Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    शुगर के मरीज न रखें व्रत-रोजा-डॉ. मोहित सरन:शराब पीने से शुगर मरीजों को बढ़ सकता है खतरा, जा सकती है जान, बरेली में मिलेगी ओपीडी की सुविधा

    10 hours ago

    1

    0

    बदलती जीवनशैली के साथ बीमारियां भी तेजी से बढ़ रही हैं, खासकर डायबिटीज (शुगर) के मरीजों की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। इसी के मद्देनजर, दिल्ली के मनीपाल हॉस्पिटल के विख्यात शुगर रोग विशेषज्ञ डॉ. मोहित सरन ने अब बरेली में भी अपनी सेवाएं शुरू कर दी हैं। अब तक गंभीर शुगर के इलाज के लिए मरीजों को दिल्ली की दौड़ लगानी पड़ती थी, लेकिन अब यह सुविधा स्थानीय स्तर पर उपलब्ध होगी। रविवार को स्टेडियम रोड स्थित केयर अस्पताल में एक विशेष कैंप का आयोजन किया गया, जिसमें डॉ. सरन ने मरीजों की ओपीडी की और प्रेस कॉन्फ्रेंस के जरिए महत्वपूर्ण जानकारियां साझा कीं। साइलेंट हार्ट अटैक का बढ़ा जोखिम डॉ. मोहित सरन ने बताया कि शुगर का सबसे घातक असर हृदय, गुर्दे, आंखों और तंत्रिका तंत्र पर पड़ता है। उन्होंने चेतावनी दी कि शुगर लेवल अनियंत्रित होने से कई बार मरीजों को 'साइलेंट हार्ट अटैक' आता है, जिससे तत्काल मृत्यु का खतरा रहता है। शारीरिक सक्रियता की कमी और फास्ट फूड का बढ़ता चलन युवाओं को 25 साल की उम्र के बाद ही डायबिटीज का शिकार बना रहा है। डॉक्टर ने उदाहरण दिया कि पहले महिलाएं घर के भारी काम जैसे कुएं से पानी निकालना, झाड़ू-पोछा और लंबी पैदल यात्रा स्वयं करती थीं, जिससे वे स्वस्थ रहती थीं, लेकिन अब लाइफस्टाइल पूरी तरह बदल चुका है। शराब और ऑनलाइन दवाइयां हैं जानलेवा डॉक्टर के अनुसार, डायबिटीज के मरीजों के लिए शराब सबसे बड़ा खतरा है। बिना डॉक्टरी परामर्श के शराब का अधिक सेवन शुगर लेवल को अचानक बढ़ा देता है, जो जानलेवा हो सकता है। साथ ही, उन्होंने ऑनलाइन विज्ञापनों के झांसे में आकर खुद से दवाइयां लेने के प्रति भी आगाह किया। बिना जांच के ली गई दवाइयां शुगर कंट्रोल करने के बजाय शरीर को और अधिक नुकसान पहुँचाती हैं। खान-पान में परहेज और नियमित जांच जरूरी डायबिटीज के मरीजों को आलू, चावल और मिठाइयों से दूरी बनाए रखने की सलाह दी गई है। इसके विकल्प के रूप में अंकुरित दाल, चना, सेब, संतरा और सीमित मात्रा में पपीता फायदेमंद होता है। मरीजों को थोड़े-थोड़े अंतराल पर कुछ न कुछ खाते रहना चाहिए ताकि शुगर लेवल स्थिर रहे। डॉक्टर ने सलाह दी कि हर हफ्ते एक बार खाली पेट और खाना खाने के दो घंटे बाद जांच जरूर करानी चाहिए। डायबिटीज के मरीज न रखें व्रत या रोजा डॉ. सरन ने एक महत्वपूर्ण बात कही कि गंभीर डायबिटीज के मरीजों को करवा चौथ का व्रत या रोजा रखने से बचना चाहिए। ऐसी स्थिति में लंबे समय तक भूखा-प्यासा रहने से शुगर लेवल खतरनाक स्तर तक बढ़ या घट सकता है, जो मरीज की जान पर भारी पड़ सकता है। किसी भी स्थिति में डॉक्टर से परामर्श लेना अनिवार्य है। लक्षणों को न करें नजरअंदाज अत्यधिक प्यास लगना, बार-बार पेशाब आना, पैरों में सूजन, नसों में खिंचाव और जोड़ों में दर्द शुगर बढ़ने के शुरुआती लक्षण हैं। डॉ. सरन ने बताया कि स्टेडियम रोड स्थित केयर अस्पताल में वे महीने में एक बार अपनी सेवाएं देंगे। इससे बरेली और आसपास की जनता को दिल्ली जाने की परेशानी से मुक्ति मिलेगी।
    Click here to Read more
    Prev Article
    हाउस टैक्स वसूली में पिछड़े 3 संग्रहकर्ताओं पर कार्रवाई:तीनों के खिलाफ विशेष प्रतिकूल प्रविष्टि की संस्तुति, कई बार दिए गए नोटिस
    Next Article
    बड़ा भक्तमाल महंत अवधेश दास के फेफड़ों से पानी निकला:बोले-भगवान श्रीराम की कृपा से अब स्वास्थ्य में सुधार हो रहा है

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment