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    ईरान के समर्थन में रायसेन किले से तोप चलाई...VIDEO:अल्लाह-हू-अकबर के नारे लगाए, भोपाल में ट्रंप की जानवर से तुलना; पैरों से रौंदे पोस्टर

    4 hours ago

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    ईरान के खिलाफ US-इजरायल के हमले का आज आठवां दिन है। ईरान पर हमले के खिलाफ मध्य प्रदेश के रायसेन किले से तोप चलाने का एक वीडियो सामने आया है। वीडियो में कहा जा रहा है कि हम ईरान का साथ देने जा रहे हैं। अल्लाह-हू-अकबर। भारत के मुसलमान न कल डरे थे, न आज डरेंगे और न जब तक दुनिया रहेगी, डरेंगे। वायरल वीडियो में दिख रहा है कि चार युवक रायसेन के ऐतिहासिक किले की पहाड़ी पर खड़े हैं। नारे के बाद एक व्यक्ति तोप के पास आता है। वह माचिस से तोप जलाता है। इसके बाद तोप चल जाती है। सामने से पूरा शहर दिखाई देता है। आसपास का इलाका धुएं से भर जाता है। वीडियो किसकी ID से पोस्ट किया गया ? वीडियो दानिश स्टार (danish_star_) की ID से पोस्ट किया गया है। वीडियो को लगभग 4,000 लोगों ने देखा है। 100 से ज्यादा कमेंट्स हैं। इसे लगभग 1,200 बार शेयर किया गया है। कैप्शन में लिखा है "भारत के मुसलमान।" वीडियो अभी तक डिलीट नहीं किया गया है। यह सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। ये 3 तस्वीरें देखिए… रोजा खोलने की सूचना देने के समय बनाया गया वीडियो वीडियो आज (शनिवार) वायरल हुआ है। भोपाल के कुछ युवाओं ने तोप चलते समय वीडियो बनाया था, जिसे वायरल किया है। बताया जा रहा है कि यह वीडियो रमजान के दौरान रोजा खोलने की सूचना देने के समय बनाया गया है। हालांकि वीडियो कि अब तक पुष्टि नहीं हो सकी है। देसी तोप चलाकर रमजान के नाम पर भय फैला रहे वायरल वीडियो पर राष्ट्रीय मानव अधिकार आयोग के सदस्य प्रियंक कानूनगो ने सवाल उठाए हैं। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा, मध्यप्रदेश के रायसेन में पुरातत्व विभाग द्वारा संरक्षित किले की सफील से आवासीय बस्ती के ऊपर देसी अवैध तोप चलाया गया है। जनजीवन को खतरे में डाल रहे हैं। शोहदे ईरान और रमजान के नाम पर भय फैला रहे हैं। लफंगों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए- प्रियंक कानूनगो कानूनगो ने कहा कि आर्कियोलॉजिकल सर्वे ऑफ इंडिया और लोकल एडमिनिस्ट्रेशन के अधिकारी इतनी मेहनत से हिंदुओं को यहां मौजूद महादेव मंदिर में जाने से रोक रहे हैं। उन्हें लफंगों के खिलाफ गैर-कानूनी हथियार बनाने, गोला बारूद चलाने, दहशत फैलाने, आर्कियोलॉजिकल धरोहर को नुकसान पहुंचाने के लिए केस फाइल करने चाहिए। कानूनगो ने कहा कि हम तो कार्रवाई के लिए नोटिस भेज ही रहे हैं, तब अफसरों को कर्तव्य पालन ना करने का हिसाब भी देना होगा। नौकरी सरकार की है। नियम भी सरकार के हैं, इसलिए पालन करवाना होगा। तहसीलदार बोले- कार्रवाई करेंगे रायसेन के तहसीलदार भरत मांडरे ने कहा कि उन्हें वीडियो के बारे में जानकारी मिली है। उन्होंने इस बारे में पुलिस स्टेशन को सूचित कर दिया है। कानूनी कार्रवाई की जाएगी। पुलिस भी जांच के बाद कार्रवाई करेगी। रमजान के महीने में तोप चलाने के लाइसेंस मिलता है रमजान के दौरान जाला प्रशासन रोजेदारों को सेहरी और इफ्तार का समय बताने के लिए रायसेन किले की पहाड़ी से तोप चलाने के लाइसेंस देता है। तोप के लिए बारूद भी दिया जाता है। प्रशासन सरकारी खजाने से एक छोटी तोप और बारूद देता है। रमजान का महीना खत्म होने के बाद तोप को सरकारी खजाने में वापस कर दिया जाता है। रमजान के दौरान सेहरी का ऐलान करने के लिए सुबह करीब 3:30 बजे तोप चलाई जाती है। इसी तरह शाम को इफ्तार के समय तोप चलाई जाती है। तोप में बारूद भरा जाता है। माचिस की तीली से आग लगाई जाती है। कुछ देर बाद एक जोरदार धमाका होता है, जिससे रोजेदारों को समय का पता चलता है। कहा जाता है कि यह परंपरा नवाबी जमाने से चली आ रही है। भोपाल में डोनाल्ड ट्रंप के पोस्टर पैरों से कुचला, जनवरों से की तुलना वहीं दूसरी घटना भोपाल के नरेला विधानसभा क्षेत्र की है। बिस्मिल्लाह कॉलोनी में मस्जिद गरीब नवाज में एक प्रोग्राम के दौरान, US प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रंप के पोस्टर जमीन पर रखकर उन्हें पैरों तले कुचल दिया गया। इस दौरान "इजराइल मुर्दाबाद" और "अमेरिका मुर्दाबाद" के नारे भी लगाए गए। मौलाना रज-उल-हसन हैदरी ने कहा, आज दुनिया में जालिम ताकतें मजलूमों का खून बहा रही हैं। चाहे वह इजराइल हो या अमेरिका, उनके हाथ मजलूमों और बेगुनाहों के खून से रंगे हैं। अल्लाह उन्हें इज्जत दे। मौलाना ने ट्रंप की तुलना जानवर से भी की। हम भूखे रह जाएंगे, लेकिन शिक्षा जरूर मिलेगी मौलाना हैदरी ने कहा, कुछ लोग कहते हैं कि हम भूखे रह जाएंगे, लेकिन शिक्षा जरूर मिलेगी। इसी शिक्षा की वजह से आज दुनिया की राजनीति और टेक्नोलॉजी में उनका असर दिख रहा है। उन्होंने कहा कि मुसलमानों को भी शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ना चाहिए, क्योंकि किसी भी समुदाय की तरक्की का रास्ता शिक्षा से ही होकर जाता है। जब 1979 में ईरान में क्रांति सफल हुई, तो ज्ञान और शिक्षा पर जोर दिया गया। पढ़ें पूरी खबर… यह खबर भी पढ़ें- ईरान बोला- UAE- कुवैत पर हमले में अमेरिकी एयरबेस तबाह ईरान के खिलाफ अमेरिका-इजराइल हमले का आज आठवां दिन है। ईरान ने शनिवार को अमेरिका के हाई-वैल्यू मिसाइल डिफेंस रडार को नष्ट कर दिया। एक US अधिकारी के हवाले से ब्लूमबर्ग की एक रिपोर्ट के मुताबिक करीब 300 मिलियन डॉलर का यह AN/TPY-2 रडार THAAD सिस्टम का हिस्सा था और जॉर्डन के मुवफ्फाक साल्टी एयर बेस पर तैनात था। पढ़ें पूरी खबर…
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