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    'जान दे दी, सूकर के बच्चों को सूरत नहीं दिखाई':गाजियाबाद में आचार्य प्रमोद कृष्णम बोले-चित्तौड़ की भूमि वीरांगनाओं की, बेटी वाले वहां जरूर जाएं

    8 hours ago

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    ‘आपमें से कितने लोग हैं जो चित्तौड़ गए हैं। मुझे नहीं लगता, बहुत कम गए लोग गए होंगे। चित्तौड़ राजस्थान की वह भूमि है, जहां एक, दो, चार या दस नहीं, हजारों रानियों ने हजारों बहनों ने वीरंगनाओं ने जलती हुई आग के लपटों में अपनी जिंदगी को हवन कर दिया। जान दे दी, लेकिन सूकर के बच्चों को अपनी सूरत दिखाना पसंद नहीं किया।’ यह बयान संभल के कल्कि पीठाधीश्वर आचार्य प्रमोद कृष्णम का है। वह गुरुवार को गाजियाबाद के मुरादनगर अंबेडकर पार्क में संयुक्त विराट हिंदू सम्मेलन सभा में बोल रहे थे। यह आयोजन उन्होंने और आरएसएस ने मिलकर किया। यहां उन्होंने कहा कि बेटी पढ़ाओ बेटी बचाओ बात सही है, लेकिन अपनी बेटी बचाओ, किससे बचाओ। सभा में आचार्य प्रमोद कृष्णम ने कहा, आज हमें बेटी बचाने की जरूरत पड़ रही है। बेटी बचाने का नारा लगाना पड़ रहा है। चितौड़ जरूर जाइए। वहां आपको जीवन की सीख मिलेगी। हिंदुत्व को कोई मिटा नहीं सकता हिंदुत्व को कोई मिटा नहीं सकता, मेरा जवाब है हिंदुत्व को कोई मिटा नहीं सकता। यह सम्मेलन क्यों कर रहे हो, लेकिन झंझोड़ना पड़ता है। हिंदुओं को जगाना पड़ता है। छत्रपति शिवाजी महाराज पूरी जिंदगी मुसीबतों को मोल लेते हैं, लेकिन औरंगजेब के सामने सिर झुकाना स्वीकार नहीं करते। घर में पैदा हुआ बालक भारत का प्रधानमंत्री बनकर अयोध्या में प्राण प्रतिष्ठा करता है तब हिंदुत्व जाग खड़ा होता है। स्वामी विवेकानंद शिकागो की धरती पर वसुधेव कुटम्ब का उदघोष करते हैं जब हिंदुत्व जाग्रत होता है। आरएसएस के स्वयं सेवकों के साथ सम्मेलन करते हैं, तब हिंदु जाग्रत होता है। शायरी की…बात बुरी लग सकती, लेकिन रिश्ता खत्म नहीं होगा आचार्य ने शेर पढ़ा, हर दौर को आंखों ने बारीक से देखा है, इतिहास से देखा है। लम्हों से देखा है। लम्हों ने खता की थी सदियों ने सजा पाई, कोई गलती मत कर देना। परेशानी आएंगी, जाएंगी छोटे मोटे संघर्ष से परेशान मत होना। हो सकता है तुम्हारी कोई बात मुझे बुरी लग जाए। मेरी बात तुम्हें बुरी लग जाए। इससे हमारा रिश्ता खत्म नहीं हो जाता। वो रिश्ते खत्म हो भी सकते हैं तो हमने तुमने बनाए हैं। लेकिन वो रिश्तेकभी खत्म नहीं हो सकते जो इस मातृभूमि ने बनाए हैं। हम कहीं भी रहें, हिंदुस्तानी बनकर इस देश में रहना। इस हिंदुत्व की मशाल को अपने कलेजे में जलाए रखना। इसे बुझने मत देना। ईंट उसकी बुनियाद में रखो हमारा संकल्प भी ध्यान में रखो। जन्म से सभी शूद्र आरएसएस के क्षेत्रीय प्रचारक महेंद्र सिंह ने कहा कि जन्म से कोई ऋषि मुनि या ब्राह्मण पैदा नहीं होता है। जन्म से सभी शुद्र पैदा होते हैं, आचार्य प्रमोद कृष्णम से जब यूजीसी पर सवाल किया तो उन्होंने कहा कि सभी को समानता का अधिकार है। यह कानून सही है या गलत इस पर सुप्रीम कोर्ट विचार करेगा, लेकिन जब उनसे उनके सूकर के बच्चे वाले बयान पर पूछा तो उन्होंने कहा कि सूकर के बच्चों को सूकर के बच्चे नहीं कहेंगे तो क्या गाय का बछड़ा कहेंगे। ------------------------------ ये भी पढ़ें: 'जज साहब, मुझे पति का साथ चाहिए':कोर्ट में फूट-फूटकर रोईं ज्योति सिंह, कहा-पवन सिंह साथ नहीं रहना चाहते तो मेंटेनेंस में 10 करोड़ दें “जज साहब, मेरी शादी को सात साल हो चुके हैं, लेकिन आज तक न तो मुझे पति का प्यार मिला और न ही मेरे भरण-पोषण का खर्च मिला है। मैं पवन सिंह के साथ रहना चाहती हूं। मेरे दर्द को नजरअंदाज किया जा रहा है। अगर वह साथ नहीं रहना चाहते हैं, तो मुझे 10 करोड़ रुपए मेंटेनेंस दिया जाए।” भोजपुरी स्टार पवन सिंह की पत्नी ज्योति सिंह ने आरा सिविल कोर्ट स्थित कुटुंब न्यायालय में ये बातें कहीं। ये जानकारी खुद ज्योति सिंह के वकील विष्णुधर पांडेय ने भास्कर से बातचीत में दी। (पढ़ें पूरी खबर)
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