Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    उत्तरकाशी के Kedartal Trek पर लापता 8 लोगों की खोज में SDRF भेजेगा अतिरिक्त बल

    54 minutes from now

    1

    0

    उत्तरकाशी/देहरादून, तीन नवंबर उत्तराखंड के उत्तरकाशी जिले में केदारताल ट्रैक पर सात ट्रैकर्स समेत आठ लापता लोगों की तलाश मंगलवार को पांचवें दिन भी जारी है, वहीं बर्फीले तूफान और दुर्गम रास्तों के बीच अभियान को मजबूती देने के लिए राज्य आपदा प्रतिवादन बल (एसडीआरएफ) अतिरिक्त जवान भेजने की तैयारी कर रहा है। उत्तराखंड पुलिस के एसडीआरएफ और नेहरू पर्वतारोहण संस्थान (एनआईएम) के कर्मी लापता लोगों की तलाश में जुटे हैं। इस बीच, लापता लोगों की सुरक्षा और कुशलक्षेम को लेकर चिंता बढ़ती जा रही है।एसडीआरएफ के अधिकारियों ने बताया कि तलाश अभियान में पहले से जुटे दल की मदद के लिए पांच से छह अतिरिक्त जवानों को मंगलवार को देहरादून से केदारखड़क क्षेत्र भेजे जाने की संभावना है। एसडीआरएफ के कमांडेंट अर्पण यदुवंशी ने पीटीआई-भाषा को बताया, दल लापता ट्रैकर की तलाश कर रहे हैं, लेकिन बर्फीले तूफान समेत बेहद खराब मौसम के कारण बचाव अभियान में काफी मुश्किल हो रहा है। हम मंगलवार शाम या बुधवार तक एसडीआरएफ के पांच-छह अतिरिक्त जवानों को मदद के लिए भेजने की योजना बना रहे हैं।उन्होंने बताया कि हिमस्खलन के कारण केदारखड़क जाने वाला रास्ता अवरुद्ध हो गया है, जिससे बचाव दल के लिए पैदल वहां पहुंचना संभव नहीं हो पा रहा है। ऐसे में कर्मियों को हेलीकॉप्टर से वहां पहुंचाया जा रहा है। यदुवंशी ने कहा, यह बेहद कठिन अभियान है, क्योंकि करीब 4,000 मीटर की ऊंचाई पर अत्यंत जोखिम भरी परिस्थितियों में तलाश की जा रही है।मंगलवार सुबह सात बजे अभियान फिर शुरू हुआ, लेकिन अब तक लापता ट्रैकर का कोई सुराग नहीं मिला है। उत्तरकाशी जिला आपदा प्रबंधन कार्यालय के अनुसार, सुबह साढ़े सात बजे बचाव दल से मिली सूचना में बताया गया कि मौसम में सुधार के बाद अभियान दोबारा शुरू कर दिया गया है। एसडीआरएफ ने सोमवार शाम बताया था कि करीब 4,000 मीटर की ऊंचाई पर एक तंबू और कुछ अन्य सामान मिला है।इस बीच, गंगोत्री राष्ट्रीय उद्यान और उत्तरकाशी वन प्रभाग ने मौसम में सुधार होने तक 4,000 मीटर या इससे अधिक ऊंचाई वाले ट्रैक के लिए परमिट जारी करना बंद कर दिया है। प्रभागीय वन अधिकारी जीवन मोहन डगाडे ने कहा, मौसम अनुकूल नहीं होने के कारण फिलहाल 4,000 मीटर से अधिक ऊंचाई वाले ट्रैक के लिए परमिट जारी नहीं किए जा रहे हैं। मौसम में सुधार होने के बाद परमिट जारी किए जाएंगे।यह प्रतिबंध अगले आदेश तक लागू रहेगा। लमखागा दर्रा और त्रिखंटा ट्रैक भी 4,000 मीटर से अधिक ऊंचाई पर स्थित मार्गों में शामिल हैं। गंगोत्री राष्ट्रीय उद्यान के उपनिदेशक मयंक कुमार ने कहा, 29 अक्टूबर को हुई बर्फबारी के बाद गौमुख-तपोवन ट्रैक पर काफी बर्फ जमा हो गई है।सुरक्षा कारणों से इस मार्ग पर आवाजाही प्रतिबंधित कर दी गई है। इसके अलावा केदारताल, कालिंदी खाल और उदनकोल जैसे स्थानों के लिए नए परमिट जारी नहीं किए जा रहे हैं। अधिकारियों के अनुसार, 27 अक्टूबर को सात ट्रैकर्स और छह सहायक कर्मचारियों समेत 13 लोगों का दल गंगोत्री से केदारताल ट्रैक के लिए रवाना हुआ था।उन्हें 29 अक्टूबर को वापस लौटना था, लेकिन खराब मौसम, बर्फबारी और रास्ते में ग्लेशियर के कारण उनकी वापसी नहीं हो सकी। तीस अक्टूबर को ट्रैकिंग एजेंसी ने कुलियों और गाइडों का एक दल भेजा था, जिसने करीब छह किलोमीटर तक रास्ता साफ किया। जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र ने शनिवार को बताया था कि चार लोगों को सुरक्षित ढूंढ लिया गया है, जबकि हिमस्खलन के बाद आठ लोग भोजखड़क से आगे फंसे हुए हैं।राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) के 10 सदस्यीय दल ने 31 अक्टूबर को उत्तरकाशी से गंगोत्री के लिए रवाना होकर बचाव अभियान में हिस्सा लिया था। इसके अलावा वन विभाग के दो कर्मियों, ट्रैकिंग एजेंसी के सात सदस्यों और एसडीआरएफ के छह कर्मियों के दल को भी केदारताल की ओर भेजा गया था। अधिकारियों ने बताया कि गंगोत्री से एसडीआरएफ का एक दल एक नवंबर को केदारताल क्षेत्र में स्थिति का जायजा लेने पहुंचा था, लेकिन भारी बर्फबारी और प्रतिकूल मौसम के कारण अभियान प्रभावित हुआ।
    Click here to Read more
    Prev Article
    Amit Shah की Parliament बहस की चुनौती पर Jairam Ramesh बोले, पहले रोकें परिसीमन
    Next Article
    पीलीभीत में वोटर लिस्ट गड़बड़ी पर दो पूर्व SDM और ऑपरेटर पर BNS धारा 198 दर्ज

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment