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    TET अनिवार्यता के विरोध में सड़क पर उतरे टीचर:बरेली में मशाल लेकर विरोध जताया, कहा-अनुभवी शिक्षकों के साथ अन्याय

    3 hours ago

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    उत्तर प्रदेश के परिषदीय विद्यालयों में वर्षों से सेवाएं दे रहे शिक्षकों पर टेट (TET) की अनिवार्यता थोपने के विरोध में यूनाइटेड टीचर्स एसोसिएशन (यूटा) ने आंदोलन का बिगुल फूंक दिया है। शनिवार को प्रदेश अध्यक्ष राजेंद्र सिंह राठौर की मौजूदगी और जिलाध्यक्ष भानु प्रताप सिंह के नेतृत्व में शिक्षकों ने शहर में मशाल जुलूस निकालकर विरोध दर्ज कराया। शील चौराहा, राजेंद्र नगर से शुरू हुआ जुलूस शहीद स्मारक सलेक्शन पॉइंट टावर तक पहुंचा, जहां शिक्षकों ने एकजुट होकर सरकार के फैसले के खिलाफ आवाज उठाई। अनुभव का कोई विकल्प नहीं मशाल जुलूस को संबोधित करते हुए प्रदेश अध्यक्ष राजेंद्र सिंह राठौर ने कहा कि अनुभव का कोई विकल्प नहीं होता। वर्षों की सेवा और समर्पण से ही शिक्षक की योग्यता सिद्ध होती है, लेकिन सरकार पात्रता परीक्षा के नाम पर अनुभवी शिक्षकों के स्वाभिमान और उनके लंबे सेवाकाल का अपमान कर रही है। उन्होंने कहा कि नियुक्ति के समय जो नियम तय थे, सेवा के बीच में उन्हें बदलना प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों के खिलाफ है। मानसिक प्रताड़ना बंद करे विभाग यूटा के जिलाध्यक्ष भानु प्रताप सिंह ने कहा कि बरेली का शिक्षक समाज टेट की अनिवार्यता का विरोध करता है। जिन शिक्षकों ने 10 से 15 वर्षों तक कठिन परिस्थितियों में बेसिक शिक्षा व्यवस्था को मजबूत किया, उन्हें अब परीक्षा की कसौटी पर कसना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि विभाग को शिक्षकों को मानसिक रूप से प्रताड़ित करने के बजाय उनकी पदोन्नति और सेवा निरंतरता पर ध्यान देना चाहिए। साथ ही मांग की कि पुराने शिक्षकों को टेट से तत्काल मुक्त किया जाए। इन संगठनों का मिला समर्थन, ये रहे मौजूद इस विरोध प्रदर्शन में प्राथमिक शिक्षक संघ, पूर्व माध्यमिक शिक्षक संघ, राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ, महिला शिक्षक संघ, विशिष्ट बी.टी.सी. एसोसिएशन, अटेवा और एससी-एसटी एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने भी हिस्सा लिया। मशाल जुलूस में प्रमुख रूप से मंडल अध्यक्ष विनोद शर्मा, के. सी. पटेल, जितेंद्र पाल सिंह, हरीश बाबू, हेमंत कुमार, राज पल्याल, प्रवेश यादव, डॉ. योगेश शर्मा, मानवेन्द्र यादव, गुर्जर, सुनील शर्मा, सतेंद्र पाल सिंह, रमेश मौर्या, रवि कुमार सिंह, वीरेंद्र गंगवार, अभिषेक सिंह, अर्पण आर्य, पुष्पेंद्र गंगवार, सुनील कोली, विनोद सिंह, देवराज भारती, हेमंत मौर्या, राजेश कुमार सिंह, कमल भारती, अमर गौतम, अंकित कुमार, रीटा बत्रा, राखी गंगवार, प्रीती सिंह, सपना राजपूत, जसवीर, पवन सागर, धर्मेंद्र गंगवार, सुरेंद्र पाल सिंह, प्रभाकर, सत्यवीर सिंह, वैशाली राघव, श्रवण पटेल, प्रदीप सिंह यादव, सूर्या पुष्कर, जय सिंह, राखी सक्सेना, संजय सिंह, प्रकाश चंद्र गुप्ता, ललित मोहन, शेर सिंह, मुनीश कटियार, पुष्पराज सिंह, करुणाकर वर्मा, अरविंद चौधरी, धर्मवाती, अंजू टमटा, कंचनलाता, नीतू चौधरी, हीरकली, मीना भटनागर, मीनू कश्यप, शकुंतला, पूनम मिश्रा, सीमा राठौर, प्रिया रस्तोगी, पुष्पा कटियार, गायत्री, नीता सक्सेना, विद्या गंगवार, राशि, अनीता, आलम, अर्चना सिंह, कमला, छत्रपाल, विजय, धीरज, गिरजेश, देवेंद्र गंगवार, अजय, ऋतु मिश्रा, मोनिका गुप्ता, मोनिका सागर, अंजलि और सतीश कनोजिया सहित सैकड़ों शिक्षक शामिल हुए।
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