Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    संभल पिता-पुत्र हत्याकांड, आरोपी दो सगे भाई फरार:पुलिस की पंजाब, हरियाणा, दिल्ली में दबिश, अपहरण-हत्या के 6 दिन बाद शव मिले थे

    2 hours ago

    1

    0

    संभल में पिता-पुत्र की पिकअप लोडर लूटने के बाद हत्या कर दी गई। उनके शव शामली जनपद में बरामद हुए। पुलिस मुठभेड़ में एक आरोपी मनोज को गोली लगने के बाद गिरफ्तार किया गया है। इस मामले में फरार चल रहे दो सगे भाइयों की गिरफ्तारी के लिए तीन पुलिस टीमें गठित की गई हैं, जो पंजाब, हरियाणा, दिल्ली और उत्तर प्रदेश के कई जिलों में दबिश दे रही हैं। शुक्रवार शाम 5 बजे संभल की गुन्नौर तहसील के थाना धनारी क्षेत्र स्थित भिरावटी गांव निवासी मृतक नरेश और उनके 24 वर्षीय बेटे भीमसेन यादव के परिवार को ग्राम प्रधान डॉ. सुनील यादव ने एक लाख रुपये की नकद आर्थिक सहायता प्रदान की, यह धनराशि मृतक नरेश की पत्नी गीता के हाथों में सौंपी है। ग्राम प्रधान ने परिवार को सभी सरकारी सुविधाएं दिलाने का आश्वासन भी दिया और अन्य लोगों से भी मदद की अपील की। यह घटना 2 अप्रैल को हुई थी। थाना कैलादेवी क्षेत्र के सौंधन मोहम्मदपुर गांव की साप्ताहिक बाजार में पकड़े गए आरोपी मनोज की मुलाकात अज्ञात व्यक्ति से हुई थी। मेरठ से मजदूर लाने के लिए पिकअप लोडर बुक की गई थी। रात 10 बजे पिता-पुत्र की अपने रिश्तेदार से बात हुई, जिसके बाद उनसे संपर्क टूट गया। मेरठ के रास्ते में टोल प्लाजा तक पिकअप के साथ पिता-पुत्र दिखाई दिए, लेकिन उसके बाद वे लापता हो गए। गाड़ी में दो अज्ञात बदमाश भी बैठे थे, जिन्होंने सीसीटीवी कैमरों से बचने के लिए लिंक मार्गों का उपयोग किया। 6 अप्रैल को परिवार के दो दर्जन से अधिक लोगों ने बहजोई स्थित पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर डेढ़ घंटे तक धरना-प्रदर्शन किया। पुलिस ने जल्द बरामदगी का आश्वासन देकर परिजनों को घर भेजा। 7 अप्रैल को पुलिस की सक्रियता के कारण शामली जनपद के जंगल में गन्ने के खेत से पिता-पुत्र के शव बरामद हुए। 8 अप्रैल को पोस्टमार्टम के बाद पिता-पुत्र के शव गांव पहुंचे। अंतिम संस्कार से पहले ग्रामीणों ने शवों को सड़क पर रखकर तीन घंटे तक जाम लगाया। इस दौरान ग्रामीणों की पुलिस से झड़प भी हुई। पुलिस द्वारा सख्त कार्रवाई के आश्वासन के बाद परिजनों ने अंतिम संस्कार संपन्न किया।
    Click here to Read more
    Prev Article
    देवरिया में प्रभारी निरीक्षक पर कार्रवाई के निर्देश:चार्जशीट में देरी पर सीजेएम कोर्ट सख्त, कहा- लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी
    Next Article
    एमपी पुलिस आरक्षक की ड्यूटी के दौरान मौत:सड़क हादसे में हुआ था घायल, राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment