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    मां विंध्यवसिनी विश्वविद्यालय को नए बजट में ₹50 करोड़ मिले:विंध्याचल धाम के विकास के लिए मिले ₹300 करोड़, सुविधाओं में होगी वृद्धि

    15 hours ago

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    मिर्जापुर जनपद के मड़िहान तहसील क्षेत्र में निर्माणाधीन मां विंध्यवासिनी विश्वविद्यालय के विकास के लिए नए बजट में ₹50 करोड़ की धनराशि प्रस्तावित की गई है। यह राशि विश्वविद्यालय के आधारभूत ढांचे को सुदृढ़ करने और निर्माण कार्य को गति देने के लिए उपलब्ध कराई जाएगी। वहीं, विंध्याचल धाम के विकास के लिए 100 करोड़ रुपए दिए गए हैं। इसके अलावा मिर्जापुर के त्रिकोणीय क्षेत्र के विकास, विंध्यवासिनी मंदिर, मां अष्टभुजा मंदिर, मां काली खोह मंदिर के परिक्रमा पथ और पब्लिश पैसिलिटी के लिए 200 करोड़ रुपए दिए गए हैं। मां विंध्यवासिनी विश्वविद्यालय की स्थापना का उद्देश्य विंध्याचल मंडल में उच्च शिक्षा का विस्तार करना है। इसके निर्माण से मिर्जापुर, सोनभद्र और भदोही सहित आसपास के जिलों के विद्यार्थियों को सीधा लाभ मिलेगा। अब तक इन क्षेत्रों के छात्रों को स्नातक, स्नातकोत्तर और शोध स्तर की पढ़ाई के लिए अन्य जिलों या विश्वविद्यालयों पर निर्भर रहना पड़ता था। विश्वविद्यालय के पूर्ण रूप से संचालित होने के बाद स्थानीय स्तर पर ही उच्च शिक्षा की सुविधा उपलब्ध हो सकेगी। आधारभूत सुविधाओं के विकास पर होगा खर्च सूत्रों के अनुसार, प्रस्तावित ₹50 करोड़ की राशि का उपयोग शैक्षणिक भवन, प्रशासनिक ब्लॉक, पुस्तकालय, प्रयोगशालाएं, छात्रावास, आंतरिक सड़कें, पेयजल व्यवस्था और अन्य मूलभूत सुविधाओं के विकास में किया जाएगा। निर्माण कार्य को चरणबद्ध तरीके से पूरा करने की योजना है। वर्तमान में विश्वविद्यालय अपने पहले सेमेस्टर की परीक्षाएं आयोजित कर रहा है, जिससे शैक्षणिक गतिविधियां प्रारंभ हो चुकी हैं। विंध्य क्षेत्र के धार्मिक स्थलों के विकास को ₹200 करोड़ इसी के साथ मिर्जापुर के त्रिकोणीय क्षेत्र के विकास तथा मां विंध्यवासिनी मंदिर, मां अष्टभुजा मंदिर और मां काली खोह मंदिर के परिक्रमा पथ एवं सार्वजनिक सुविधाओं (पब्लिक फैसिलिटी) के लिए ₹200 करोड़ की धनराशि स्वीकृत की गई है। इस राशि से श्रद्धालुओं के लिए मार्ग, प्रकाश व्यवस्था, पेयजल, शौचालय, पार्किंग और अन्य सुविधाओं को बेहतर बनाया जाएगा। इससे न केवल धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी। क्षेत्रीय विकास को मिलेगी रफ्तार स्थानीय जनप्रतिनिधियों और शिक्षाविदों ने इस प्रस्ताव का स्वागत किया है। उनका कहना है कि विश्वविद्यालय के विकास से शिक्षा का स्तर सुधरेगा, रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और विंध्य क्षेत्र की आर्थिक गतिविधियों को नई गति मिलेगी। उल्लेखनीय है कि विंध्य क्षेत्र में लंबे समय से एक पूर्ण विकसित विश्वविद्यालय की मांग की जा रही थी। नए बजट में प्रस्तावित धनराशि से निर्माण कार्य में तेजी आने की उम्मीद है, जिससे विश्वविद्यालय को जल्द पूर्ण रूप से आकार दिया जा सकेगा।
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