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    साइबर ठगी में स्माल फाइनेंस बैंक का रिलेशन मैनेजर अरेस्ट:साइबर ठगी के लिए बोगस फर्मों के अकाउंट खुलवाए, 250 करोड़ की साइबर ठगी में शामिल

    5 hours ago

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    कानपुर की बर्रा पुलिस ने 250 करोड़ की साइबर ठगी के मामले में 10वां आरोपी स्माल फाइनेंस बैंक के रिलेशन मैनेजर गुजैनी निवासी मुकेश झा को अरेस्ट कर लिया है। शातिर ही साइबर ठगों को बोगस फर्मों के नाम पर बैंक में अकाउंट खुलवाए थे। इसके साथ ही अकाउंट में करोड़ों के लेनदेन का एक्सेस दिया था। बैंक अफसर साइबर ठगों के बैंक अकाउंट में होने वाले ट्रांजेक्शन का 10 फीसदी कमीशन पर पूरा फर्जीवाड़ा कर रहे थे। पुलिस अब तक साइबर ठगी के इस केस में 10 आरोपियों को अरेस्ट करके जेल भेज चुकी है। साइबर ठगों के लिए बैंक कर्मी मुकेश झा की टीम कर रही थी काम पुलिस कमिश्नर रघुवीर लाल ने बताया कि बर्रा थाने की पुलिस ने 250 करोड़ की साइबर ठगी में राजवीर सिंह समेत 9 आरोपियों को अरेस्ट करके जेल भेजा है। इस केस की जांच पड़ताल की गई तो पता चला कि विदेश में फरारी काट रहा सुल्तान मिर्जा उर्फ अभय शुक्ला ठगी का मास्टर माइंड व सरगना है। इन सभी आरोपियों से मिले इनपुट के आधार पर जांच को आगे बढ़ाया गया तो सामने आया कि गुमटी नंबर-5 की स्माल फाइनेंस बैंक का रिलेशन मैनेजर गुजैनी निवासी मुकेश झा साइबर ठगों के गैंग के साथ मिलकर काम कर रहा है। मुकेश व जेल भेजे गए अन्य बैंक कर्मियों की मदद से ही साइबर ठगों ने भोली-भाली जनता को झांसा में लेकर या प्रलोभन देकर हासिल किए गए आधार कार्ड, पैन कार्ड समेत अन्य दस्तावेज लेकर बोगर्स फर्म बनाई। इसके बाद मुकेश झा ने इन बोगस फर्मों के नाम से गुमटी की स्माल फाइनेंस बैंक में विमलेश जनरल स्टोर, अर्जुन नमकीन भण्डार, राज कान्ट्रैक्टर्स समेत अन्य बोगस फर्मों का बैंक अकाउंट खुलवाया। मुकेश झा की मदद से बैंक अकाउंट में जीएसटी चाेरी की रकम अभियुक्त मुकेश झा की मदद से खोले गए बोगस फर्मों के बैंक अकाउंट में साइबर फ्राड/डिजिटल अरेस्ट व जीएसटी चोरी का करोड़ों रुपए मंगाया जाता था। उत्कर्ष ने साइबर ठगों के लिए खोले गए सभी बैंक अकाउंट की लिमिट भी करोड़ों रुपए कर दी थी। इसी के चलते शातिर साइबर ठग इन खातों में करोड़ों रुपए की साइबर ठगी की रकम मंगाते थे। इसके बदले में मुकेश झा 5 से 10 प्रतिशत कमीशन लेता था। बर्रा थाने की पुलिस को जांच के दौरान उत्कर्ष के खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य मिले। जांच से साफ हो गया कि मुकेश झां साइबर ठगों के गैंग से जुड़कर काम कर रहा था। पुलिस ने ठोस सुबूत मिलने के बाद गुरुवार को आरोपी उत्कर्ष को अरेस्ट करके कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया। साइबर ठगों के अकाउंट बैंक कर्मी करते थे हैंडल पुलिस कमिश्नर ने बताया कि जांच में सामने आया कि बैंक कर्मी मुकेश झा व जेल भेले गए अन्य बैंक कर्मी साइबर ठगों का अकाउंट भी हैंडल करते थे। बैंको द्वारा जो भी फर्जी एकाउन्ट खोले जाते थे, उसकी मानिटरिंग बैंक कर्मचारियों की ओर से की जाती थी। अगर अकाउंट से सम्बन्धित कोई भी साइबर कम्पलेन आती है तो उक्त बैंको के कर्मचारियो द्वारा बैंक मे जमा राशि को निकलवा देते थे। इसके चलते साइबर ठगों की कभी रकम भी होल्ड या फीज नहीं होती थी। खातों की लिमिट बढ़ाकर साइबर फ्रॉड (डिजिटल अरेस्ट, इन्वेस्टमेंट बैंकिंग फ्रॉड) की धनराशि मंगवाई जाती थी। जिसमें करोड़ों का लेन देन बिना समय लिमिट, बिना किसी अवरोध किया गया तथा अवैध तरीके से कमीशन प्राप्त किया गया। अब तक ये आरोपी भेजे गए जेल बर्रा थाना प्रभारी ने बताया कि 250 करोड़ से ज्यादा की साइबर ठगी करने के मामले में पुलिस अब तक राजवीर सिंह, शिवम सिन्हा, स्क्रैप कारोबारी अंचित गोयल, ड्राइवर सतीश पांडेय, बैंककर्मी अमित, धर्मेंद्र, आशीष व अमित सिंह को अरेस्ट करके जेल भेज चुकी है। अब 10वां आरोपी बैंककर्मी उत्कर्ष को अरेस्ट करके जेल भेजा है। विदेश में सरगना सुल्तान मिर्जा काट रहा फरारी मूलरूप से बिहार और कानपुर के गोविंद नगर में रहने वाला अभय शुक्ला उर्फ सुल्तान मिर्जा साइबर ठगों का सरगना है। ताबड़तोड़ एक के बाद एक साइबर ठगों की अरेस्टिंग के बाद शातिर सुल्तान मिर्जा पहले नेपाल फिर दुबई भाग निकला। जेल भेजे गए आरोपियों के मोबाइल की जांच के दौरान सुल्तान मिर्जा का दुबई के एक बार में बार बाला पर नोट उड़ाते हुए वीडियो भी सामने आया था।
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