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    जया किशोरी बोलीं–प्रेम या चांद, दूर से अच्छे लगते हैं:इंसान को भगवान न बनाएं; जौनपुर में राम आएंगे... गाया तो नाचने लगीं महिलाएं

    5 hours ago

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    'प्रेम हो या चांद, दूर से अच्छा लगता है। पास आते ही दाग नजर आने लगते हैं। समर्पण का लक्षण है कि एक भक्त कभी किसी को नीचा नहीं दिखाता। सच्चा सत्संगी विवाद का कारण नहीं बनता। भक्ति का मतलब सबको साथ लेकर चलना है।' ये बातें प्रसिद्ध कथावाचक जया किशोरी ने बुधवार को जौनपुर में कहीं। वह यहां कथा सुनाने आई थीं। उन्होंने कहा- बच्चों को अच्छे संस्कार देना बहुत जरूरी है। उन्हें जीवन में संतुलन बनाना सिखाएं। भक्ति भी करें और अपने कर्तव्यों का भी पालन करें। जया किशोरी ने कहा- आज के समय में लोग बहुत टिप्पणी करते हैं। इंसान की क्या बात करें, अब लोग भगवान को भी नहीं छोड़ते। भक्त जानता है कि ईश्वर की नकल नहीं की जा सकती। शास्त्र कहते हैं कि नकल नहीं करनी चाहिए, बल्कि उनकी लीलाओं से सीखना चाहिए। अगर नकल कर रहे हो, तो पूरी करो। भगवान शंकर ने विष पिया तो आप भी पीएं। कृष्ण ने गोवर्धन पर्वत उठाया तो आप भी उठाएं। बराबरी करनी हो तो पूरी करो, नहीं तो बिल्कुल न करो। कथा के दौरान जया किशोरी ने मेरी झोपड़ी के भाग्य खुल जाएंगे, राम आएंगे…भजन गाकर लोगों को मंत्रमुग्ध किया। इस दौरान महिलाएं पंडाल में नृत्य करने लगीं। कथा पंडाल में कैबिनेट मंत्री नंद गोपाल नंदी, पूर्व कैबिनेट मंत्री महेंद्र पांडेय, राज्यमंत्री गिरीश चंद्र यादव, राज्यसभा सांसद सीमा द्विवेदी, एमएलसी बृजेश सिंह प्रिंसु और पूर्व गृह राज्यमंत्री कृपा शंकर सिंह समेत नेता और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। पहले देखिए 2 तस्वीरें… पढ़िए जया किशोरी में कथा में जो कुछ कहा सनातन अंधविश्वास नहीं सिखाता जया किशोरी ने कहा- सनातन धर्म आंखों पर पट्टी बांधना नहीं सिखाता, न ही अंधविश्वास सिखाता है। हर व्यक्ति को मर्यादा के साथ सवाल करना चाहिए। जिज्ञासु व्यक्ति को प्रश्न पूछकर ज्ञान लेना चाहिए। सबसे बड़ी गलती यह है कि इंसान को भगवान बना दिया जाता है। जब-जब हमने इंसान को भगवान बनाया, तब-तब गलतियां हुईं। जब किसी व्यक्ति में भगवान का भाव आ जाता है, तो वह गलत करने लगता है। गुरु का काम है भगवान से जोड़ना गुरु से मिलने के बाद भक्ति बढ़नी चाहिए। गुरु का काम ही है भगवान से जोड़ना। शास्त्र बताते हैं कि भगवान ने 24 अवतार लिए हैं। जब समय, परिस्थितियां और दुनिया बदलती है, तो भगवान अलग-अलग रूप में अवतार लेते हैं। जब बुजुर्ग कहते हैं कि हमारे समय में यह था, लेकिन आज नहीं है। तो उन्हें भी समय के साथ खुद में बदलाव लाना होगा। भगवान श्रीराम सिखाते हैं कि हमें मर्यादा में कैसे रहना चाहिए? दुनिया के साथ चलना है, तो हर व्यक्ति को समय के साथ बदलना चाहिए। सबसे सुंदर अवतार कृष्ण अवतार को माना गया है। भगवान कृष्ण ने बचपन, युद्ध, प्रेम और ज्ञान, सभी का संदेश दिया है। सच्चे भक्त में अहंकार नहीं आता जया किशोरी ने कहा- ज्ञान होने पर अहंकार आ सकता है, लेकिन सच्चे भक्त में अहंकार नहीं होता। अगर किसी भक्त के भीतर अहंकार आ जाए, तो वह सच्चा भक्त नहीं रह जाता। भक्ति में अटूट विश्वास होना चाहिए। इंतजार करने से भगवान जरूर मिलते हैं। शबरी ने इतना सब्र किया, अंत में भगवान राम मिले। परिस्थितियां चाहे जैसी हों, भगवान साथ देते हैं। मनुष्य को हमेशा वही याद रहता है, जो उसके काम का नहीं होता। कर्मों का नतीजा है दंड जब किसी व्यक्ति को दंड मिलता है, तो उसे यह समझना चाहिए कि यह उसके कर्मों का नतीजा है। बुरे समय में घबराने की जगह उससे निकलने का रास्ता खोजने की कोशिश करनी चाहिए। हर व्यक्ति के जीवन में कुछ न कुछ दुख रहता है। तीर्थस्थलों पर मनोरंजन के लिए न जाएं जया किशोरी ने कहा- घर के मंदिर से ज्यादा महत्व उन स्थानों का होता है, जहां भगवान ने जन्म लिया और अपनी लीलाएं कीं। वही स्थान सबसे बड़े तीर्थस्थल माने जाते हैं। तीर्थस्थलों पर मनोरंजन के लिए नहीं, दर्शन के लिए जाना चाहिए, जिससे जीवन धन्य हो सके। भगवान की भक्ति केवल एकांत में ही नहीं, संसार से जुड़े रहते हुए भी की जा सकती है। ईश्वर अपने भक्तों में कभी भेदभाव नहीं करते ईश्वर को प्राप्त करने के कई मार्ग हैं, लेकिन लक्ष्य सही होना जरूरी है। ईश्वर अपने भक्तों में कभी भेदभाव नहीं करते। भगवान को याद करने में कितना समय लगा, यह मायने नहीं रखता। महत्वपूर्ण यह है कि मन कितनी श्रद्धा और एकाग्रता से जुड़ा है। अगर भगवान से डरकर भक्ति की जाए, तो मन में दंड का भय बना रहता है। लेकिन अगर प्रेम और सच्चे भाव से भक्ति की जाए, तो जीवन में सुख और शांति मिलती है। इससे पहले जया किशोरी बुधवार शाम करीब 5 बजे जौनपुर पहुंचीं। वह व्यापारी अमित कुमार अग्रहरी के घर पर करीब 15 मिनट तक रुकीं। इसके बाद सिद्धीकपुर स्थित राजहंस रिसॉर्ट में आयोजित कार्यक्रम में पहुंचीं। यहां उन्होंने संगीतमय ठाकुरजी (भगवान श्रीकृष्ण) की कथा का शुभारंभ किया। ---------------------------- यह खबर भी पढ़ें…. बदला लेने के लिए भाजपा नेता की हत्या हुई थी:गोरखपुर में CCTV से पकड़े गए हत्यारोपी; भतीजे ने मारपीट की थी गोरखपुर में मॉर्निंग वॉक पर निकले भाजपा नेता राजकुमार चौहान की हत्या का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। एसएसपी डॉ. कौस्तुभ के अनुसार, दो डंपर चालकों ने वारदात को अंजाम दिया। आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि दो महीने पहले भाजपा नेता के भतीजे ने उनके साथ मारपीट की थी। उस वक्त भाजपा नेता ने भतीजे का पक्ष लिया था। भतीजा उनके दम पर रौब गांठता था, इसलिए बदला लेने के लिए वारदात को अंजाम दिया। पढ़ें पूरी खबर…
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