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    2023 का महिला आरक्षण बिल 3 साल बाद कानून बना:आधी रात को नोटिफिकेशन पर विपक्ष का सवाल- जब कानून ही नहीं था तो संशोधन क्यों लाए

    1 hour ago

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    सरकार ने संसद और विधानसभाओं में महिलाओं को 33% आरक्षण देने वाले नारी शक्ति वंदन अधिनियम, 2023 (महिला आरक्षण) को आधी रात को कानून बना दिया। केंद्रीय कानून मंत्रालय ने इसके लिए गुरुवार देर रात नोटिफिकेशन जारी किया। यह आरक्षण लोकसभा चुनाव 2034 से लागू होगा। विपक्ष इस नोटिफिकेशन और महिला आरक्षण के संशोधन बिल पर सवाल उठा रहा है। उसका कहना है कि जब महिला आरक्षण का कानून लागू ही नहीं था तो सरकार इसमें संशोधन का बिल कैसे ले आई। सरकार ने कहा यह प्रोसेस का हिस्सा है। महिला आरक्षण बिल को 2023 में लोकसभा और राज्यसभा में पास किया गया था। इसके बाद राष्ट्रपति ने भी मंजूरी दे दी थी। लोकसभा में गुरुवार दोपहर से ही महिला आरक्षण और परिसीमन से जुड़े तीन बिल पर बहस चल रही है। सरकार का दावा है कि वह महिला आरक्षण लोकसभा चुनाव 2029 से लागू करना चाहती है। इसलिए संविधान के 3 बिलों में संशोधन के लिए विशेष सत्र बुलाया है। तो क्या महिला आरक्षण बिल अब लागू हो जाएगा सरकारी अफसरों के मुताबिक, महिला आरक्षण सीधे लागू नहीं होगा। 2023 में पास किए गए नारी शक्ति वंदन अधिनियम में कहा गया था कि नई जनगणना के बाद उसके आधार पर परिसीमन होगा। फिर आरक्षण लागू किया जाएगा। इसमें समस्या ये है कि जनगणना 2026 और परिसीमन में लंबा समय लग सकता है। इससे आरक्षण 2034 में ही लागू हो पाएगा। सरकार परिसीमन संशोधन लाई, विपक्ष का विरोध सरकार इसके लिए संविधान (131वां संशोधन) विधेयक, 2026, केंद्र शासित प्रदेश कानून (संशोधन) विधेयक, 2026 और परिसीमन (संशोधन) विधेयक, 2026 में संशोधन लाई है। इसका मकसद है कि लोकसभा की सीटें 2011 की जनगणना के आधार पर किया जाए। परिसीमन आयोग की रिपोर्ट के बाद 2029 से ही महिला आरक्षण लागू कर दिया जाए। विपक्ष सरकार की इसी जल्दबाजी पर सवाल उठा रहा है। विपक्ष का आरोप है कि सरकार नए संशोधन बिल के जरिए परिसीमन करना चाहती है जिससे दक्षिण के राज्यों को नुकसान होगा। अगर तीनों संशोधन बिल पास नहीं हुए तो संसद में मौजूदा तीनों संशोधन बिल पास न हों, तो भी लोकसभा की मौजूदा 543 सीटों पर महिलाओं को 33% आरक्षण मिलेगा। यह आरक्षण 2026-27 की जनगणना के आंकड़ों के मुताबिक परिसीमन होने के बाद 2034 से ही लागू होगा। रिजिजू बोले- महिला आरक्षण बिल को कानून बनाया ताकि संशोधन हो सके केंद्रीय मंत्री किरन रिजिजू बोले- 'सरकार ने महिला आरक्षण कानून में बदलाव (संशोधन) करने की तैयारी कर रही है। जो पुराना कानून है, वह अभी तक लागू नहीं हुआ था। अब सरकार ने नोटिफिकेशन जारी किया है, ताकि उस कानून को लागू करने की प्रक्रिया शुरू की जा सके। फिर उसका संशोधन हो पाए।' कल्याण बनर्जी बोले- कानून लाए नहीं, संशोधन शुरू कर दिया था कल्याण बनर्जी ने कहा- केंद्र सरकार महिला आरक्षण में संशोधन से जुड़ा बिल लेकर आई है। लेकिन जब कानून लागू नहीं हुआ तो उसमें कैसा संशोधन। इसीलिए देर रात में इन्होंने 2023 में पारित महिला आरक्षण कानून को लागू करने के लिए नोटिफिकेशन जारी किया।
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