Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    वाराणसी-औड़िहार के बीच 497.07 करोड़ से बिछेगा तीसरा रेलवे ट्रैक:रेलमंत्री ने नए प्रोजेक्ट को दी स्वीकृति, 31.36 KM पर प्रतिवर्ष बढ़ेगा 1.99 मीलियन टन माल भाड़ा

    1 hour ago

    1

    0

    वाराणसी सिटी से औड़िहार होकर गुजरने वाली रेल लाइन अब डबल लाइन नहीं बल्कि ट्रिपल लाइट रूट बनेगी। मंडल में विशेष ट्रिपलिंग रूट में शामिल होने वाली इस लाइन को 31.36 किलोमीटर बनाया जाएगा, जो पूरी तरह से इलेक्ट्रिफिकेशन के बाद कीर्तिमान स्थापित करेगी। वाराणसी सिटी से औड़िहार तक लाइन 497.07 करोड़ की लागत से तीसरा रेलवे ट्रैक का रूप लेगी। रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव की ओर से स्वीकृति के बाद तीसरे रेलवे ट्रैक बिछने से नई गाड़ियों के संचालन की राह खुलेगी। साथ ही ट्रेनों की स्पीड में भी वृद्धि होगी। नए रेलवे ट्रैक की लंबाई 31.36 किलोमीटर होगी। वाराणसी रेलमंडल में औड़िहार जनपद का एक प्रमुख रेलवे जंक्शन है, अब तक औड़िहार जंक्शन व वाराणसी सिटी के बीच दो रेलवे ट्रैक हैं। ट्रेनों के दबाव के कारण यह नाकाफी साबित होता रहा और डीआरएम की ओर से रेलवे बोर्ड और रेल मंत्रालय को इसके ट्रिपलिंग का प्रस्ताव भेजा गया था। बताया गया कि लंबे समय से औड़िहार-वाराणसी सिटी रेलखंड के बीच नए रेलवे ट्रैक बिछाने की जरूरत महसूस हो रही है। पूर्वोत्तर रेलवे वाराणसी मंडल के प्रस्ताव पर रेल मंत्रालय ने रिपोर्ट मांगी और औड़िहार जंक्शन पर ट्रेनों के दबाव को देखते हुए रेल मंत्रालय की ओर से नए रेलवे ट्रैक बिछाने की स्वीकृति दे दी गई है। औड़िहार-वाराणसी दोहरी लाइन खंड पर बड़ी संख्या में यात्री एवं माल गाड़ियों का संचालन भी होता है। औड़िहार-वाराणसी दोहरी लाइन खण्ड पर बड़ी संख्या में दरभंगा, रक्सौल, जयनगर, छपरा, गया, टाटानगर, कोलकाता, मऊ, गोरखपुर, बलिया, आजमगढ़, गाजीपुर, प्रयागराज, लखनऊ, कानपुर, दुर्ग, पुणे, मुम्बई, गोंदिया, गुवाहाटी, नई दिल्ली आदि शहरों के लिए ट्रेनों का आवागमन होता है। जिसके कारण इस मार्ग पर तीसरी लाइन की मांग थी, अब इस तीसरी लाइन का निर्माण हो जाने पर गाड़ियों का डिटेन्सन को रोका जा सकेगा, जिससे रेल राजस्व की बचत हो सकेगी तथा यात्रियों को बेहतर सुविधा मिलेगी। इस खण्ड से पूर्वी एवं पूर्वोत्तर भारत हेतु अतिरिक्त गाड़ियों का संचलन हो सकेगा। पूर्वी उत्तर प्रदेष के वाराणसी एवं गाजीपुर जनपदों के विकास में तेजी आयेगी। तीसरी लाइन के रूट पर ही मेमू शेड भी है। इस तीसरी लाइन निर्माण परियोजना के फलस्वरूप इस खंड की लाइन क्षमता में वृद्धि होगी, जिससे दोनों तरफ से अतिरिक्त यात्री गाड़ियों का संचलन हो सकेगा तथा प्रति वर्ष 1.99 मीलियन टन माल का अतिरिक्त ट्रैफिक मिलेगा। इसके कारण रेल राजस्व में वृद्धि होगी।
    Click here to Read more
    Prev Article
    बांग्लादेश चुनाव- BNP को बहुमत मिला, 159 सीटें जीतीं:तारिक रहमान का अगला पीएम बनना तय; जमात गठबंधन की 45 सीटों पर जीत
    Next Article
    Bangladesh Election Results 2026 LIVE Updates: बहुमत की ओर बढ़ रही है BNP, 127 सीटों पर दर्ज की जीत

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment