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    कानपुर सांसद बोले- मंगल भवन की शिकायत आई थी:जांच के लिए प्रशासन को फॉरवर्ड किया था, अब रिपोर्ट सबके सामने है

    18 hours ago

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    कानपुर के मंगल भवन की समिति भंग होने पर सांसद रमेश अवस्थी ने कहा- मेरे पास लोगों की शिकायत आई थी। मैने शिकायत को प्रशासन को फॉर्रवर्ड किया था। प्रशासन ने जांच की और अब उसी रिपोर्ट के आधार पर अधिकारियों ने फैसला किया। मेरा तो मंगल भवन और नगर निगम से कोई लेना देना नहीं है। वीरेंद्र स्वरूप पार्क में बनाए गए मंगल भवन की निर्माण और संचालन समितियों को नगर आयुक्त की ओर से भंग किए जाने के बाद मामला गरमा गया है। महापौर प्रमिला पांडेय ने 21 सितंबर को नगर आयुक्त की कार्रवाई पर नाराजगी जताते हुए कहा था कि मंगल भवन गरीबों के लिए बनवाया गया है। यहां गरीब परिवारों की बेटियों की शादियां होती हैं और अब तक 100 से ज्यादा बच्चियों की शादी हो चुकी है। महापौर ने कहा कि समितियों को भंग किए जाने के मामले में वह शासन को पत्र लिखेंगी। उन्होंने सवाल उठाया कि जब एक अधिकारी ने मंगल भवन के संचालन की अनुमति दी थी, तो दूसरा अधिकारी समिति को कैसे भंग कर सकता है। सांसद ने फरवरी में जांच के लिए लिखा था पत्र मामले की शुरुआत सांसद रमेश अवस्थी की ओर से की गई शिकायत के बाद हुई। सांसद ने फरवरी 2026 में प्रशासन को पत्र लिखकर मंगल भवन के संचालन में कथित अनियमितताओं की जांच कराने की मांग की थी। उन्होंने कहा था कि लोगों की ओर से मंगल भवन को लेकर शिकायतें मिली थीं, जिसके बाद उन्होंने जांच के लिए पत्र लिखा। जांच के बाद 20 सितंबर को नगर निगम की ओर से कार्रवाई की गई। मंगल भवन का निर्माण करने वाली समिति और संचालन समिति को भंग कर दिया गया। इसके बाद मंगल भवन की निगरानी नगर निगम के संपत्ति विभाग को सौंप दी गई। महापौर बोलीं- गरीबों के लिए बना है मंगल भवन महापौर प्रमिला पांडेय ने कहा- मंगल भवन गरीब और जरूरतमंद परिवारों की मदद के लिए बनवाया गया है। यहां गरीब बच्चियों की शादियां होती हैं। अब तक 100 से ज्यादा बच्चियों की शादी हो चुकी है। अगर इस पर कार्रवाई हुई है तो मैं शासन को लिखूंगी कि आखिर समिति क्यों भंग की गई। एक अधिकारी संचालन की अनुमति देता है और दूसरा अधिकारी उसी व्यवस्था को खत्म कर देता है। यह कैसे संभव है? सांसद बोले- नगर निगम से मेरा कोई लेना-देना नहीं सांसद रमेश अवस्थी ने कहा- मंगल भवन या नगर निगम के संचालन से मेरा कोई लेना-देना नहीं है। जनता की ओर से शिकायत मिलने पर मैंने सिर्फ जांच के लिए प्रशासन को पत्र लिखा था। जनता ने मुझे सेवा के लिए चुना है, इसलिए उनकी समस्याओं का समाधान कराना भी मेरी जिम्मेदारी है। लोगों ने मंगल भवन को लेकर शिकायत की थी, इसलिए मैंने जांच के लिए पत्र लिखा। प्रशासन ने जांच की और उसके बाद जो निर्णय लिया, वह सबके सामने है। मंगल भवन की जिम्मेदारी नगर निगम और अधिकारियों की रमेश अवस्थी ने कहा- अब आगे की कार्रवाई अधिकारियों को तय करनी है। मंगल भवन में क्या हो रहा है और नगर निगम में क्या व्यवस्था है, इसकी जिम्मेदारी नगर निगम और प्रशासन के अधिकारियों की है। मेरा काम शिकायत को आगे बढ़ाना था, जो मैंने किया। मंगल भवन गरीबों और वंचितों के लिए बनाया गया है और आगे भी ऐसा ही रहेगा। उसमें किसी तरह की दिक्कत नहीं आएगी।
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