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    हत्या के प्रयास के दोषी को 10 वर्ष की सजा:फिरोजाबाद के जसराना थाना के वर्ष 2019 के मामले में कोर्ट का फैसला

    13 hours ago

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    फिरोजाबाद, 17 फरवरी 2026। जनपद में चलाए जा रहे "ऑपरेशन कन्विक्शन" अभियान के तहत जसराना थाना क्षेत्र के वर्ष 2019 के हत्या के प्रयास के एक मामले में अदालत ने आरोपी को 10 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही 1,10,000 रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सौरभ दीक्षित के निर्देश पर अपराधियों के विरुद्ध प्रभावी पैरवी की जा रही है। इसी क्रम में थाना जसराना में पंजीकृत मु.अ.सं. 141/2019 धारा 307 भादवि से संबंधित अभियुक्त रवेन्द्र सिंह उर्फ रवीन्द्र पुत्र लज्जाराम निवासी ग्राम नगला नथुआ को न्यायालय ने दोषी करार दिया। मामले की सुनवाई करते हुए माननीय विशेष न्यायाधीश दप्रक्षे कोर्ट-02 सर्वेश कुमार पाण्डेय ने आरोपी को दोषी पाते हुए 10 वर्ष के कारावास और कुल 1,10,000 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया। यह मामला 27 अप्रैल 2019 का है, जब वादी प्रशांत पुत्र योगेन्द्र कुमार यादव निवासी ग्राम नगला नथुआ ने जसराना थाने में तहरीर दी थी। तहरीर में बताया गया था कि ग्राम प्रधान रवेन्द्र उर्फ रवीन्द्र ने उनके पिता योगेन्द्र कुमार को गोली मारकर घायल कर दिया था। पुलिस ने धारा 307 भादवि के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की। मामले की जांच उपनिरीक्षक तजुआ खान द्वारा की गई। घटनास्थल निरीक्षण और साक्ष्य संकलन के आधार पर 7 अगस्त 2019 को आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया था। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए जसराना पुलिस और एसओजी/सर्विलांस टीम की दो टीमें गठित की गई थीं। संयुक्त कार्रवाई में आरोपी को गिरफ्तार कर कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई। इस मामले में प्रभावी पैरवी, साक्ष्यों के ठोस प्रस्तुतीकरण और मॉनिटरिंग सेल की सक्रिय भूमिका के कारण अदालत से सजा सुनिश्चित हो सकी। अभियुक्त को सजा दिलाने में विवेचक उपनिरीक्षक तजुआ खान, अभियोजक अवधेश कुमार शर्मा, पुलिस मॉनिटरिंग सेल और पैरवीकार हेड कांस्टेबल जगदीश तोमर की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि भविष्य में भी अपराधियों के विरुद्ध इसी तरह की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
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