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    अपनी डेयरी चला रहीं मंडल की 50 हजार महिलाएं:MPO से मिली राह; रोज जुटा रहीं 1.60 लाख लीटर दूध

    3 hours ago

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    गोरखपुर मंडल की 50 हजार महिलाएं मिलकर अपनी डेयरी चला रही हैं। उन्हें यह राह दिखायी है श्री बाबा गोरखनाथ कृपा मिल्क प्रोड्यूसर्स ऑर्गनाइजेशन (MPO) ने। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर इसे शुरू किया गया और धीरे-धीरे यह महिला सशक्तीकरण की मिसाल बन गया है। इस MPO ने 855 दिनों में इतनी महिलाओं को जोड़ने में कामयाबी हासिल की है। 18 फरवरी को यह संख्या पूरी हुई। इसे अभी और बढ़ाया जाएगा। ये महिलाएं दूध उत्पादन से लेकर कलेक्शन तक जुटी हैं। रोज 1 लाख 60 हजार लीटर दूध जटाने में सफलता मिल रही है। 2019 में बनी बुंदेलखंड की बलिनि मिल्क प्रोड्यूसर्स कंपनी से यह सीख मिली है। वहां जुड़ी महिलाओं द्वारा डेयरी सेक्टर में दिए जा रहे योगदान और इसके जरिये लिखी जा रही महिला स्वावलंबन की सफल कहानी को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अन्य क्षेत्रों में भी महिलाओं की भागीदारी वाले MPO बनाने के निर्देश दिए थे। इसी क्रम में गोरखपुर में श्री बाबा गोरखनाथ कृपा मिल्क प्रोड्यूसर्स ऑर्गनाइजेशन का गठत राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन द्वारा नेशनल डेयरी डेवलपमेंट बोर्ड के सहयोग से किया गया। जानिए कब से हुई शुरूआत श्री बाबा गोरखनाथ कृपा एमपीओ 26 नवंबर 2023 से क्रियाशील हुई और गोरखपुर मंडल के ग्रामीण क्षेत्रों की दुग्ध उत्पादक महिलाओं को इससे जोड़कर उन्हें स्वावलंबी बनाने की पहल ने बड़ी सफलता हासिल की। MPO के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) धनराज साहनी बताते हैं कि 18 फरवरी 2026 तक संस्था से जुड़ने वाली महिलाओं की संख्या 50 हजार हो गई है। ये महिलाएं 850 गांवों की हैं। संस्था के क्रियाशील होने के बाद अब तक का टर्नओवर भी करीब 200 करोड़ रुपये का हो चुका है। यह उपलब्धि केवल एक संख्या नहीं, बल्कि एक सामाजिक और आर्थिक परिवर्तन की कहानी है। सीईओ का कहना है कि एमपीओ की इस शानदार उपलब्धि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मार्गदर्शन का परिणाम है। उनकी प्रेरणा और दूरदर्शी दृष्टिकोण से ग्रामीण क्षेत्र की हजारों महिलाएं आत्मनिर्भरता और समृद्धि की दिशा में आगे बढ़ रही हैं। समझिए कैसे काम करता है MPO इस MPO की शेयरहोल्डर ग्रामीण महिलाएं ही हैं और वर्तमान में इनके द्वारा प्रतिदिन 1 लाख 60 हजार लीटर दूध का संग्रह किया जा रहा है। एमपीओ से जुड़ी महिलाओं को प्रतिमाह 3, 13 और 23 तारीख को उनके द्वारा संकलित दूध का भुगतान सीधे उनके बैंक खातों में कर दिया जाता है। मिल्क प्रोड्यूसर्स ऑर्गनाइजेशन से जुड़ने वाली महिलाओं में करीब दो हजार की संख्या ऐसी है जो लखपति दीदी की श्रेणी में शामिल हो चुकी हैं। लखपति दीदियों के अलावा MPO से जुड़ी अन्य महिलाएं भी औसतन महिलाओं प्रतिमाह सात से आठ हजार रुपये की आय घर बैठे प्राप्त कर रही हैं। पंजाब के मोगा में महिलाओं ने जानीं डेयरी प्रबंधन की बारीकियां पशुपालन एवं डेयरी क्षेत्र में व्यावसायिक एवं वैज्ञानिक ज्ञान अर्जित करने के उद्देश्य से श्री बाबा गोरखनाथ कृपा एमपीओ की बोर्ड सदस्यों ने विगत दिनों पंजाब के मोगा में प्रोग्रेसिव डेयरी फार्मर्स एसोसिएशन द्वारा आयोजित मेले का शैक्षिक भ्रमण किया। इस दौरान इन महिलाओं ने विशेषज्ञों से नवीनतम डेयरी तकनीकों, उन्नत नस्लों, पशु पोषण, पशुशाला प्रबंधन आदि की बारीकियां जानीं।
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