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    CSJMU में वकीलों वाली क्लास:17 टीमों ने सीखी क्लाइंट काउंसलिंग की बारीकियां, रिटायर्ड जस्टिस ने दिए कानूनी टिप्स

    17 hours ago

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    छत्रपति शाहू जी महाराज विश्वविद्यालय (CSJMU) के अटल बिहारी वाजपेयी स्कूल ऑफ लीगल स्टडीज में शुक्रवार से दो दिवसीय 'डिस्ट्रिक्ट क्लाइंट काउंसलिंग प्रतियोगिता-2026' का आगाज हुआ। इस आयोजन का मकसद भविष्य के वकीलों को किताबी ज्ञान से इतर व्यावहारिक समझ देना है। परिसर में आयोजित इस कार्यक्रम में विभिन्न लॉ संस्थानों की 17 टीमों ने हिस्सा लिया और काल्पनिक केसों के जरिए यह समझा कि एक वकील को अपने क्लाइंट के साथ कैसे पेश आना चाहिए। वकील और मुवक्किल के बीच संवाद सबसे अहम उद्घाटन सत्र के दौरान इलाहाबाद हाई कोर्ट के रिटायर्ड जस्टिस महेंद्र दयाल ने छात्रों को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि कानून की पढ़ाई सिर्फ धाराओं को रटने तक सीमित नहीं है। एक सफल वकील वही है जो अपने क्लाइंट की समस्या को धैर्य से सुने और उसे सही कानूनी सलाह दे। उन्होंने जोर दिया कि इस तरह की प्रतियोगिताएं छात्रों को कोर्ट की कार्यप्रणाली और मुवक्किल से बातचीत करने के सलीके को समझने में मदद करती हैं। वरिष्ठ अधिवक्ता शैलेंद्र कुमार सिंह ने भी छात्रों से अपने अनुभव साझा किए। उन्होंने बताया कि अक्सर युवा वकील कोर्ट रूम की बहस पर तो ध्यान देते हैं, लेकिन क्लाइंट काउंसलिंग के शुरुआती चरण में चूक जाते हैं। यह प्रतियोगिता उसी कमी को दूर करने का एक मंच है। 17 टीमों के बीच कड़ा मुकाबला, बारीकियों पर नजर प्रतियोगिता के पहले दिन 17 टीमों ने हिस्सा लिया। हर टीम के सामने एक काल्पनिक कानूनी उलझन रखी गई थी। छात्रों को एक वकील की भूमिका निभानी थी और सामने बैठे 'क्लाइंट' को कानूनी रास्ता बताना था। इस दौरान अनुभवी जजों और कानून के जानकारों ने हर टीम की काउंसलिंग स्किल, बातचीत के तरीके और कानूनी पकड़ का बारीकी से मूल्यांकन किया। परिसर में कानूनी विशेषज्ञों की मौजूदगी विभाग की निदेशिका डॉ. स्मृति रॉय के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के मुख्य कुलानुशासक डॉ. शशिकांत त्रिपाठी समेत कई वरिष्ठ शिक्षक मौजूद रहे। कार्यक्रम को सफल बनाने में समन्वयक मेघना बाजपेई और दीक्षा बाजपेई की टीम ने मुख्य भूमिका निभाई। दो दिनों तक चलने वाली इस प्रतियोगिता के जरिए छात्रों को यह सीखने को मिल रहा है कि असल जिंदगी में जब कोई परेशान व्यक्ति वकील के पास आता है, तो उसे कानूनी राहत के साथ-साथ मानसिक भरोसा कैसे दिलाया जाता है। प्रतियोगिता का समापन शनिवार को होगा, जिसमें सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाली टीमों को पुरस्कृत किया जाएगा।
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