Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    पंजाबी युवती ने कनाडा पुलिस से मांगा ₹558 करोड़ हर्जाना:बोली- इनकी वजह से माता-पिता मरे, मुझे 13 गोलियां लगीं; हमलावरों ने ड्रग सप्लायर समझा था

    16 hours ago

    1

    0

    पंजाबी युवती ने अपने माता-पिता की हत्या के मामले में कनाडा पुलिस पर 558.4 करोड़ रुपए के हर्जाने का केस किया है। युवती का कहना है कि उसके पेरेंट्स की हत्या पुलिस की लापरवाही के चलते हुई है। 3 साल पहले जसप्रीत कौर सिद्धू (31) के माता पिता अमृतसर से कनाडा के ओंटारियो बच्चों से मिलने आए थे। 20 नवंबर 2023 को जिस घर में वो ठहरे, वहीं कुछ हमलावरों ने जगतार सिद्धू और हरभजन सिद्धू की गोली मारकर हत्या कर दी थी। जसप्रीत को भी 13 गोलियां लगी थीं। अब जसप्रीत कौर ने कोर्ट में 20 मई 2026 को वकील फ्रेडरिक शूमान के जरिए कनाडा पुलिस पर केस किया है। आरोप लगाया कि पुलिस ने परिवार को किसी भी खतरे के बारे में नहीं बताया था और वहां रहने के लिए क्लीन चिट दी थी। जबकि हत्या से 4 दिन पहले ही घर का विजिट भी किया था। उधर, पुलिस का कहना है कि ये सब गलती से ये हुआ है। जसप्रीत सिद्धू ने रोते हुए बताया- मुझे उस रात की याद है मेरे माता-पिता की मेरी आंखों के सामने हत्या कर दी। पिता को मेरे सामने गोली मारी गई। मैंने अपनी मां की आखिरी चीखें सुनीं। इसके बाद सिर्फ गोलियों की आवाजें गूंज रही थीं। युवती ने क्यों मांगा 558 करोड़ रुपए हर्जाना मुकदमे में जसप्रीत कौर सिद्धू ने दावा किया कि हमलावरों ने उसे भी 13 गोलियां मारीं थी, जिसके बाद महीनों अस्पताल में बिताए और वह अभी भी उन चोटों से उबर नहीं पा रही हैं, जो अपने माता-पिता को खोने से मिली हैं। जसप्रीत कौर ने बताया कि उसे कंधे से लेकर पैरों तक बार-बार गोलियां मारी गईं और उनकी जान बचाने के लिए 18 घंटे लंबा ऑपरेशन चला। उनके गले और पेट में लगी गोलियों के कारण वे कुछ समय तक बोल नहीं पाईं। जसप्रीत ने कहा कि एक गोली जिसे निकाला नहीं जा सका, वह अभी भी उनकी रीढ़ के पास फंसी है। इस गोलीबारी के बाद से वह काम करने में असमर्थ हैं। वह नसों के डैमेज होने से चलने-फिरने में असमर्थ हैं और गंभीर मानसिक तनाव से गुजर रही हैं। सिद्धू परिवार की ओर से वकील फ्रेडरिक शूमान ने कहा कि यह मामला पुलिस को उनकी जवाबदेही का अहसास कराने के लिए है। दूसरे युवक को ढूंढते आए थे आरोपी दरअसल, 20 नवंबर 2023 को कनाडा में जसप्रीत अपने माता-पिता के साथ जिस घर में ठहरी थीं, वहां हमलावर किसी बॉबी नामक शख्स को ढूंढते हुए आए थे। हमलावरों ने तीनों को गोली मार दी। जिसमें जसप्रीत के माता-पिता की मौत हो गई थी। जबकि जसप्रीत घायल हो गई। अक्टूबर 2024 में कैलिफोर्निया के सेंट्रल डिस्ट्रिक्ट के अमेरिकी अटॉर्नी कार्यालय की तरफ से आरोप लगाया गया कि कनाडाई गैंगस्टर रायन वेडिंग और उसके सहयोगी एंड्रयू क्लार्क ने कथित तौर पर दक्षिणी कैलिफोर्निया से होकर निकलने वाली ड्रग्स की चोरी हुई खेप का बदला लेने के लिए बॉबी नामक युवक को मारने के आदेश दिए थे। इसी बॉबी की खोज करते हुए हमलावर पंजाबी दंपति के घर पहुंचे और गोलियां चला दीं। जसप्रीत ने कहा कि उस दिन आधी रात से ठीक पहले पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और उन्होंने जगतार सिद्धू को मृत पाया, जबकि उनकी पत्नी घायल थीं, जिन्होंने बाद में अस्पताल में दम तोड़ दिया। मुझे भी 13 गोलियां लगी थीं, लेकिन वह जीवित बच गईं। अब वह और उनके भाई गुरदित सिंह सिद्धू ने खतरे की चेतावनी न देने के लिए पील रीजनल पुलिस (PRP) से 80 मिलियन कनाडाई डॉलर (लगभग 558 करोड़ रुपए) के हर्जाने की मांग की है। 4 दिन पहले पुलिस ने घर विजिट किया था स्टेटमेंट ऑफ क्लेम में भाई-बहन ने तर्क दिया है कि पील पुलिस को इस गंभीर खतरे के बारे में पता होना चाहिए था, क्योंकि यह मामला कनाडाई गैंगस्टर रायन वेडिंग के एक सहयोगी से जुड़ा था। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ने न तो इस मामले की सावधानीपूर्वक जांच की और न ही परिवार को इसकी जानकारी दी। मुकदमे में कहा गया कि यह पूरी तरह से स्पष्ट था कि पीड़ितों को चेतावनी न देने का नतीजा उनकी मौत का कारण बन सकता था। पुलिस ने कहा- उन्हें खतरे के बारे में कुछ पता नहीं दूसरी तरफ पील पुलिस ने अपने बचाव में कहा कि उनके पास ऐसी कोई जानकारी नहीं थी, जिससे यह संकेत मिले कि उस पते पर रहने वाले किसी निवासी को जान का खतरा था। बाद में यह बात सामने आई कि वह पता बॉबी नामक एक व्यक्ति से जुड़ा था, जिसके घर को पहले भी एक गोलीबारी में निशाना बनाया गया था। उत्तरी अमेरिकी ड्रग गैंग के सरगना रायन वेडिंग को इस मामले में जनवरी 2026 में मैक्सिको से गिरफ्तार किया गया था। सिद्धू दंपति की हत्या की जांच ओंटारियो प्रांतीय पुलिस (OPP) की कैलेडन टुकड़ी द्वारा की गई थी।घटना के एक महीने बाद उन्हें पीड़ितों के रूप में पहचाना गया था। ओंटारियो पुलिस ने बाद में कहा कि सिद्धू परिवार हमलावरों का असली निशाना नहीं था। ------------------ यह भी पढ़ें- कनाडा में पंजाबी स्टूडेंट्स बने लॉरेंस-बंबीहा गैंग के टूल:FINTRAC का खुलासा; 300 स्टूडेंट्स संदिग्ध, खातों से रंगदारी-आतंकी फंडिंग का बड़ा खेल कनाडा की वित्तीय खुफिया एजेंसी फाइनेंसियल ट्रांजिक्शन एंड रिपोर्ट एनालाइसिस सेंटर ऑफ कनाडा (FINTRAC) ने एक अहम रिपोर्ट जारी की है। रिपोर्ट में लॉरेंस विश्नोई और बंबीहा गैंग का जिक्र किया गया है। रिपोर्ट के मुताबिक ये दोनों गैंग पंजाब व हरियाणा के युवाओं को कनाडा में ‘हथियार’ के तौर पर इस्तेमाल कर रहे हैं। पढ़ें पूरी खबर…
    Click here to Read more
    Prev Article
    आतंकी हमजा बुरहान की हत्या का आरोपी हथियार समेत गिरफ्तार:2 संदिग्ध फरार; पुलवामा हमले में शामिल था बुरहान, इस्लामाबाद में सुपुर्द-ए-खाक हुआ
    Next Article
    अमेरिकी पुलिस गुरुद्वारे में जूते पहनकर घुसी, VIDEO:सिर भी नंगा; गोलक को लेकर हुआ था झगड़ा; SGPC बोली- दोषियों पर कार्रवाई हो

    Related विदेश Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment