Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    किसान संगठन ने डीएम को ज्ञापन दिया:झूठे मुकदमे वापस न होने पर 26 फरवरी से धरने की चेतावनी

    9 hours ago

    1

    0

    मुजफ्फरनगर में किसान मजदूर संगठन ने प्रदूषण फैलाने वाली एक फैक्ट्री के खिलाफ प्रदर्शन के बाद दर्ज हुए झूठे मुकदमों को लेकर जिलाधिकारी कार्यालय पर ज्ञापन सौंपा। संगठन ने चेतावनी दी है कि यदि ये मुकदमे वापस नहीं लिए गए तो 26 फरवरी से अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया जाएगा। यह मामला मुजफ्फरनगर जिले के नगर कोतवाली क्षेत्र के ग्राम मलीरा में स्थित तिरुपति एंटरप्राइजेज नामक टायर फैक्ट्री से जुड़ा है। ग्रामीणों का आरोप है कि यह फैक्ट्री पुराने रबर टायरों को जलाकर तेल निकालती है, जिससे चिमनी से दिन-रात जहरीला काला धुआं निकलता है। आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में इस प्रदूषण का गहरा असर पड़ रहा है, जिससे सांस की बीमारियों जैसे कैंसर और टीबी के मरीजों की संख्या बढ़ रही है। फैक्ट्री आबादी से महज 100 मीटर की दूरी पर है, जिससे स्थानीय निवासियों के स्वास्थ्य को गंभीर खतरा है। किसान मजदूर संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष ठाकुर पूरन सिंह के नेतृत्व में संगठन ने इस मुद्दे को उठाया था। संगठन के पदाधिकारियों का आरोप है कि फैक्ट्री मालिकों ने प्रशासन को गुमराह कर उनके खिलाफ झूठे मुकदमे दर्ज कराए हैं। संगठन का दावा है कि फैक्ट्री के बाहर धरना देने पर ही पुलिस ने झूठा केस दर्ज किया। इसके अलावा, संगठन के कार्यकर्ताओं को फैक्ट्री मालिक द्वारा फोन पर धमकी देने का भी आरोप है। दो दिन पहले ही पुलिस ने किसान मजदूर संगठन के पदाधिकारियों पर मुकदमा दर्ज किया था, जिसे संगठन अन्यायपूर्ण बता रहा है। जिला अध्यक्ष लोकेश राणा ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि पुलिस द्वारा दर्ज किए गए ये झूठे मुकदमे वापस नहीं लिए गए, तो 26 फरवरी को जिलाधिकारी कार्यालय के बाहर अनिश्चितकालीन धरना प्रदर्शन शुरू किया जाएगा। संगठन का कहना है कि फैक्ट्री बंद नहीं होने तक और प्रदूषण नियंत्रण न होने तक संघर्ष जारी रहेगा। ग्रामीणों ने पहले भी प्रदूषण और उत्पीड़न के खिलाफ आवाज उठाई है तथा डीएम को पत्र सौंपा था, जिसमें फैक्ट्री को तत्काल बंद करने की मांग की गई थी। यह मामला पर्यावरण संरक्षण, स्थानीय स्वास्थ्य और प्रशासनिक निष्पक्षता से जुड़ा हुआ है। किसान मजदूर संगठन ने इसे मजदूर-किसानों के अधिकारों की लड़ाई बताया है और प्रशासन से त्वरित कार्रवाई की अपील की है। यदि मुद्दा हल नहीं हुआ तो बड़े स्तर पर आंदोलन की आशंका जताई जा रही है। वही फैक्ट्री मालिकों को कहना है कि हमारी फैक्ट्री के सभी नॉर्म्स पूरे हैं जो कमियां थी उनको पहले ही पूरी कर ली गई है अब संगठन के लोग बे बुनियाद दबाव बना रहे हैं धरना प्रदर्शन के दौरान प्रदूषण विभाग के अधिकारी बीमा के पर पहुंचे थे उनको सभी कागज चेक कर दिए गए हैं किसी तरह की कोई खामी नहीं है अगर किसी को खामी लगती है तो वह प्रशासन से बात करें क्योंकि किसान संगठन का यह कोई औचित्य नहीं है कि हमारी फैक्ट्री पर आकर इस तरह से धरना प्रदर्शन करें वही फैक्ट्री मालिको के द्वारा एक वीडियो भी जारी किया है जिसमें कुछ युवक फैक्ट्री की दीवार कुत्ते नजर आ रहे हैं लेकिन किस संगठन का कहना है कि यह हमारे लोग नहीं है धरने के वक्त वहां पुलिस भी मौजूद थी और प्रशासन के लोग भी मौजूद थे तो फर्जी मुकदमा क्यों किया गया है
    Click here to Read more
    Prev Article
    डिस्ट्रिक हॉस्पिटल में लगा बायोमेट्रिक सिस्टम:ऑनलाइन अटेंडेंस लगा रहे डॉक्टर और स्टाफ, SIC बोलें- पेशेंट को मिलेगी सुविधा
    Next Article
    मानिकपुर विधायक ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से की भेंट:विधानसभा क्षेत्र के विकास कार्यों पर हुई चर्चा, समाधान का दिया आश्वासन

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment