एक ‘माइनर्स लैंप’ (खदान में इस्तेमाल होने वाली लालटेन) दी जाती है। क्लब के जनरल डायरेक्टर बेंजामिन पैरट बताते हैं, ‘यह एक प्रतीक है। हम खिलाड़ियों को समझाते हैं कि यह लालटेन कभी मजदूरों का रास्ता रोशन करती थी और अब यही रोशनी खिलाड़ियों का मार्गदर्शन करेगी।’ हर मैच के दौरान स्टेडियम में ‘लेस कोरन्स’ गाना गूंजता है, जो खनन विरासत को श्रद्धांजलि देने वाला एक लोकप्रिय पॉप गीत है। लेन्स ने स्थानीय प्रशासन से अपना स्टेडियम खरीदा है ताकि आय के नए स्रोत विकसित किए जा सकें। क्लब का मॉडल अपनी एकेडमी से युवा प्रतिभाओं को तराशने और उन्हें बड़े क्लबों को बेचकर राजस्व जुटाने पर टिका है। पैरट कहते हैं, ‘जिस इलाके में बेरोजगारी की दर देश में सबसे ज्यादा है, वहां हम चाहते हैं कि आर्थिक रूप से जिम्मेदार बनें।’ लेन्स का उदय साबित करता है कि फुटबॉल केवल पैसों का खेल नहीं है। जहां एक ओर पीएसजी जैसे क्लब बड़े खिलाड़ियों को खरीदकर सफलता पाना चाहते हैं, वहीं लेन्स ने अपनी पहचान, वित्तीय अनुशासन, खदानों से मिली जुझारू मानसिकता को सबसे बड़ी शक्ति बनाया है। 30 हजार की आबादी वाले शहर का यह क्लब जब 38 हजार की क्षमता वाले स्टेडियम में खेलता है, तो वह केवल एक टीम नहीं, बल्कि एक पूरे क्षेत्र की उम्मीद बनकर उतरता है। मैदान पर प्रदर्शन - अनुभवी खिलाड़ियों और युवा जोश का मेल लेन्स की इस सफलता के पीछे उनके कोच पियरे सेज और अनुभवी खिलाड़ियों का बड़ा हाथ है। इस सीजन में फ्लोरियन थौविन क्लब के मुख्य चेहरा बनकर उभरे हैं। 33 साल के थौविन ने अब तक 10 गोल और 7 असिस्ट के साथ क्लब को वह आक्रामकता दी है, जिसकी उन्हें जरूरत थी। उनके साथ 28 वर्षीय ओडसन एडुआर्ड जैसे स्ट्राइकर ने टीम के आक्रमण को धार दी है। एडुआर्ड ने सीजन में सभी कॉम्पिटीशन में 13 गोल किए हैं और वे टीम के टॉप स्कोरर हैं।
    Click here to Read more
    Prev Article
    'सैंडल की हील्स से पिटाई, फाड़ दिए होंठ, खून से लथपथ जख्म...' दीक्षा ने हील मार-मारकर आकांक्षा को किया अधमरा, सनी लियोनी का फूटा गुस्सा
    Next Article
    Noida Protest LIVE Updates: एक साथ 40,000 से अधिक मजदूर सड़कों पर उतर आए, हिंसा पर पुलिस का बयान

    Related स्पोर्ट्स Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment