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    शंकराचार्य बोले- योगी खुद को हिंदू साबित नहीं कर रहे:काशी में कहा- गोमाता के लिए कोई प्रयास नहीं किया, हम धर्मयुद्ध करेंगे

    10 hours ago

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    '40 दिन का समय दिया गया था, 30 दिन हो चुके हैं, लेकिन योगी खुद को असली हिंदू साबित करते हुए नहीं दिख रहे। गोमाता के लिए कोई प्रयास नहीं किया गया है। इसलिए हमें गोमाता की प्रतिष्ठा के लिए धर्मयुद्ध का ऐलान करना होगा। कौन गाय के पक्ष में है और कौन गाय के विपक्ष में, लाइन खींचकर के देखना होगा। यह जरूरी हो गया है कि 40 दिन बीतने के बाद 41वें दिन हम गोमाता की प्रतिष्ठा के लिए शुरू होने वाले धर्मयुद्ध का शंखनाद लखनऊ में जाकर कर दें। अब जो 10 दिन बचे हैं, उनमें आशा की अंतिम प्रतीक्षा रहेगी। उसके बाद 11 मार्च को 40 दिन की अवधि बीत जाने के बाद शंखनाद करने की जरूरत पड़ेगी।' यह बात शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने सीएम योगी पर निशाना साधते हुए कही। उन्होंने कहा कि 11 मार्च से लखनऊ में गोमाता को राष्ट्रमाता घोषित करने के लिए धर्मयुद्ध का ऐलान करेंगे। इजराइल और अमेरिका की ओर से ईरान पर हमला करने पर शंकराचार्य ने कहा कि जब पाखंड बढ़ता है तो इस तरह का युद्ध होता है। धर्म युद्ध होगा तो इस तरह के भौतिक युद्ध की जरूरत नहीं पड़ेगी। हमने 12 घंटे में जवाब दिया, वह 30 दिन में भी नहीं दे पाए शंकराचार्य ने कहा- हमसे पूछा गया कि 24 घंटे के अंदर बताओ कि तुम खुद को शंकराचार्य कैसे कह सकते हो? हम लोगों ने 12 घंटे में उत्तर दिया। उसके बाद इस बात की जांच के लिए कि हमारे समाज में कुछ ‘कालनेमि’ आ गए हैं। हम लोगों ने भगवा कपड़ा पहनकर के मुख्यमंत्री का दायित्व संभाल रहे आदित्यनाथ जी से पूछा था कि आप बताओ कि आप असली हिंदू कैसे हो? 40 दिन में बताओ। जब 10 दिन बीते, तो हम लोगाें ने आकलन किया कि इन 10 दिनों में इन लोगों ने कुछ किया या नहीं। जब 20 दिन बीता तब भी आकलन किया। आज जब 30 दिन बीत चुके हैं। हम लोगों ने फिर से आकलन किया कि उन्होंने अपने को हिंदू होने के बारे में कुछ स्पष्टता की? उन्होंने गोमाता के बारे में जो देश के सनातनियों की मांग है, उस पर कुछ किया? दुख हो रहा है कि 30 दिन बीत गए, अभी तक गोमाता के लिए उनकी तरफ से कोई ऐसा ऐसा प्रयास हाेता दिखाई नहीं दिया। हां, इस बीच योगी लगभग एक सप्ताह वह विदेश में ही रहे। अब वह यह कह सकते हैं कि मैं यहां था ही नहीं। लेकिन, जब आपके देश के बहुसंख्य लोगों की भावना की अनदेखी करके विदेश जाने का बहाना बनाकर उपेक्षा नहीं कर सकते। इसलिए सुनिश्चित हो गया कि उनके द्वारा कोई प्रयास नहीं किया गया। पढ़िए अमेरिका-इजराइल और ईरान प्रकरण पर क्या कहा शंकराचार्य ने कहा- युद्ध तो हर समय होता ही रहता है। कभी अस्त्र-शस्त्र से होता है, तो कभी शक्ति संतुलन के लिए होता है। हर देश एक-दूसरे के खिलाफ योजना बनाते रहते हैं। लेकिन, कहीं युद्ध हो रहा है, इतने मात्र से हम लोग अपने धर्म की रक्षा की बात ही छोड़ दें। हम छूट दे दें कि युद्ध छिड़ा है गाय को काटकर के खाओ? बेचो, अंग्रेजों को तृप्त करो। अपनी गोमाता को काट-काटकर उनके सामने परोसो। इसी के लिए हमारे पूर्वजों ने स्वतंत्रता संग्राम में भाग लिया था कि अंग्रेजों को भगाओ। जिससे जब वो भाग जाएं तो हम लोग गाय काट-काटकर के उनको भेजें। यह कितनी घृणित बात है। यह युद्ध इसीलिए हो रहा है कि धर्म युद्ध लड़ने बंद हो गए। धर्म युद्ध होगा तो लोगों के मन में धर्म की प्रतिष्ठा होगी। धर्म के नाम पर जो पाखंड हो रहा है, वह समाप्त होगा। जब पाखंड बढ़ जाता है, तभी इस तरह के युद्ध होते हैं। अमेरिका का राष्ट्रपति कहता है कि हमें शांति का नोबल पुरस्कार मिलना चाहिए। युद्ध का सारा इंतजाम भी वही करता है। यह ढोंग है। ऐसा ढोंग जब संसार में फैल जाता है। ढोंग पर अंकुश नहीं लगाया जाता, तो इस तरह के युद्ध हो रहे हैं। इसलिए धर्मयुद्ध बहुत जरूरी है, जिससे इस तरह के भौतिक युद्ध न हों। जान-माल की क्षति लोगों की न हो। हम शांति की कामना नहीं करते हैं, जो गर्मी है वह निकल जाए, ताकि अपने आप शांति हो जाए। इसलिए हो जाने दो। शंकराचार्य को लेकर जारी विवाद का ताजा मामला विस्तार से पढ़िए प्रयागराज माघ मेले में 18 जनवरी को मौनी अमावस्या के दिन शंकराचार्य और प्रशासन के बीच विवाद हुआ था। इसके 8 दिन बाद 24 जनवरी को जगद्गुरु रामभद्राचार्य के शिष्य आशुतोष महाराज ने पुलिस कमिश्नर से शिकायत की। इसमें माघ मेला-2026 और महाकुंभ-2025 के दौरान बच्चों से यौन शोषण के आरोप लगाए थे। पुलिस पर कार्रवाई न करने का आरोप लगाते हुए 8 फरवरी को स्पेशल पॉक्सो कोर्ट में याचिका दाखिल की गई। 13 फरवरी को 2 बच्चों को कोर्ट में पेश किया। 21 फरवरी को उनके बयान दर्ज हुए। कोर्ट के आदेश पर उसी दिन झूंसी थाने में FIR दर्ज की गई। FIR में शंकराचार्य, उनके शिष्य मुकुंदानंद और 2-3 अज्ञात आरोपी बनाए गए। 24 फरवरी को शंकराचार्य ने प्रयागराज एडिशनल कमिश्नर अजय पाल शर्मा पर साजिश रचने का आरोप लगाया। साथ ही इलाहाबाद हाईकोर्ट में अग्रिम जमानत याचिका दायर की। 27 को हाईकोर्ट ने शंकराचार्य को जमानत दे दी। …………………. ये खबर भी पढ़िए- झांसी में भाभी को चाकू मारकर न्यूड भागा प्रेमी देवर...VIDEO:300 मीटर दूर पेड़ से लटककर जान दी, ब्रेकअप से नाराज था झांसी में भाभी पर प्रेमी देवर ने जानलेवा हमला कर दिया। उसने चाकू से पेट और गले पर वार किए। सीना फाड़ दिया। उसकी आतें बाहर आ गईं। इसके बाद आरोपी न्यूड अवस्था में लंगड़ाते हुए भागा और 300 मीटर दूर जाकर पेड़ से लटककर जान दे दी। पढ़िए पूरी खबर…
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