Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    'शंकराचार्य सपा के इशारे पर काम कर रहे हैं':मंत्री बोले- अब गाय कसाई को देखकर नहीं कांपती, लखनऊ में 2 दिवसीय दुग्ध महोत्सव शुरू

    5 hours ago

    1

    0

    कैबिनेट मंत्री धर्मपाल सिंह ने कहा कि शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सपा के इशारे पर काम कर रहे हैं। गोमाता के प्रति हमारी जिम्मेदारी और सरकार के प्रयासों के बारे में मैं कुछ बातें साझा करना चाहता हूं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में गो संरक्षण के लिए दी जाने वाली दैनिक राशि को ₹30 से बढ़ाकर ₹50 कर दिया गया है। धर्मपाल सिंह ने शुक्रवार को दुग्धशाला विकास विभाग की स्थापना के 50 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर आयोजित दुग्ध स्वर्ण महोत्सव-2026 का शुभारंभ किया। 2 दिवसीय महोत्सव इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान के मार्स हॉल में हो रहा है। इसमें दुग्ध उत्पादों की प्रदर्शनी भी लगाई गई है। गोशाला को गोद लें उद्यमी धर्मपाल सिंह ने कहा- वर्तमान में हमारे पास 7,500 गो संरक्षण केंद्र हैं, जहां लगभग 13.5 लाख गायों का पालन-पोषण किया जा रहा है। इन पर प्रतिदिन ₹8 करोड़ से अधिक का खर्च आता है। सरकार अकेले सब कुछ नहीं कर सकती। मैं उद्यमियों और सक्षम नागरिकों से अपील करता हूं कि वे किसी भी एक गोशाला (200-300 गायों वाली) को एक वर्ष के लिए गोद लें। कसाई कानून को देखकर कांपता है धर्मपाल सिंह ने कहा कि शास्त्र कहते हैं कि गाय के गोबर में लक्ष्मी का वास होता है। मूत्र में गंगा मैया बसती हैं और इसका दूध अमृत के समान है। विशेष रूप से साहीवाल जैसी देसी नस्लों का दूध सर्वोत्तम माना जाता है। पिछली सरकारों और वर्तमान सरकार में यही अंतर है कि पहले पशु चोरी के डर से किसान परेशान रहता था, लेकिन आज उत्तर प्रदेश में कानून का राज है। अब गाय कसाई को देखकर नहीं कांपती, बल्कि कसाई कानून को देखकर कांपता है। हमारा लक्ष्य है कि निराश्रित गोवंश सड़कों या खेतों में न दिखे, बल्कि उन्हें उचित संरक्षण और प्रेम मिले। आप सभी इस पुनीत कार्य में सहयोग दें। अधिकारी और विशेषज्ञ भी रहे मौजूद महोत्सव में अपर मुख्य सचिव मुकेश कुमार मेश्राम और दुग्ध आयुक्त धनलक्ष्मी के. समेत कई अधिकारी और विशेषज्ञ शामिल हुए। यहां विभाग की योजनाओं और आगे की दिशा पर बातचीत हुई।महोत्सव में दुग्ध उत्पादन और प्रसंस्करण से जुड़ी नई तकनीकों की प्रदर्शनी लगाई गई है। किसान और डेयरी से जुड़े लोग यहां आधुनिक तरीकों के बारे में जानकारी ले रहे हैं और उन्हें अपनाने पर चर्चा कर रहे हैं। इस आयोजन में बड़ी भागीदारी देखने को मिल रही है। करीब 10 हजार से ज्यादा लोगों के पहुंचने का अनुमान है। 50 से अधिक प्रदर्शक इसमें हिस्सा ले रहे हैं, जबकि 15 से ज्यादा चर्चा सत्र भी रखे गए हैं।
    Click here to Read more
    Prev Article
    आजमगढ़ में 20000 की रिश्वत लेते सब इंस्पेक्टर गिरफ्तार:मुकदमे में नाम निकालने के नाम पर मांगी गई थी एक लाख की रिश्वत, एंटी करप्शन टीम ने की गिरफ्तारी
    Next Article
    100 फीट गहरे गड्ढे में गिरी बाइक, चालक की मौत:कानपुर देहात के रसूलाबाद में हुआ हादसा, बाजार जाते समय हुआ एक्सीडेंट

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment