Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    वाराणसी जिला अस्पताल में डॉक्टर-डॉक्टर चिल्लाते मरीज की तड़पकर मौत:ट्यूबर क्लॉसिस पीड़िता नर्स से रोई-गिड़गिड़ाई, परिजनों के हंगामे पर जांच टीम बनाई

    2 hours ago

    1

    0

    वाराणसी के हजारों मरीजों की पहली आस जिला अस्पताल में सोमवार को महिला ने बेड पर तड़पकर दम तोड़ दिया। ट्यूबर क्लॉसिस रोग से पीड़ित महिला बेड पर डॉक्टर-डॉक्टर पुकारती रही। दर्द से तड़पती रही और छटपटाते हुए चीखती रही। ड़यूटी पर तैनात नर्स से गुहार लगाई लेकिन उसने एक ना सुनी। घंटों तक इलाज के अभाव में पीड़िता ने दम तोड़ दिया। इसके बाद जब महिला अचेत हो गई तो नर्स ने डॉक्टरों को सूचना दी। पहले अस्पताल प्रशासन मामले को नैचुरल मौत बताकर पल्ला झाड़ना चाहता था लेकिन परिजनों के आक्रोश और हंगामे के बाद जांच कमेटी बनाई गई, जो पूरे मामले की रिपोर्ट देगी। सोमवार की सुबह पांडेयपुर में पंडित दीनदयाल उपाध्याय अस्पताल के एनआरसी वार्ड में टकटकपुर निवासी गुड़िया चौहान (20) की मौत हो गई। उसे कुछ दिन पहले ही इलाज के लिए भर्ती किया गया था। गुड़िया को एक दिन पहले ही ट्यूबर क्लॉसिस की शिकायत पर अस्पताल के बेड नंबर 1 पर भर्ती कराया गया था। परिजनों का आरोप है कि गुड़िया की तबीयत बिगड़ने लगी तो वहां मौजूद स्टाफ को बार-बार सूचित किया गया, लेकिन समय रहते इलाज नहीं मिल सका। उसकी जान चली गई। परिजनों का सीधा आरोप वार्ड में तैनात नर्स गीता मौर्य पर है। नर्स को स्थिति की गंभीरता के बारे में बताया गया, लेकिन उन्होंने इमरजेंसी ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर को समय से सूचना नहीं दी। परिजनों का कहना है कि जब महिला की मौत हो गई तब सुबह सात बजे डॉक्टर को फोन किया। महिला की मौत के बाद दो घंटे हंगामा हुआ। हंगामे की सूचना मिलते ही मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. आरएस राम और चिकित्सा अधीक्षक डॉ. प्रेम प्रकाश आनन-फानन पहुंचे। अधिकारियों ने परिजनों को समझा-बुझाकर शांत कराया और निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया। अस्पताल में अफरातफरी रही। वरिष्ठ अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद नियंत्रित किया गया। सीएमएस डॉ. प्रेम प्रकाश ने पांच सदस्यीय जांच टीम गठित करने के निर्देश दिए हैं। कहा कि वार्ड के सीसीटीवी फुटेज की गहनता से जांच की जाएगी। जांच में किसी भी स्तर पर नर्स या डॉक्टर की लापरवाही पुष्ट होती है तो संबंधित कर्मचारी के विरुद्ध कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
    Click here to Read more
    Prev Article
    वाराणसी में शार्ट-सर्किट से दुकान में आग से अफरा-तफरी:चेतगंज पुलिस ने खाली कराया सामान, फायर ब्रिगेड ने पाया काबू
    Next Article
    पिता का नाम बदलकर पाई मृतक आश्रित की नौकरी:29 साल से उठा रहा था वेतन, 8वीं की टीसी का सत्यापन तो खुली पोल

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment