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    सौरव और आशुतोष 5 दिन की न्यायिक हिरासत में:रात 3 बजे गिरफ्तारी; CJP नेता कल जंतर-मंतर जाने पर हिरासत में लिए गए थे

    7 hours ago

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    कॉकरोच जनता पार्टी के आशुतोष रांका और सौरव दास को दिल्ली की स्पेशल कोर्ट (SEM) ने 5 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। इनके साथ अजिंक्य शिंदे को भी गिरफ्तार किया गया था। उन्हें निजी मुचलके पर रिहा किया गया है। आशुतोष, सौरव और अजिंक्य को मंगलवार सुबह जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने हिरासत में लिया था। इसके बाद रात 3 बजे तीनों को एहतियातन गिरफ्तार किया गया। आज सुबह तीनों की स्पेशल कोर्ट में पेशी हुई। CJP की लीगल टीम की प्रमुख रत्ना सिंह ने X पर बताया कि तीनों पर बिना इजाजत जंतर-मंतर में घुसने, बॉन्ड की शर्तों का उल्लंघन और सरकारी काम में बाधा डालने के आरोप हैं। आशुतोष और सौरव को तिहाड़ जेल भेजे जाने की संभावना है। दोनों को 10 अक्टूबर को भी फ्लाइट से हिरासत में लिया गया था। पुलिस CJP नेताओं को लेकर मंदिर मार्ग थाने पहुंची, तस्वीरें… दीपके बोले- सौरव और आशुतोष को गैरकानूनी हिरासत में रखा गया CJP के फाउंडर अभिजीत दीपके ने कहा- मैं सरकार से कहना चाहता हूं कि अगर आप देश में इमरजेंसी लगाना चाहते हैं, तो खुलकर आधिकारिक तौर पर लगाइए। यह अघोषित इमरजेंसी क्यों चला रहे हैं। उन्होंने आगे कहा कि कल से सौरव, आशुतोष और अजिंक्य को गैरकानूनी हिरासत में रखा गया और उन्हें अपने वकीलों तक से मिलने नहीं दिया गया। आज सुबह सौरव और आशुतोष को 5 दिन की न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। आखिर उनका गुनाह क्या था? 11 अक्टूबर: 50-50 हजार के मुचलके पर छूटे सौरव-आशुतोष CJP ने ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर और SIR के विरोध में 10 अक्टूबर को जंतर-मंतर पर प्रदर्शन बुलाया था। पुलिस ने CJP फाउंडर अभिजीत दीपके, प्रवक्ता सौरव दास और आशुतोष रांका को दिल्ली एयरपोर्ट पर फ्लाइट से ही हिरासत में लिया था। तीनों को 11 अक्टूबर को दिल्ली कैंट की विशेष कार्यकारी मजिस्ट्रेट अदालत में पेश किया गया था। इसके बाद उन्हें 50-50 हजार रुपए के जमानती मुचलके पर रिहा कर दिया गया। रिहाई की शर्त के मुताबिक, तीनों को एक साल तक शांति बनाए रखनी थी, ऐसा कोई काम नहीं करना था, जिससे शांति भंग हो। इसके लिए बॉन्ड साइन करने की बात सामने आई थी। 12 अक्टूबर: जंतर-मंतर पर सरकार ने प्रदर्शन बैन किया केंद्र सरकार ने 12 अक्टूबर को दिल्ली के जंतर-मंतर को निर्धारित प्रदर्शन स्थल की लिस्ट से हटा दिया। इसे 33 साल पहले प्रदर्शन की जगहों में शामिल किया गया था। यहीं पर अन्ना आंदोलन, पहलवानों का प्रदर्शन, कॉकरोच पार्टी का धरना हुआ था। गृह मंत्रालय की बनाई कमेटी की सिफारिश पर दिल्ली का रामलीला मैदान, बुराड़ी ग्राउंड और पूर्वी दिल्ली का CBD ग्राउंड प्रदर्शन स्थल बनाए गए हैं। CJP ने 12 अक्टूबर को ही CEC ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे और SIR पर रोक की मांग को लेकर जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की परमिशन मांगी थी, लेकिन पुलिस ने इनकार कर दिया था। -------------------------- यह खबर भी पढ़ें… जंतर-मंतर पर धरना-प्रदर्शन बैन, सरकार ने 33 साल पहले इजाजत दी थी; अन्ना आंदोलन, पहलवानों का प्रदर्शन, कॉकरोच पार्टी का धरना यहीं हुए दिल्ली के जंतर-मंतर पर अब प्रदर्शन नहीं हो सकेंगे। केंद्र सरकार ने इसे निर्धारित प्रदर्शन स्थल की लिस्ट से हटा दिया है। सरकार ने 33 साल पहले जंतर-मंतर को प्रदर्शन की जगह तय किया था। यहीं पर अन्ना आंदोलन, पहलवानों का प्रदर्शन, कॉकरोच पार्टी का धरना हुआ था। पढ़ें पूरी खबर…
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