Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    लोकसभा अध्यक्ष ने पार्लियामेंट्री फ्रेंडशिप ग्रुप्स बनाए:थरूर-अखिलेश समेत 64 टीम लीडर्स; ये दूसरे देशों के साथ कूटनीतिक रिश्ते मजबूत करेंगे

    7 hours ago

    1

    0

    लोकसभा स्पीकर ओम बिरला ने मंगलवार को 64 देशों के साथ पार्लियामेंट्री फ्रेंडशिप ग्रुप्स (PFG) का गठन किया है। इन ग्रुप्स का मकसद दूसरे देशों के साथ संसदीय कूटनीति को मजबूत करना और वैश्विक मंच पर भारत की संसद की एकजुट लोकतांत्रिक आवाज पेश करना है। केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर बताया कि ऑपरेशन सिंदूर की सफलता के बाद PM मोदी ने भारत और अन्य देशों के बीच संवाद बढ़ाने के लिए PFG बनाने का प्रस्ताव दिया था। अब लोकसभा अध्यक्ष ने इसका गठन किया है। 64 ग्रुप्स में लोकसभा और राज्यसभा के कुल 704 सांसद हैं। हर ग्रुप में एक लीडर और 10 सदस्य हैं। इनमें भाजपा के सबसे ज्यादा 30 ग्रुप लीडर हैं। कांग्रेस के 10, समाजवादी पार्टी, द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (DMK) और तृणमूल कांग्रेस (TMC) के 3-3 सांसद ग्रुप लीडर बनाए गए हैं। भाजपा की तरफ से ग्रुप लीडर्स में हेमा मालिनी, मनोज तिवारी, निशिकांत दूबे जैसे बड़े नाम शामिल हैं। कांग्रेस से शशि थरूर, TMC से अभिषेक बनर्जी और AIMIM चीफ असदुद्दीन औवेसी भी ग्रुप लीडर बनाए गए हैं। हालांकि, PFG के सदस्य कैसे काम करेंगे, अभी इसकी औपचारिक जानकारी नहीं दी गई है। ऑपरेशन सिंदूर : 59 सदस्यों का डेलिगेशन 33 देशों में गया था केंद्र सरकार ने ऑपरेशन सिंदूर के बाद दुनियाभर में भारत का पक्ष रखने के लिए 17 मई 2025 को 59 सदस्यों वाले डेलिगेशन की घोषणा की थी। इसमें 51 नेता और 8 राजदूत थे। NDA के 31 और 20 दूसरे दलों के नेता थे, जिसमें 3 कांग्रेस नेता भी थे। ये डेलिगेशन दुनिया के 33 देशों, खासकर संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (UNSC) के सदस्य देशों में गया और वहां ऑपरेशन सिंदूर और पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवाद पर भारत का पक्ष रखा। इस डेलिगेशन को 7 ग्रुप में बांटा गया था। हर ग्रुप में एक सांसद को लीडर बनाया गया। प्रत्येक ग्रुप 8 से 9 सदस्य थे। इनमें 6-7 सांसद, सीनियर लीडर (पूर्व मंत्री) और राजदूत शामिल थे। 7 डेलिगेशन ने दुनिया को 5 संदेश दिए आतंकवाद पर जीरो टॉलरेंस : इसमें बताया कि ऑपरेशन सिंदूर आतंकी गुटों और उनके ढांचों के खिलाफ था। आतंकी अड्‌डों को नपी-तुली कार्रवाई में निशाना बनाया गया। पाक सेना ने इसे खुद के खिलाफ हमला माना और पलटवार किया। पाक आतंक का समर्थक : सांसद कुछ सबूत लेकर गए, जिनमें उन्होंने बताया कि पहलगाम हमले में पाक समर्थित आतंकी संगठन द रेजिस्टेंस फ्रंट (TRF) की भूमिका थी। इससे पहले हुए हमलों का भी पूरा चिट्‌ठा सांसद लेकर गए थे। भारत जिम्मेदार और संयमित : भारत ने सैन्य कार्रवाई में भी जिम्मेदारी और संयम का परिचय दिया। यह सुनिश्चित किया कि पाक के किसी निर्दोष नागरिक की जान न जाए। पाक ने कार्रवाई रोकने का जब आग्रह किया तो भारत ने उसे तत्परता से स्वीकारा। आतंक के खिलाफ विश्व एकजुट हो : सांसद ने इन देशों से आतंकवाद के खिलाफ खुलकर आवाज उठाने और इससे निपटने के लिए सहयोग व समर्थन की मांग की। अपील की कि भारत-पाक के विवाद को आतंकवाद के खिलाफ युद्ध के तौर पर देखें। पाक को लेकर हमारी नीति : यह बताया कि पाक के खिलाफ भारत ने अपना बदला हुआ दृष्टिकोण उजागर किया है। भारत सीमा पार से पैदा होने वाले खतरे को लेकर उदासीन रहने के बजाए प्रो-एक्टिव रवैया अपनाएगा और आतंकी हमलावरों को पहले ही निष्क्रय करेगा। --------------------- ये खबर भी पढ़ें… केरल का नाम अब केरलम, कैबिनेट की मंजूरी: सेवातीर्थ में पहली मीटिंग; रेल-मेट्रो और एयरपोर्ट प्रोजेक्ट्स के लिए ₹12,236 करोड़ मंजूर पीएम नरेंद्र मोदी के नए ऑफिस सेवा तीर्थ में मंगलवार को केंद्रीय मंत्रिमंडल की पहली बैठक हुई। इसमें कुल 12,236 करोड़ के प्रोजेक्ट्स को मंजूरी दी गई है। कैबिनेट ने मध्य प्रदेश, बिहार और झारखंड में तीन रेल प्रोजेक्ट समेत कुल 8 फैसले लिए हैं। बैठक में पावर सेक्टर में सुधारों पर पॉलिसी से जुड़े फैसले हुए और केरल सरकार के राज्य का नाम बदलकर केरलम करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। पूरी खबर पढ़ें…
    Click here to Read more
    Prev Article
    अमेरिका ने डिकोड किया चीन का न्यूक्लियर प्लान! बताया 2030 तक बीजिंग के पास होंगे 1000 परमाणु हथियार
    Next Article
    हिंद महासागर में US आर्मी का ऑपरेशन, 15000 KM तक ट्रैक कर टैंकर को पकड़ा

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment