Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    बरेली में डबल मर्डर का खौफनाक अंत:सास-साले की हत्या करने वाला दामाद ढेर, तीनों सुपुर्द-ए-खाक

    4 hours ago

    1

    0

    बरेली के इज्जतनगर के रहपुरा चौधरी में सोमवार को हुए डबल मर्डर का चैप्टर अब पूरी तरह बंद हो गया है। अपनी ही सास और साले को चाकू से गोदकर मारने वाला कुख्यात अपराधी अफसर खां उर्फ बोरा मंगलवार सुबह पुलिस मुठभेड़ में मारा गया। इलाके में गम और दहशत के बीच तीनों को सुपुर्द-ए-खाक कर दिया गया। अंतिम संस्कार के वक्त भारी पुलिस बल तैनात रहा। पहले सास और साले को मिट्टी दी गई। इसके कुछ देर बाद हत्यारे दामाद का भी शव दफना दिया गया। एनकाउंटर की तस्वीरें- पहले मर्डर किया, फिर एनकाउंटर में ढेर हुआ… ईद के बहाने घर बुलाया और बिछा दीं लाशें अफसर खां का अपनी पत्नी साईमा से काफी समय से झगड़ा चल रहा था। सोमवार को अफसर ने बिचौलिए राशिद के जरिए अपनी पत्नी और ससुराल वालों को सुलह के लिए बुलाया। उसने कहा कि 'ईद का त्योहार पास है, सॉरी बोलकर मामला सुलझा लेते हैं और पत्नी को घर भेज दो'। बातचीत के दौरान अचानक अफसर का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया। उसने छिपाकर रखे चाकू से साले आदिल पर हमला कर दिया। जब उसे बचाने सास आसमा और पत्नी साईमा दौड़ीं, तो उसने उन पर भी ताबड़तोड़ वार कर दिए। इस हमले में सास और साले की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पत्नी अभी भी अस्पताल में जिंदगी और मौत की जंग लड़ रही है। पुलिस की घेराबंदी और सुबह-सुबह एनकाउंटर एसएसपी अनुराग आर्य ने बताया डबल मर्डर के बाद अफसर फरार हो गया था। बरेली पुलिस ने 'यक्ष ऐप' और डिजिटल रिकॉर्ड की मदद से उसे ढूंढना शुरू किया। मंगलवार सुबह करीब 5:40 बजे पुलिस को सूचना मिली कि वह मुडिया अहमदनगर की तरफ देखा गया है। घेराबंदी हुई तो अफसर ने सरेंडर करने के बजाय पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। उसकी एक गोली थाना प्रभारी (SHO) विजेंद्र सिंह की बुलेटप्रूफ जैकेट पर लगी। दो सिपाही घायल हो गए। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने भी गोलियां चलाईं। इसमें अफसर बुरी तरह जख्मी हो गया। उसे जिला अस्पताल ले जाया गया। डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस को उसके पास से .32 बोर की इटालियन पिस्टल और खून से सना वह चाकू बरामद हुआ है जिससे उसने कत्ल किया था। वारदात के बाद की तस्वीरें- मामा की भी कर चुका था हत्या अफसर खां कोई मामूली अपराधी नहीं था। वह बेहद हिंसक और क्रूर स्वभाव का था। साल 2006 में उसने अपने सगे मामा का भी गला रेतकर कत्ल कर दिया था। उस मामले में उसे उम्रकैद की सजा हुई थी और वह 10 साल जेल में रहकर फिलहाल जमानत पर बाहर आया था। बाहर आकर उसने फिर से वही खूनी खेल खेला और अपनी ही ससुराल उजाड़ दी। अस्पताल में पत्नी की हालत नाजुक, पुलिस फोर्स तैनात हमले में घायल पत्नी साईमा का इलाज चल रहा है। सुरक्षा के मद्देनजर गांव रहपुरा चौधरी में पुलिस तैनात कर दी गई है। एसएसपी ने बताया कि मामले की मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दे दिए गए हैं और पोस्टमार्टम की वीडियोग्राफी भी कराई गई है। मर्डर केस में उम्रकैद हुई थी, जमानत पर बाहर आया था अब वारदात के बारे में सिलसिलेवार तरीके से जान लीजिए… एंबुलेंस चालक अफसर खान बरेली के रहपुरा का रहने वाला था। 9 साल पहले शादी की थी। उसके दो बच्चे फैज (8) और आयशा (5) हैं। पत्नी साइमा से उसका विवाद चल रहा था। इसके चलते साइमा पिछले 5 दिनों से पास के इलाके में स्थित मायके में रह रही थी। सोमवार को इस झगड़े को खत्म करने के लिए पंचायत बुलाई गई थी। अफसर के घर से करीब 50 मीटर दूर ज्वेलर राशिद खान के घर पर पंचायत चल रही थी। झगड़ा सुलझाने के लिए दोनों पक्षों के परिवारवालों को भी बुलाया गया था। पंचायत में अफसर अपने साथ चाकू भी लाया था। बातचीत के दौरान अचानक वह उग्र हो गया। उसने चाकू से अपनी सास आसमा (54) और साले आदिल (20) पर कई वार किए। दोनों की मौके पर मौत हो गई। बीच-बचाव करने आई पत्नी साइमा को भी उसने नहीं बख्शा। उसे भी चाकू से गोदकर घायल कर दिया। साइमा को एक प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी हालत नाजुक बनी हुई है। वारदात की सूचना पर SSP अनुराग आर्य फोर्स के साथ पहुंचे थे। उन्होंने आरोपी की गिरफ्तारी के लिए 5 टीमों को गठन किया था। तब से पुलिस आरोपी की तलाश में जुटी थी। जगह-जगह दबिश दे रही थी। मुठभेड़ को अंजाम देने वाली पुलिस टीम ​इस कार्यवाही का नेतृत्व इंस्पेक्टर बिजेन्द्र सिंह प्रभारी निरीक्षक, इज्जतनगर ने किया। टीम में उनके साथ सब-इंस्पेक्टर मुनेन्द्र सिंह, अमित कुमार और विकास कुमार शामिल थे। सिपाहियों में हेड कांस्टेबल धनीश सक्सेना, रूपेन्द्र (घायल), रामनरेश, हेड कांस्टेबल चालक इंद्रजीत और विपुल कुमार के साथ-साथ कांस्टेबल अनुराग तिवारी (घायल) और सौरव कुमार ने मुख्य भूमिका निभाई। मुठभेड़ के दौरान हेड कांस्टेबल रूपेन्द्र और कांस्टेबल अनुराग तिवारी गोली लगने से घायल हुए हैं, जिनका अस्पताल में इलाज चल रहा है।
    Click here to Read more
    Prev Article
    मैंने जो काम सोचे वो श्रावस्ती में पूरे कराए:भाजपा विधायक राम फेरन पांडेय बोले- पुल-सड़क और विकास योजनाओं से बदली तस्वीर
    Next Article
    संतकबीरनगर में दो हेड कॉन्स्टेबल निलंबित:पैसा वसूली का आरोप लगाते युवक का VIDEO आया था सामने, SP ने की कार्रवाई

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment