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    गैस की किल्लत, ₹900 वाला सिलेंडर ₹1800 में मिल रहा:सरकार बोली- रोजाना 50 लाख सिलेंडर बांट रहे; घबराहट में बुकिंग बढ़ी

    12 hours ago

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    अमेरिका-इजराइल की ईरान से जंग की वजह से देशभर में LPG की किल्लत हो गई है। गैस एजेंसियों के बाहर लम्बी लाइनें हैं। सिलेंडर की कालाबाजारी भी हो रही है। बिहार के कई शहरों में 1000 रुपए वाले घरेलू सिलेंडर के लिए ₹1800 रुपए तक वसूले जा रहे हैं। वहीं मध्य प्रदेश में 1900 का कॉमर्शियल सिलेंडर ₹4000 में बिक रहा है। उधर, कॉमर्शियल गैस सिलेंडर की सप्लाई पर रोक से होटलों और रेस्टोरेंट्स ने इंडक्शन पर खाना बनाना शुरू कर दिया है। इससे बाजार में इंडक्शन की डिमांड भी बढ़ गई है। जयपुर के जयंती बाजार, एसोसिएशन के अध्यक्ष सचिन गुप्ता ने बताया कि जयपुर में महीने के 2500 से 3000 इंडक्शन बिकते थे। इनकी डिमांड अब 50% तक बढ गई है। सरकार रोजाना 50 लाख सिलेंडर बांट रही; घबराहट में बढ़ी बुकिंग पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने कहा, "हम अपनी जरूरत की लगभग 60% LPG बाहर से मंगवाते हैं और इसका करीब 90% हिस्सा स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से आता है। स्थिति थोड़ी मुश्किल है, लेकिन सरकार घरेलू उपभोक्ताओं को सप्लाई सुनिश्चित करने के लिए हर संभव कोशिश कर रही है।" उन्होंने कहा, “हम हर दिन लगभग 50 लाख सिलेंडर डिलीवर करते हैं। डिस्ट्रीब्यूशन के स्तर पर फिलहाल कहीं भी किल्लत की कोई खबर नहीं है। लेकिन घबराहट की वजह से बुकिंग कई गुना बढ़ गई है। राज्य सरकारों से लाभार्थियों की लिस्ट तैयार करने को कहा है ताकि सिलेंडर की डिलीवरी प्राथमिकता के आधार पर की जा सके।” मध्य प्रदेश: ब्लैक में कॉर्मिशयल सिलेंडर ₹4000 में बिक रहा अभी मध्य प्रदेश में कॉमर्शियल सिलेंडर की कीमत 1,918 रुपए है, लेकिन भास्कर इस्वेस्टिगेशन में सामने आया कि भोपाल के बरखेड़ा पठानी में गैस एजेंसी पर खुलेआम इसे ₹4 हजार में बेचा जा रहा है। सरकार ने कालाबाजारी रोकने के लिए आवश्यक वस्तु अधिनियम को लागू किया है लेकिन कालाबाजारियों पर इसका असर नहीं पड़ा है। पूरी खबर पढ़ें… बिहार: ब्लैक में 1800 रुपए में मिल रहा घरेलू गैस सिलेंडर गैस सिलेंडर की किल्लत होने से 900 रुपए का घरेलू गैस सिलेंडर ब्लैक में 1700 से 1800 रुपए तक बेचा जा रहा है। कॉमर्शियल गैस सिलेंडर जिसकी सामान्य कीमत 1900 रुपए है, ब्लैक में इसके 5000 रुपए तक वसूले जा रहे हैं। पूरी खबर पढ़ें… उत्तर प्रदेश: ब्लैक में 1600 रुपए देने पर तुरंत मिल रहा सिलेंडर लखनऊ में दिन-दिनभर लाइन में खड़े रहने पर भी लोगों को सिलेंडर नहीं मिल पा रहा है। लोगों का दावा है कि इन सबके बावजूद 950 रुपए वाला सिलेंडर 1600 रुपए देने पर तुरंत मिल रहा है। कॉमर्शियल सिलेंडर भी 3500 रुपए में आसानी से उपलब्ध है। पूरी खबर पढ़ें… पंजाब: लोग सिलेंडर लेकर लाइनों में खड़े, फिर भी गैस नहीं मिल रही पंजाब में कॉमर्शियल सिलेंडर मिलने बंद हो गए हैं, जबकि घरेलू सिलेंडरों के लिए भी बुकिंग में समस्या आ रही है। जंग से पहले जहां घरेलू सिलेंडर घरों में डिलीवर होता था, अब हालात ये हैं कि लोग एजेंसियों के सामने सिलेंडर लेकर लाइनों में खड़े हैं। फिर भी उन्हें गैस नहीं मिल रही। जालंधर में लोग कॉमर्शियल सिलेंडर को ब्लैक में खरीदने को मजबूर हैं। यहां जो सिलेंडर पहले 1900 रुपए में मिलता था, वह अब 3500 रुपए का मिल रहा है। जबकि, सभी जिलों के प्रशासनिक अधिकारी बता रहे हैं कि LPG की कोई समस्या नहीं है। उनके पास गैस का भरपूर भंडारण है। पूरी खबर पढ़ें… राजस्थान: रेस्टोरेंट बंद कर कर्मचारियों को घर भेजा जा रहा होटल-रेस्टोरेंट में गैस का स्टॉक खत्म होने से बिजनेस ठप होने लगे हैं। चित्तौड़गढ़ में रेस्टोरेंट बंद कर कर्मचारियों को घर भेज दिया है। सवाई माधोपुर में भी रेस्टोरेंट बंद होने लगे हैं। जैसलमेर के सम में 150 रिसॉर्ट को बंद करने की तैयारी है। जयपुर में चाय की थड़ी, मिठाई की दुकानों और ढाबों पर कॉमर्शियल की जगह घरेलू सिलेंडर का उपयोग करने लगे हैं। कोटा में गैस सिलेंडर की कमी के चलते लकड़ी और कोयले की भट्‌ठी की मांग बढ़ गई है। मेस और हॉस्टलों के लिए 35 से 40 किलो वजन की भट्टियां बनाई जा रही हैं। पूरी खबर पढ़ें… उत्तराखंड: होटल-ढाबों के मेन्यू से 70% फूड आइटम गायब देहरादून और हल्द्वानी में व्यावसायिक गैस सिलेंडर की आपूर्ति प्रभावित होने से होटल, रेस्टोरेंट, ढाबा और ठेला संचालकों के सामने बड़ा संकट खड़ा हो गया है। सिलेंडर की कमी के कारण कई प्रतिष्ठानों ने अपने मेन्यू से करीब 70% फूड आइटम हटा दिए हैं, जबकि कई लोग वैकल्पिक इंतजाम में जुट गए हैं। पूरी खबर पढ़ें… वहीं तेल कंपनियों ने ग्रामीण इलाकों में घरेलू गैस सिलेंडर की बुकिंग का टाइम 45 दिन का कर दिया है। यानी जिस दिन सिलेंडर डिलीवर होगा, उसके 45 दिन बाद दूसरी बुकिंग की जाएगी। हालांकि शहरी क्षेत्र में अब भी 25 दिन की बुकिंग का प्रावधान है। जयपुर, अलवर, कोटा, भरतपुर, जोधपुर सहित कई जिलों में गैस एजेंसियों के बाहर लंबी-लंबी लाइन लगी हुई हैं। गैस की कालाबाजारी रोकने के लिए सरकार ने फूड डिपार्टमेंट के अधिकारी-कर्मचारियों की छुटि्टयां कैंसिल कर दी हैं। हरियाणा: LPG स्टॉक घटा, OTP नहीं आ रहा घरेलू सिलेंडरों की डिलीवरी पहले जो 1-2 दिन में हो जाती थी, अब एक हफ्ते तक इंतजार करना पड़ रहा है। हिसार, सोनीपत, फतेहाबाद, हांसी, पानीपत, कैथल, रेवाड़ी और फरीदाबाद में गैस एजेंसियों के बाहर लोगों की लंबी कतारें लगी हैं। पूरी खबर पढ़ें… तिरुपति मंदिर में गैस की सप्लाई जारी, रोजाना 4 लाख लड्डू बनते हैं तिरुमाला तिरुपति देवस्थानम (TTD) ने बताया कि मंदिर के 'लड्डू' और अन्नदानम किचन में कुकिंग गैस की सप्लाई में कोई रुकावट नहीं आई है। TTD तिरुमाला के विश्व प्रसिद्ध श्री वेंकटेश्वर स्वामी मंदिर का कामकाज देखता है। तिरुमाला में हर दिन औसतन करीब 4 लाख लड्डू तैयार किए जाते हैं। त्योहारों के दौरान यह संख्या बढ़कर 10 लाख तक पहुंच जाती है। अधिकारी ने बताया कि लड्डू बनाने और अन्नदानम यूनिट्स को मिलाकर रोजाना 10 टन से ज्यादा कुकिंग गैस की जरूरत पड़ती है। लड्डू और अन्नप्रसादम का काम बिना रुके चलता रहे, इसके लिए मंदिर के पास हमेशा एक हफ्ते का गैस बफर स्टॉक (एक्स्ट्रा कोटा) रहता है। लड्डू बनाने और मुख्य अन्नदानम केंद्र के लिए TTD पाइप्ड गैस (PNG) का इस्तेमाल करता है, जबकि बाकी अन्नदानम यूनिट्स में सिलेंडर इस्तेमाल किए जाते हैं। गिग वर्कर्स यूनियन ने ₹10,000 राहत की मांग की गिग एंड प्लेटफॉर्म सर्विस वर्कर्स यूनियन' (GIPSWU) ने कहा कि LPG की किल्लत के कारण जोमैटो और स्विगी जैसे ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर फूड डिलीवरी के ऑर्डर 50 से 60% तक कम हो गए हैं। इससे डिलीवरी पार्टनर्स और इस सेक्टर से जुड़े दूसरे वर्कर्स की कमाई पर संकट खड़ा हो गया है। यूनियन ने केंद्रीय श्रम मंत्री को पत्र लिखकर तुरंत दखल देने की मांग की है। साथ ही, प्लेटफॉर्म कंपनियों और तेल कंपनियों के साथ एक इमरजेंसी मीटिंग बुलाने की बात भी कही है। GIPSWU की मांगें संकट से निपटने सरकार ने 5 जरूरी कदम उठाए 1. हाई-लेवल कमेटी बनाई: संकट को देखते हुए पेट्रोलियम मंत्रालय ने तीन तेल कंपनियों के कार्यकारी निदेशकों की एक हाई-लेवल कमेटी बनाई है, जो सप्लाई की समीक्षा करेगी। 2. एसेंशियल कमोडिटी एक्ट लागू: गैस की सप्लाई को कंट्रोल करने के लिए केंद्र सरकार ने देशभर में 'एसेंशियल कमोडिटी एक्ट 1955' लागू कर दिया है। 3. 25 दिन बाद होगी LPG बुकिंग: घरेलू सिलेंडर की बुकिंग के नियमों में बदलाव किया है। उपभोक्ता एक सिलेंडर डिलीवर होने के बाद दूसरा सिलेंडर 25 दिन बाद ही बुक कर सकेंगे। 4. OTP और बायोमेट्रिक अनिवार्य: गैस की जमाखोरी रोकने के लिए डिलीवरी एजेंट OTP या बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन का सख्ती से इस्तेमाल कर रहे हैं। 5. LPG उत्पादन बढ़ाने का आदेश: सरकार ने सभी ऑयल रिफाइनरीज को LPG उत्पादन बढ़ाने का आदेश दिया था। सूत्रों का कहना है कि अब उत्पादन 10% बढ़ गया है। सप्लाई संकट की 2 वजह 1. होर्मुज स्ट्रेट का लगभग बंद होना भारत के लिए सबसे बड़ी चुनौती स्ट्रेट ऑफ होर्मुज का बंद होना है। ये करीब 167 किमी लंबा जलमार्ग है, जो फारस की खाड़ी को अरब सागर से जोड़ता है। ईरान जंग के कारण यह रूट अब सुरक्षित नहीं रहा है। खतरे को देखते हुए कोई भी तेल टैंकर वहां से नहीं गुजर रहा। दुनिया के कुल पेट्रोलियम का 20% हिस्सा यहीं से गुजरता है। सऊदी अरब, इराक और कुवैत जैसे देश भी अपने निर्यात के लिए इसी पर निर्भर हैं। भारत अपनी जरूरत का 50% कच्चा तेल और 54% एलएनजी इसी रास्ते से मंगाता है। ईरान खुद इसी रूट से एक्सपोर्ट करता है। 2. प्लांट पर ड्रोन हमले से LNG का प्रोडक्शन रुका पिछले हफ्ते अमेरिका-इजराइल ने ईरान पर स्ट्राइक की थी। इसके जवाब में ईरान ने UAE, कतर, कुवैत और सऊदी जैसे देशों में मौजूद अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाया है। ईरान के ड्रोन हमले के बाद भारत को गैस सप्लाई करने वाले सबसे बड़े देश कतर ने अपने LNG प्लांट का प्रोडक्शन रोक दिया है। इससे भारत में गैस की सप्लाई घट गई है। भारत अपनी जरूरत की 40% LNG (करीब 2.7 करोड़ टन सालाना) कतर से ही आयात करता है। कब तक सुधरेंगे हालात? इंडियन ऑयल के मुख्य महाप्रबंधक (LPG) के.एम. ठाकुर का कहना है कि ग्राहकों को घबराने की जरूरत नहीं है और घबराहट में सिलेंडर बुकिंग न करें। सरकार अब अमेरिका जैसे देशों से वैकल्पिक कार्गो मंगाने पर विचार कर रही है। वहीं, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर G7 देश अपने इमरजेंसी तेल भंडार से सप्लाई जारी करने पर चर्चा कर रहे हैं, ताकि ग्लोबल मार्केट में ऊर्जा संकट को कम किया जा सके। रूस और अल्जीरिया से भी अतिरिक्त कच्चा तेल आने की उम्मीद है। सरकार ने घरेलू गैस सिलेंडर के दाम ₹60 बढ़ाए सरकार ने घरेलू गैस सिलेंडर 60 रुपए महंगा कर दिया है। दिल्ली में 14.2 किलोग्राम की LPG गैस अब 913 रुपए की मिल रही है। पहले यह 853 रुपए की थी। बढ़ी हुई कीमतें 7 मार्च से लागू हो गई हैं। वहीं 19 किग्रा वाले कॉमर्शियल सिलेंडर के दाम 1 मार्च को 115 रुपए बढ़ाए गए थे। यह अब 1883 रुपए का मिल रहा है। ------------------------- ये खबर भी पढ़ें... देश में LPG की किल्लत, इंडक्शन की मांग बढ़ी: अमेजन में प्रोडक्ट की 30 गुना तक बिक्री, कई ई-कॉमर्स वेबसाइटों पर आउट ऑफ स्टॉक देश में एलपीजी की उपलब्धता की बढ़ती चिंता के बीच की ऑनलाइन शॉपिग प्लेटफॉर्म पर इंडक्शन की मांग अचानक बढ़ गई है। कई ई-कॉमर्स साइट्स पर ये प्रोडक्ट आउट ऑफ स्टॉक हो गया है। अमेजन, फ्लिपकार्ट और ब्लिंकिट जैसे प्लेटफॉर्म पर इंडक्शन के स्टॉक में खासी कमी देखने को मिल रही है। ब्लिंकिट पर तो लगभग सभी मॉडल आउट ऑफ स्टॉक दिख रहे हैं, जबकि अमेजन और फ्लिपकार्ट पर भी कुछ ही ब्रांड मिल रहे हैं। मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव और गैस सप्लाई पर असर के कारण कई शहरों में लोग एलपीजी सिलेंडर न मिलने से परेशान हैं। इसी वजह से बैकअप के तौर पर इंडक्शन कुकटॉप खरीद रहे हैं। पूरी खबर पढ़ें...
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    सरकार बोली- जरूरत की 60% LPG आयात करते हैं:90% होर्मुज स्ट्रेट के रास्ते आती है; रोज 50 लाख सिलेंडर की डिलीवरी, बुकिंग कई गुना बढ़ी
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