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    गाजियाबाद में 2 साल की बेटी-मां फंदे से लटकी मिलीं, जांच में जुटी पुलिस

    गाजियाबाद के खोड़ा इलाके से बेहद संदिग्ध मामला सामने आया है. भारत नगर में शुक्रवार शाम एक महिला और उसकी दो साल की बेटी के शव फ्लैट के अंदर फंदे से लटके मिले. दोनों को सबसे पहले महिला की करीब 10 साल की भांजी ने खिड़की से देखा. बच्ची ने अंदर का मंजर देखा तो चीख पड़ी, जिसके बाद लोग मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचना दी. पुलिस ने महिला के पति को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है.

    हनुमान अंश की कमाई पर लगा सेंध, 'द वन' का कमाल-पैराडाइज का बुरा हाल

    25 सितंबर को बॉक्स ऑफिस पर कई सारी फिल्में रिलीज हुईं, जिसकी वजह से 50 दिनों से चली आ रही हनुमान अंश को भी नुकसान पहुंचा है. फिल्म की कमाई पर असर पड़ा है. वहीं सिद्धार्थ मल्होत्रा की द वन ने बढ़िया शुरुआत की है. बॉक्स ऑफिस पर साउथ के नानी का बुरा हाल देखने मिला है.

    UN में 23 मिनट बोलते रहे शहबाज, भारतीय डिप्लोमैट की 10 सेकंड की हंसी ने मेहनत पर फेरा पानी

    Pakistan UNGA: संयुक्त राष्ट्र महासभा में पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने 23 मिनट का भाषण दिया. इस भाषण में शहबाज ने पाकिस्तान की ऑपरेशन सिंदूर के दौरान कथित जीत और ट्रंप के हस्तक्षेप का दावा किया. लेकिन इस दौरान भारतीय राजनयिक आर. श्रीनिवास का हंसते हुए वीडियो सामने आया. यह भारत की ओर से पाकिस्तान को एक खामोश जवाब है. 10 सेकंड के वीडियो में शहबाज के दावों की पोल खोलकर रख दी.

    UNSC में UNHCR प्रमुख Barham Salih की अपील, संघर्ष रोकें ताकि 11.7 करोड़ विस्थापित लौट सकें घर

    संयुक्त राष्ट्र में शरणार्थी मामलों के प्रमुख बरहम सालेह ने दुनियाभर के देशों से आग्रह किया कि वे संघर्षों और संकटों को समाप्त करने पर ध्यान केंद्रित करें ताकि अपने घर छोड़ने के लिए मजबूर 11.7 करोड़ से अधिक लोग घर वापस लौट सकें और उनकी भावी पीढ़ियों को विस्थापित होकर किसी दूसरे देश में न रहना पड़े। सालेह ने पिछले साल दिसंबर में शरणार्थियों के लिए संयुक्त राष्ट्र उच्चायुक्त चुने जाने के बाद सुरक्षा परिषद को पहली बार संबोधित किया। उन्होंने 15 सदस्यों वाली परिषद से कहा कि उन पर (सदस्य देशों पर) ‘‘शांति कायम करने में मदद करने की विशेष जिम्मेदारी’’ है।वर्ष 2018 से 2022 तक इराक के राष्ट्रपति रहे सालेह स्वयं भी शरणार्थी रह चुके हैं। उन्होंने संयुक्त राष्ट्र की वार्षिक महासभा से इतर आयोजित सुरक्षा परिषद की बैठक में कहा कि संयुक्त राष्ट्र शरणार्थी उच्चायुक्त कार्यालय (यूएनएचसीआर) जैसे मानवीय सहायता संगठनों के कर्मी संघर्षों के दुष्परिणामों से हर दिन निपटते हैं, लेकिन वे शांति स्थापित नहीं कर सकते। उन्होंने कहा कि संयुक्त राष्ट्र चार्टर के तहत यह जिम्मेदारी अंतरराष्ट्रीय शांति एवं सुरक्षा बनाए रखने का दायित्व संभालने वाली सुरक्षा परिषद को सौंपी गई है।सालेह ने उन विभिन्न संघर्षों का उल्लेख किया जिनके कारण लोगों को अपने घर छोड़ने पड़े हैं। उन्होंने कहा कि सूडान में युद्ध दुनिया का सबसे बड़ा विस्थापन संकट बना हुआ है और देश के भीतर एवं बाहर कुल 1.2 करोड़ लोग विस्थापित हैं। उन्होंने कहा, ‘‘जब तक यह युद्ध जारी रहेगा, लोग पलायन करते रहेंगे।’’ सालेह ने कहा कि कांगो में ‘‘कई पीढ़ियां संघर्ष और हिंसा के दौर से गुजर चुकी हैं’’ और अब इबोला के बढ़ते संकट ने हालात को और गंभीर बना दिया है।उन्होंने कहा कि यूक्रेन में युद्ध के कारण देश के भीतर लाखों लोग विस्थापित हुए हैं, जबकि लाखों अन्य लोगों को दूसरे देशों में शरण लेनी पड़ी है। शरणार्थी मामलों के प्रमुख ने माना कि लंबे समय से विस्थापित और मानवीय सहायता पर निर्भर शरणार्थियों की संख्या 2035 तक आधी करने का उनका लक्ष्य ‘‘महत्वाकांक्षी’’ है। उन्होंने कहा कि यूएनएचसीआर का लक्ष्य होना चाहिए कि ‘‘जहां संभव हो, वहां विस्थापन को रोका जाए, जहां लोग विस्थापित हो चुके हैं वहां ऐसी परिस्थितियां बनाई जाएं कि लोग सुरक्षित और सम्मानजनक तरीके से अपना जीवन फिर से शुरू कर सकें।

    टीम इंडिया क्वार्टर फाइनल में AFG से भिड़ेगी, जापान का क्या हुआ?

    भारतीय टीम ने हाल ही में अफगानिस्तान के खिलाफ टी20 सीरीज में 3-0 की धमाकेदार जीत दर्ज की थी. अब टीम इंडिया एशियन गेम्स 2026 में भी अफगानिस्तान का सामना करेगी. अफगानिस्तान को नेपाल के हाथों हार का सामना करना पड़ा था, लेकिन जापान-नेपाल मैच धुलने के साथ ही उसकी क्वार्टर फाइनल में एंट्री हो गई.

    राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में बड़ी खबर, चंपत राय और अनिल मिश्रा को क्लीन चिट!

    पुलिस ने राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में चार्जशीट दाखिल कर आठ लोगों को आरोपी बनाया है. चंपत राय और अनिल मिश्रा को गवाह बनाया गया है. चोरी की घटना 3 और 4 जून को हुई. मामले में कुल आठ आरोपियों पर कार्रवाई हुई है, जबकि प्रमुख अधिकारियों को क्लीन चिट मिली है.

    पितृ पक्ष की 3 तिथियां हैं सबसे खास, भूलकर भी न चूकें श्राद्ध-तर्पण

    Pitra Paksha 2026: वैसे तो पितृ पक्ष की सभी तिथियां बहुत ही खास है, लेकिन श्राद्ध की 3 विशेष तिथियां भी हैं. इन तिथियों का धार्मिक महत्व भी माना गया है. यदि किसी पूर्वज के निधन की तिथि याद न हो या असमय मृत्यु हुई हो, तो इन 3 महातिथियों पर किया गया श्राद्ध-तर्पण सीधे पितरों को तृप्त करता है और कुल में सुख-समृद्धि का आशीर्वाद दिलाता है. तो आइए जानते हैं उन तिथियों के बारे में.

    बाजार के कुरकुरे छोड़िए, घर पर बेसन-चावल के आटे से बनाएं कुरकुरे

    How To Make Kurkure: अगर आपके बच्चों को भी कुरकुरे खाना पसंद है तो क्यों न आप उन्हें घर पर बना लें. घर में बनाएं कुरकुरे न केवल खाने में बाजार की तरह क्रिस्पी बनते हैं बल्कि इसमें किसी तरह की मिलावट का भी डर नहीं होता है.

    तुला राशि में शुक्र का गोचर, चमकेगी 5 राशियों की किस्मत!

    शुक्र को ज्योतिष में प्रेम, सौंदर्य, धन और सुख-सुविधाओं का कारक माना जाता है. सितंबर में तुला राशि में प्रवेश करने के बाद शुक्र 6 नवंबर 2026 तक इसी राशि में रहेंगे. ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार, इस दौरान कन्या, तुला, कुंभ, मकर और धनु राशि के जातकों के लिए करियर, कारोबार, आर्थिक स्थिति और रिश्तों से जुड़े मामलों में सकारात्मक बदलाव की संभावना बताई जा रही है.

    UP में आफत की बारिश! इन 26 जिलों में 2 दिन बंद रहेंगे स्कूल, देखें लिस्ट

    उत्तर प्रदेश में लगातार हो रही भारी बारिश और मौसम विभाग के अलर्ट के बीच कई जिलों में स्कूल बंद रखने के आदेश जारी किए गए हैं. प्रयागराज, अयोध्या, बाराबंकी, बरेली, एटा, हापुड़, मुरादाबाद, सिद्धार्थनगर, पीलीभीत, गोंडा समेत कई जिलों में 26 सितंबर को स्कूलों में छुट्टी रहेगी. वहीं कई जिलों में सितंबर को भी स्कूल बंद रहेंगे.

    ईरान ने अमेरिका को दिया ऑफर, रखीं ये 3 शर्तें!

    ईरान ने अमेरिका के सामने होर्मुज जलडमरूमध्य को दोबारा खोलने का सात दिन का प्रस्ताव रखा है. विदेश मंत्री अब्बास अराघची के मुताबिक, अमेरिका को नौसैनिक नाकाबंदी हटाने, तेल प्रतिबंधों में राहत देने और लेबनान समेत सभी मोर्चों पर युद्धविराम की दिशा में कदम उठाने होंगे. इसके बाद सातवें दिन होर्मुज खोलने और अमेरिका के साथ परमाणु कार्यक्रम पर बातचीत शुरू करने की बात कही गई है.

    India US Trade Agreement पर 90 फीसदी काम पूरा, अमेरिकी अधिकारी बोले जल्द हो सकता है समझौता

    (योषिता सिंह) न्यूयॉर्क, 26 सितंबर अमेरिका के विदेश मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि अमेरिका और भारत के बीच प्रस्तावित व्यापार समझौता दोनों देशों के द्विपक्षीय संबंधों को ‘‘एक नयी ऊंचाई’’ पर ले जाएगा। अधिकारी ने कहा कि व्यापार समझौते पर दोनों देश ‘90 प्रतिशत से अधिक’ काम पूरा कर चुके हैं और अब केवल कुछ अंतिम मुद्दों पर सहमति बनना बाकी है। ‘पीटीआई’ की ओर से यह पूछे जाने पर कि भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर हस्ताक्षर कब तक होने की उम्मीद है, अधिकारी ने कहा, ‘‘मैं यही कहूंगा कि इंतजार कीजिए, हम बहुत करीब हैं।90 प्रतिशत से अधिक काम पूरा हो चुका है और अब केवल कुछ अंतिम चीजों पर काम किया जा रहा है इसलिए उम्मीद है कि आपको बहुत जल्द इस पर कुछ देखने को मिलेगा।’’ अधिकारी ने कहा, ‘‘यह समझौता भारत-अमेरिका संबंधों को, खासकर व्यापार के क्षेत्र में वास्तव में एक नयी ऊंचाई पर ले जाएगा।’’ उन्होंने कहा, ‘‘मुझे लगता है कि अब हम समझौते के बहुत करीब हैं और जब यह समझौता हो जाएगा, तो यह निश्चित रूप से बहुत बड़ी और उत्साहजनक उपलब्धि होगी।’’ अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो की अक्टूबर में होने वाली भारत यात्रा के बारे में पूछे जाने पर अधिकारी ने कहा, ‘‘यह यात्रा भारत-अमेरिका साझेदारी में लगातार हो रही प्रगति और दोनों देशों के बीच बढ़ते संपर्क का हिस्सा है।’’ अमेरिका के फ्लोरिडा में दिसंबर में होने वाले जी-20 शिखर सम्मेलन में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के शामिल होने की संभावना है। इस बारे में अधिकारी ने कहा कि उस दौरान कुछ बड़े ऐलान भी हो सकते हैं। अधिकारी ने कहा कि इस साल क्वाड (चतुष्पक्षीय सुरक्षा संवाद) से संबंधित विदेश मंत्रियों की बैठक तीसरी बार होने जा रही है।उन्होंने कहा, ‘‘यह अभूतपूर्व है। इससे पहले विदेश मंत्रियों की एक वर्ष में इतनी बार बैठक नहीं हुई। मुझे लगता है कि इससे साफ होता है कि हम इस राजनयिक समूह को कितना महत्व दे रहे हैं।भारत के साथ-साथ जापान और ऑस्ट्रेलिया भी इसे काफी अहमियत देते हैं इसलिए इस संबंध में आगे होने वाले घटनाक्रम पर भी नजर रखिए।’’ भारत-मध्य पूर्व-यूरोप आर्थिक गलियारे (आईएमईसी) के बारे में पूछे जाने पर अमेरिकी अधिकारी ने कहा कि यह अमेरिका और भारत दोनों की ‘‘बहुत बड़ी प्राथमिकता’’ है। उन्होंने कहा कि पश्चिम एशिया में जारी घटनाओं के कारण आईएमईसी की प्रगति को कई बाधाओं का सामना करना पड़ा है, लेकिन अगर क्षेत्र में स्थिरता आती है तो परियोजना फिर तेजी से आगे बढ़ सकती है। अधिकारी ने कहा, ‘‘भारत और अमेरिका, दोनों आगे बढ़ने के लिए तैयार हैं लेकिन पिछले कुछ वर्षों में सामने आई चुनौतियों के कारण इसमें रुकावट आई।प्रशासन की शुरुआत से ही हम इजराइल-गाजा संघर्ष से जुड़ी स्थिति से जूझ रहे थे, जिससे निश्चित रूप से यह प्रक्रिया रुक गई।’’ उन्होंने कहा,‘‘असल में यह पूरा मामला पश्चिम एशिया की परिस्थितियों पर निर्भर है। जब वहां स्थिरता आएगी, तब आप आईएमईसी को तेजी से आगे बढ़ते हुए देखेंगे।