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    लखनऊ में 4 फर्जी GST फर्मों से 107 संदिग्ध रजिस्ट्रेशन:ढाई करोड़ का ट्रांजेक्शन; एक आरोपी गिरफ्तार, गरीब लोगों के दस्तावेजों से तैयार किए जाते थे फर्जी GST नेटवर्क

    9 hours ago

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    राजधानी में फर्जी जीएसटी फर्मों के जरिए कर चोरी करने वाले एक संगठित गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए क्राइम ब्रांच और इटौंजा पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। जांच में चार से अधिक बोगस फर्मों, 107 संदिग्ध रजिस्ट्रेशन और करीब ढाई करोड़ रुपये के वित्तीय लेनदेन का खुलासा हुआ है। मामले में सीतापुर निवासी बुद्धिप्रकाश अवस्थी को गिरफ्तार किया गया है, जबकि गिरोह से जुड़े अन्य लोगों और बैंक खातों की जांच जारी है। अल्तमस ट्रेडर्स की जांच से खुला फर्जी कंपनियों का नेटवर्क मामले की शुरुआत राज्य कर विभाग के सहायक आयुक्त अभिमन्यु पाठक की शिकायत से हुई थी। थाना इटौंजा में दर्ज मुकदमा संख्या-156/2025 की विवेचना के दौरान सामने आया कि अल्तमस ट्रेडर्स नाम की फर्म वास्तविक रूप से अस्तित्व में ही नहीं थी। इसी फर्म के जरिए फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) क्लेम कर सरकार को राजस्व का नुकसान पहुंचाया जा रहा था। तकनीकी जांच में सामने आए 225 मोबाइल नंबर, 107 कंपनियों के मिले रजिस्ट्रेशन क्राइम ब्रांच ने तकनीकी और वित्तीय जांच के दौरान 10 संदिग्ध आईएमईआई नंबरों का विश्लेषण किया। इसके बाद 225 मोबाइल नंबर सामने आए, जिनमें से 107 नंबरों पर अलग-अलग कंपनियों का जीएसटी पंजीकरण मिला। इसके आधार पर पूरे नेटवर्क का खुलासा हुआ और गिरोह की गतिविधियां सामने आईं। गरीब और जरूरतमंद लोगों के दस्तावेजों का किया जाता था इस्तेमाल पूछताछ में पता चला कि गिरोह पैसों का लालच देकर गरीब और भोले-भाले लोगों से आधार कार्ड, पैन कार्ड, मोबाइल नंबर और बैंक खाते की जानकारी हासिल करता था। इसके बाद फर्जी किरायानामा और बिजली बिल तैयार कर उनके नाम से जीएसटी फर्में पंजीकृत कराई जाती थीं। इन्हीं कंपनियों के माध्यम से फर्जी इनवॉइस बनाकर इनपुट टैक्स क्रेडिट जनरेट किया जाता था। पांच फर्जी कंपनियों का हुआ खुलासा, आरोपी की भूमिका आई सामने जांच में अल्तमस ट्रेडर्स, कुमार ट्रेडर्स, सुप्रीम इंटरप्राइजेज, सनलाइट इंटरप्राइजेज और बुद्धा इंटरप्राइजेज जैसी फर्जी कंपनियों का पता चला है। गिरफ्तार आरोपी बुद्धिप्रकाश अवस्थी इन फर्मों के लिए पते उपलब्ध कराने और जीएसटी रजिस्ट्रेशन कराने में सक्रिय भूमिका निभा रहा था। वह इटौंजा क्षेत्र में किराये की दुकानों के पते का इस्तेमाल कर कंपनियों के संचालन में मदद करता था। अल्तमस ट्रेडर्स के खाते से 2.25 करोड़ का ट्रांजेक्शन, कुल लेनदेन 2.5 करोड़ के पार जांच में पता चला कि पंजाब नेशनल बैंक में संचालित अल्तमस ट्रेडर्स के खाते से करीब 2 करोड़ 25 लाख 99 हजार रुपये का लेनदेन किया गया। इसके अलावा विभिन्न खातों के माध्यम से कुल लगभग 2.5 करोड़ रुपये के वित्तीय ट्रांजेक्शन का पता चला है। पुलिस और जांच एजेंसियां संबंधित बैंक खातों को फ्रीज कराने की प्रक्रिया में जुटी हैं। छह मोबाइल, सात डेबिट कार्ड और बैंकिंग दस्तावेज बरामद गिरफ्तार आरोपी के कब्जे से छह मोबाइल फोन, सात डेबिट कार्ड, एक चेकबुक और अन्य बैंकिंग दस्तावेज बरामद किए गए हैं। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और फर्जी कंपनियों की भूमिका की जांच कर रही है। एडीसीपी क्राइम ने लोगों से की सावधानी बरतने की अपील अपर पुलिस उपायुक्त (अपराध) किरन यादव ने लोगों से अपील की है कि किसी भी लालच में आकर अपने आधार कार्ड, पैन कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस या अन्य मूल दस्तावेज किसी अज्ञात व्यक्ति के साथ साझा न करें। उन्होंने कहा कि ऐसे दस्तावेजों का दुरुपयोग कर बड़े पैमाने पर आर्थिक अपराध किए जा रहे हैं और आम लोगों को इससे सतर्क रहने की जरूरत है।
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