Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    IAF का नया धमाल, 1 लाख करोड़ का टेंडर जारी, भारत खरीदेगा 60 मिलिट्री प्लेन

    3 hours ago

    1

    0

    भारतीय वायुसेना ने एक बड़ा कदम उठाया है। वायुसेना अपनी पुरानी बढ़ती जा रही ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट की फ्लड को बदलने की तैयारी कर रही है और इसके लिए रक्षा मंत्रालय ने करीब ₹1 लाख करोड़ का बड़ा टेंडर जारी किया है। इस डील के तहत वायुसेना के लिए 60 मल्टी रोल ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट खरीदे जाएंगे और सबसे खास बात यह है कि इस पूरे प्रोग्राम में भारतीय कंपनियों को लीड रोल देने की तैयारी। सीधी भाषा में समझे तो वायुसेना को ऐसे विमान चाहिए जो सिर्फ सामान ढोने तक सीमित ना रहे बल्कि सैनिकों और भारी उपकरणों को तेजी से एक जगह से दूसरी जगह तक पहुंचा सकें और जरूरत पड़ने पर इन विमानों का इस्तेमाल दूसरे मिशन के लिए किया जा सकेगा और इस दौड़ में एचएल, टाटा और महिंद्रा जैसी भारतीय कंपनियां शामिल हैं। इसे भी पढ़ें: हत्या की साजिश के खतरे के बीच Donald Trump ने चुपके से बदला Air Force One विमानमहिंद्रा ने ब्राजील की एमरार के साथ हाथ मिलाया है और उसकी तरफ से C390 एयरक्राफ्ट पेश किया जा सकता है। वहीं Tata ने अमेरिकी कंपनी लॉकेट मार्टिन के साथ साझेदारी की है और C130 को मैदान में उतारने की तैयारी है। इस डील की सबसे बड़ी खासियत सिर्फ विमानों की संख्या या कीमत नहीं है। असली गेम भारत में इनके निर्माण का है। योजना के मुताबिक करीब 20% विमान सीधे फ्लाई अवे कंडीशन में भारत आएंगे। बाकी विमान भारत में ही बनाए जाएंगे और इनमें 60% से ज्यादा स्वदेशी कंटेंट रखने का लक्ष्य है। यानी आने वाले समय में सिर्फ विमान खरीदने के बजाय भारत में उनकी मैन्युफैक्चरिंग तकनीक और सप्लाई चेन को भी मजबूत करने पर जोर होगा। भारतीय वायुसेना के पास पहले से ही ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट का एक बड़ा बेड़ा है। लेकिन कई पुराने विमान धीरे-धीरे अपनी उम्र पूरी कर रहे हैं। ऐसे में नई पीढ़ी के मल्टी रोल विमान जरूरी हो जाते हैं।इसे भी पढ़ें: IAF का मेगा टेंडर: 60 Multi-role Transport Aircraft के लिए ₹1 लाख करोड़ का प्लान, Tata और Mahindra में मुकाबलाइंडियन एयरफोर्स के पास अभी 12 सी130 जे सुपर हकुलिस है।इसके अलावा एयरबस के साथ C295 प्रोग्राम चल रहा है जिसके तहत करीब 70 विमान वायु सेना में शामिल किए जाने हैं और इनमें बड़ी संख्या में विमान भारत में बनाए जाएंगे और नई एमटीए डील इस पूरी ट्रांसपोर्ट क्षमता को और मजबूत करेगी। इन्हें मल्टी रोल ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट कहा जा रहा है। इनका इस्तेमाल सैनिकों, हथियारों, वाहन और दूसरे जरूरी सैन्य सामान को तेजी से पहुंचाने में हो सकता है। भविष्य में इन विमानों को एरियल रिफ्यूलिंग टैंकर के तौर पर इस्तेमाल करने की संभावना भी बताई जा रही है। यानी कि एक विमान कई तरह के सैन्य काम कर सकता है।इसे भी पढ़ें: क्यों तुर्किए से खाने वाले डब्बे में छिप कर भागना पड़ा, ट्रंप ने खुद कर दिया दुनिया का सबसे विस्फोटक खुलासा इस डील को सिर्फ 60 विमान खरीदने का सौदा समझना ठीक नहीं होगा। इसके पीछे भारत की रक्षा उत्पादन क्षमता बढ़ाने की एक बड़ी रणनीति है। क्योंकि एक तरफ वायुसेना पुराने विमानों को बदल रही है। दूसरी तरफ भारत में ही नए एयरक्राफ्ट बनाने की क्षमता विकसित की जा रही है।
    Click here to Read more
    Prev Article
    व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव Karoline Leavitt महीने के अंत में छोड़ेंगी अपना पद, बनीं रहेंगी सलाहकार
    Next Article
    हत्या की साजिश के खतरे के बीच Donald Trump ने चुपके से बदला Air Force One विमान

    Related विदेश Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment