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    कीटनाशक विक्रेताओं के लिए IPMS पोर्टल पर पंजीकरण अनिवार्य:अम्बेडकरनगर में समय पर पंजीकरण न कराने पर लाइसेंस होंगे रद्द

    3 hours ago

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    जिले के कीटनाशक विक्रेताओं के लिए इंटीग्रेटेड पेस्टीसाइड मैनेजमेंट सिस्टम (IPMS) पोर्टल पर पंजीकरण कराना अनिवार्य कर दिया गया है। जिला कृषि रक्षा अधिकारी ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि निर्धारित समय तक पंजीकरण नहीं कराने वाले विक्रेताओं के विक्रय प्राधिकार-पत्र (लाइसेंस) निरस्त कर दिए जाएंगे। यह कदम कीटनाशक कारोबार में पारदर्शिता लाने और उसे नियमबद्ध बनाने के उद्देश्य से उठाया गया है। जिला कृषि रक्षा अधिकारी ने बताया कि कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा कीटनाशक कारोबार को अधिक पारदर्शी एवं नियमबद्ध बनाने के उद्देश्य से IPMS पोर्टल लागू किया गया है। इस पोर्टल का मुख्य उद्देश्य कीटनाशकों की बिक्री, वितरण और उपयोग को ट्रैक करना है, जिससे नकली या प्रतिबंधित कीटनाशकों की बिक्री पर रोक लगाई जा सके और किसानों को गुणवत्तापूर्ण उत्पाद मिल सकें। जनपद के अधिकांश कीटनाशक विक्रेताओं ने पोर्टल पर अपना पंजीकरण करा लिया है, जो एक सकारात्मक संकेत है। हालांकि, कुछ विक्रेता बार-बार निर्देश दिए जाने के बावजूद अभी तक पंजीकरण नहीं करा सके हैं। ऐसे विक्रेताओं के विरुद्ध अब कड़ी कार्रवाई की जाएगी। पंजीकरण नहीं कराने वाले दुकानदारों का विक्रय प्राधिकार-पत्र तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया जाएगा। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि लाइसेंस रद्द होने के बाद यदि कोई विक्रेता कीटनाशकों की बिक्री करते हुए पाया गया तो उसके विरुद्ध नियमानुसार कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित विक्रेता की होगी। यह सुनिश्चित किया जाएगा कि कोई भी अनधिकृत व्यक्ति या संस्था कीटनाशक व्यापार में शामिल न हो। जिला कृषि अधिकारी अरविंद चौधरी ने सभी शेष कीटनाशक विक्रेताओं से अपील की है कि वे तत्काल IPMS पोर्टल पर पंजीकरण कराएं। उन्होंने कहा कि ऐसा करने से भविष्य में किसी भी प्रकार की प्रशासनिक या कानूनी कार्रवाई से बचा जा सकेगा और वे बिना किसी बाधा के अपना व्यवसाय जारी रख सकेंगे। यह पंजीकरण प्रक्रिया किसानों के हित में और कृषि क्षेत्र की सुरक्षा के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
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