Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    पुलिस की दबिश से दहशत में गई मां की जान:पोस्टमार्टम में हार्ट अटैक, बेटे ने परशुराम चौक पर जूते पहनकर लहराया था नीला झंडा

    3 hours ago

    1

    0

    परशुराम चौक पर जूते-चप्पल पहनकर चढ़ने और नीले झंडे लगाने के मामले में पुलिस की दबिश एक मां की जान पर भारी पड़ गई। आरोपी किशोर से पूछताछ को पहुंची पुलिस को वह तो नहीं मिला, लेकिन परिजनों से सवाल-जवाब कर लौट गई। बेटे को जेल भेजे जाने के डर और पुलिस दबाव से दहशत में आई मां की तीन दिन बाद सोमवार शाम हृदयाघात से मौत हो गई। परिजन का आरोप है कि वायरल वीडियो के बाद पुलिस बेटे को सामने लाने का दबाव बना रही थी, जिससे मां लगातार तनाव में थीं। घटना के बाद इलाके में गुस्सा है। 14 अप्रैल को डॉ. भीमराव आंबेडकर जयंती पर आवास विकास कॉलोनी में कुछ युवक परशुराम चौक पर जूते-चप्पल पहन कर चढ़ गए। इससे आक्रोशित ब्राह्मण संगठनों ने धरना-प्रदर्शन किया। मामले में पुलिस ने अपनी ओर से प्राथमिकी दर्ज की। वीडियो वायरल से पुलिस ने आरोपियों की पहचान की। शनिवार को जगदीशपुरा निवासी दक्ष कर्दम, प्रशांत निगम, शिवम और पुष्पेंद्र को गिरफ्तार किया। आरोपियों को एसीपी कोर्ट से जेल भेजा गया। इससे पहले पूछताछ में आरोपियों ने कई और नाम बताए। इनमें वीडियो में दिखने वाले भी थे। पुलिस अन्य आरोपियों की पहचान के बाद गिरफ्तारी के प्रयास में लगी हुई थी। जगदीशपुरा निवासी विशंभर ने बताया कि बेटी दुर्गेश भीम नगर में किराए के मकान में परिवार सहित रह रही थी। 17 अप्रैल को थाना सिकंदरा पुलिस ने घर में दबिश दी। पुलिस ने बताया कि 16 वर्षीय धेवते का नाम परशुराम चौक मामले में सामने आया है। उस समय धेवता घर में नहीं था। पुलिस 2 घंटे तक उसका इंतजार करती रही। आरोप है कि बेटे को बुलाने का भी दबाव बनाया। इससे बेटी दुर्गेश दहशत में आ गई। उसे गहरा सदमा लग गया। छोड़ दिया था भोजन और पानी पुलिस की दबिश के बाद महिला की तबीयत खराब हो गई। पुलिस के जाने के बाद वह उसे अस्पताल लेकर गए, जहां चिकित्सक ने उपचार के बाद घर भेज दिया। मगर हालत में सुधार नहीं हुआ। मोहल्ले के ही 4 युवक भी पुलिस ने पहले पकड़े थे। इससे दुर्गेश को लग रहा था कि बेटा भी पकड़ा जाएगा। उसने भोजन और पानी छोड़ दिया था। सोमवार दोपहर उसकी हालत ज्यादा बिगड़ गई। उन्हें नजदीक के अस्पताल ले गए जहां से रेफर कर दिया गया। मेडिकल कॉलेज इमरजेंसी में चिकित्सक ने बेटी को मृत घोषित कर दिया। पिता ने आरोप लगाया कि पुलिस ने धेवते को सामने लाने के लिए दबाव बनाया था। डीसीपी सिटी सय्यद अली अब्बास ने बताया-पोस्टमार्टम रिपोर्ट में महिला की मृत्यु का कारण हार्टअटैक से होना आया है। जेल भेजे गए आरोपियों से पूछताछ में महिला के बेटे का नाम सामने आया था। वह वायरल वीडियो भी नजर आ रहा था। इस पर पुलिस पूछताछ के लिए पहुंची थी। मगर उसके नहीं मिलने पर वापस आ गई थी। किसी तरह का दबाव बनाने का आरोप गलत है। -सय्यद अली अब्बास, डीसीपी सिटी
    Click here to Read more
    Prev Article
    बाबा विश्वनाथ से रिंकू सिंह ने मांगी IPL ट्रॉफी:मां गंगा की आरती में 45 मिनट श्रद्धालुओं के बीच बैठे,ससुर में पसंदीदा भोजन किया
    Next Article
    अयोध्या में सूखी शारदा सहायक नहर:जायद फसलों पर संकट, 2 लाख किसान परेशान

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment