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    बीकापुर CHC में समय पर नहीं पहुंच रहे डॉक्टर-कर्मचारी:2.25 लाख आबादी का इलाज प्रभावित, अधीक्षक बोले- होगी कार्रवाई

    13 hours ago

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    अयोध्या जिले के बीकापुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में चिकित्सकों और स्वास्थ्यकर्मियों की समय पर अनुपस्थिति से क्षेत्र की लगभग 2.25 लाख आबादी की स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। स्वास्थ्य विभाग जहां ग्रामीण अस्पतालों को सुदृढ़ बनाने के दावे कर रहा है, वहीं जमीनी हकीकत कुछ और ही तस्वीर बयां कर रही है। दैनिक भास्कर की टीम ने सुबह 10:30 बजे अस्पताल का निरीक्षण किया। इस दौरान कुछ चिकित्सक अपनी ओपीडी में मरीजों को देखते और दवाएं व जांचें लिखते पाए गए। हालांकि, नेत्र विशेषज्ञ और महिला चिकित्सक अपनी ओपीडी से नदारद मिले। स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी का कार्यालय भी खुला था, लेकिन वहां कोई कर्मचारी मौजूद नहीं था। निरीक्षण के दौरान 10:30 बजे के बाद कुछ कर्मचारी और चिकित्सक अस्पताल पहुंचते दिखे, जो उपस्थिति रजिस्टर में हस्ताक्षर कर रहे थे। इससे अस्पताल में समयपालन को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। अस्पताल पहुंची राधिका ने बताया कि वह अपनी भाभी को पेट दर्द के कारण दिखाने आई थीं। नेहा नामक एक अन्य मरीज ने कहा कि उन्हें महिला चिकित्सक को दिखाना था और वह सुबह 10 बजे ही अस्पताल आ गई थीं, लेकिन महिला चिकित्सक मौजूद नहीं थीं। शिवकुमार, राधेश्याम और त्रिवेणी शुक्ला अस्पताल के बाहर खड़े मिले।उन्होंने बताया कि उनकी आंख में कई दिनों से दर्द है। राधेश्याम ने विशेष रूप से बताया कि गाड़ी चलाते समय उनकी आंख में कीड़ा पड़ गया था, जिससे सूजन आ गई है। डॉक्टर न मिलने के कारण उन्हें निजी अस्पताल जाने की चिंता सता रही थी। अस्पताल के अधीक्षक डॉ. अंशुमान यादव ने बताया कि केंद्र पर सभी चिकित्सकों की नियुक्ति है और नियमित सेवाएं दी जा रही हैं। उन्होंने दावा किया कि प्रतिदिन एक से दो सिजेरियन ऑपरेशन हो रहे हैं और करीब 350 मरीज ओपीडी में पहुंचते हैं। इसके अतिरिक्त, 15 से 20 लोग रोज एंटी-रेबीज टीकाकरण के लिए आते हैं। अस्पताल में स्वच्छता की स्थिति भी संतोषजनक नहीं पाई गई। शौचालयों में गंदगी और दुर्गंध फैली हुई थी। अधीक्षक ने जल्द सुधार का आश्वासन देते हुए कहा कि अब थंब इम्प्रेशन से हाजिरी लगाई जा रही है और देर से आने वालों की रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को भेजी जाएगी।
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