Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    Delhi High Court में CJP नेताओं की याचिका पर सुनवाई, बढ़ाई गई न्यायिक हिरासत को दी चुनौती

    3 hours from now

    1

    0

    दिल्ली हाई कोर्ट बुधवार को 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के नेताओं सौरव दास और आशुतोष रांका की उस याचिका पर तत्काल सुनवाई करेगा, जिसमें उन्होंने स्पेशल एग्जीक्यूटिव मजिस्ट्रेट (SEM) द्वारा अपनी न्यायिक हिरासत बढ़ाए जाने को चुनौती दी है। दिल्ली हाई कोर्ट के जस्टिस सुब्रमणियम प्रसाद उनकी याचिका पर सुनवाई करेंगे। इसके अलावा, हाई कोर्ट 'ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन' (AISA) की अध्यक्ष नेहा बोरा की याचिका पर भी सुनवाई करेगा। नेहा ने SEM के उस नोटिस को चुनौती दी है, जिसमें उन्हें 10,000 रुपये का बॉन्ड भरने और "शांति बनाए रखने" का निर्देश दिया गया था। यह नोटिस उन्हें तब मिला, जब कुछ दिन पहले दिल्ली पुलिस ने उन्हें उस समय हिरासत में ले लिया था, जब वह सेंट्रल दिल्ली में CJP के 'तिरंगा मार्च' में शामिल होने जा रही थीं।इसे भी पढ़ें: दिल्ली पुलिस का कड़ा रुख: CJP नेताओं सौरव दास और आशुतोष रंका के खिलाफ दर्ज दूसरा मामला भी क्राइम ब्रांच को ट्रांसफरवहीं, एक अहम घटनाक्रम में, दिल्ली पुलिस ने मंगलवार को 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के नेताओं सौरव दास और आशुतोष रंका के खिलाफ दर्ज एक और मामला क्राइम ब्रांच को सौंप दिया। सूत्रों ने बताया कि अब क्राइम ब्रांच CJP नेताओं के खिलाफ दर्ज दो मामलों की जांच करेगी। दास और रंका के जंतर-मंतर इलाके में कथित तौर पर प्रवेश करने से जुड़ा एक अन्य मामला सोमवार को ही क्राइम ब्रांच को सौंप दिया गया था।दिल्ली पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, 13 अक्टूबर को दास, रंका, अजिंक्य शिंदे और 'कॉकरोच जनता पार्टी' (CJP) के 11 अन्य सदस्य निजी परिसरों में घुसपैठ करते हुए जंतर-मंतर पहुँच गए, जिसे अब विरोध-प्रदर्शन के लिए निर्धारित जगह नहीं माना जाता है। वहाँ तैनात पुलिसकर्मियों ने हस्तक्षेप किया और उन्हें रोकने की कोशिश की। उस दिन, सभी 14 लोगों को हिरासत में ले लिया गया और दो FIR दर्ज की गईं।इसे भी पढ़ें: विजयादशमी पर PM Modi ने की अपील, देशहित में राजनीतिक दल और संस्थाएं हों एकजुटयह भी ध्यान देने योग्य है कि शांति बनाए रखने के बांड (पीस बॉन्ड) का उल्लंघन करने के आरोप में, 14 अक्टूबर को एक विशेष कार्यकारी मजिस्ट्रेट ने सौरव दास और अजिंक्य रंका को पांच दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया था। सोमवार को उनकी न्यायिक हिरासत दो दिन और बढ़ा दी गई। इस बीच, सौरव दास और आशुतोष रंका ने अपनी न्यायिक हिरासत बढ़ाने वाले विशेष कार्यकारी मजिस्ट्रेट के आदेश को दिल्ली उच्च न्यायालय में चुनौती दी है। उनका आरोप है कि जमानत (श्योरिटी) देने के बावजूद उन्हें हिरासत में रखना, उनके स्वतंत्रता के मौलिक अधिकार का उल्लंघन है।
    Click here to Read more
    Prev Article
    Delhi Airport पर Bhagwant Mann पर 50 हजार का जुर्माना, AAP ने केंद्र पर लगाया गंभीर आरोप
    Next Article
    Jammu में नशा तस्करों पर शिकंजा कसेगी Police, सुरक्षा ग्रिड होगा मजबूत: IGP तेजिंदर सिंह

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment