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    4-साल के बच्चे की हत्या पर मोहल्लेवालों का बवाल:लखनऊ में पुलिस के सामने आरोपी पिता के घर पर चढ़े लोग, साथ जेल गई सौतेली मां

    3 hours ago

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    लखनऊ के चौक इलाके में 4 साल के बच्चे की हत्या पर मोहल्लेवाले काफी आक्रोशित हैं। शनिवार को बच्चे के बाप और सौतेली मां को पुलिस घर लेकर पहुंची। यह देखते ही मोहल्ले के लोगों ने बवाल कर दिया। पुलिस दोनों को अंदर सीन री-क्रिएशन के लिए ले गई। बाहर मोहल्लेवालों ने गेट फांदना शुरू कर दिया। लोग मृत बच्चे के बाप और उसकी सौतेली मां को गालियां दे रहे थे। पुलिस दोनों को लेकर जब घर से बाहर निकलने लगी तो लोगों ने घेर लिया। किसी तरह बचते-बचाते पुलिस दोनों आरोपियों को वहां से निकालकर ले जाने लगी। इस दौरान लोग बाप को आधे घंटे के लिए छोड़ देने के लिए चिल्ला रहे थे। उनका कहना था कि इसे छोड़ दो, न्याय हम लोग करेंगे। पुलिस ने जब कहा कि न्याय होगा तो एक शख्स ने कहा- या तो छोड़ दो या फिर तुम लोग ही इसे मारो। घर के माहौल की 3 तस्वीरें- जानिए क्या है मामला- चौक के लाजपतनगर निवासी अधिवक्ता भीष्म खरबंदा ने अपनी दूसरी पत्नी रागिनी के साथ मिलकर मासूम बेटे अर्नव की पीटकर 12 मार्च को हत्या कर दी थी। पुलिस से बचने के लिए उसने अर्नव के बीमार होने का षड्यंत्र रचा। मृतक अर्नव की नानी उन्नाव की सुधा ने जब अर्नव की बॉडी से कपड़े उतारकर देखे तो शरीर पर कई गंभीर घाव के निशान थे। पुलिस ने शव का पोस्टमॉर्टम कराया। उसकी रिपोर्ट में हत्या की पुष्टि हुई। चोट के 18 निशान मिले। पहली पत्नी का बेटा था अर्नव सुधा की लिखित शिकायत पर पुलिस ने अर्नव की हत्या के आरोपी बाप भीष्म और उसकी दूसरी पत्नी रागिनी को गिरफ्तार कर लिया। अर्नव भीष्म की पहली पत्नी स्वाति कश्यप का बेटा था। स्वाति की मौत के बाद भीष्म ने रागिनी से दूसरी शादी कर ली थी। आरोप हैं कि जब रागिनी को भी बेटा हो गया तो भीष्म और सौतेली मां रागिनी ने बच्चे को मारना-पीटना शुरू कर दिया। अब पढ़िए मोहल्लेवालों का बवाल- लोगों ने पुलिस से छुड़ाकर पीटने की कोशिश की शनिवार को चौक पुलिस सबूत जुटाने के लिए बच्चे की हत्या के आरोपी पति-पत्नी को उनके घर ले गई थी। हत्यारे माता-पिता को देख स्थानीय लोग आक्रोशित हो गए। कुछ ही देर बाद भीष्म के घर के बाहर लोगों का जमावड़ा लग गया। पुलिस फोर्स आरोपियों को आक्रोशित मोहल्लेवालों से बचाते हुए उनके घर ले गई। इस बीच घर के बाहर लोगों ने नारेबाजी शुरू कर दी। कुछ लोगों ने गेट फांदने का प्रयास किया। करीब एक घंटे बाद पुलिस पति-पत्नी को घर के बाहर लाए। इस पर स्थानीय लोगों ने उन्हें पीटने का प्रयास किया, गाली-गलौज की। आक्रोशित लोग पुलिस से कह रहे थे कि आरोपियों को उनके हवाले कर दिया जाए। पुलिस के मना करने पर बोले कि तुम लोग ही इन्हें मारो। दामाद बनाकर यहां से ले जा रहे हो। माता-पिता ऐसा कर सकते हैं, इसकी उम्मीद नहीं पड़ोसी अमन ने बताया कि घटना को पहले मोहल्ले के लोग हादसा मान रहे थे। किसी को उम्मीद नहीं थी कि कोई माता-पिता ऐसा कर सकते हैं। लेकिन, पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट आने के बाद लोगों में गुस्सा भर गया। मोहल्ले में ऐसी पहली घटना हुई है। भीष्म और उसकी पत्नी रागिनी स्थानीय लोगों से मतलब नहीं रखते थे। अर्नव को भी घर के बाहर निकलने नहीं देते थे। आक्रोशित लोग पुलिस से आरोपितों को सरेआम पीटने की गुजारिश करते रहे। लोगों ने पुलिस से आरोपियों को फांसी दिए जाने की मांग की है। एक बार बच्चे को लेकर मंदिर आया था मोहल्ले में बने मंदिर के पुजारी सुंदरम उपाध्याय ने बताया कि आरोपी भीष्म बच्चे के साथ मंदिर आता था। कभी ऐसा नहीं लगा कि इतना क्रूर और र्निदायी होगा। बच्चे को साथ लेकर आता तो लेकिन किसी अन्य को नहीं देता था। अपनी गोद में ही रखता था। एक बार मंदिर लेकर आया नीचे उतारा लेकिन बच्चा बैठा नहीं पाया। जब घटना की जानकारी हुई तब एहसास हुआ कि शायद पिटाई की चलते बच्चा बैठ नहीं पाता था। आरोपियों को फांसी की सजा होनी चाहिए। ऐसी सजा मिले कि कोई दोबारा करने की न सोचे डॉ. ज्योति सिंह एक एनजीओ संचालिका हैं जो ऐसे मामलों में न्याय दिलाने का काम करती हैं। ज्योति ने कहा- इस मामले में बच्चों के सिर से लेकर पैर तक इतनी गंभीर चोटे मिली हैं, बिना पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के पता चल जाता कि बच्चे की हत्या की गई है। इस घटना में बच्चे को न्याय दिलाने के लिए अंत तक पैरवी करूंगी। इसमें जो भी खर्च आएगा उसे खुद उठाऊंगी। उनका कहना है आरोपियों को सख्त से सख्त सजा मिले। ऐसी सजा मिले कि मिसाल बने। लड़का पैदा होने के बाद खटकने लगा अर्नव भीष्म ने कोर्ट से केस लड़कर अर्नव की कस्टडी ली। कुछ दिन तो ठीक रहा फिर उसके प्रति रवैया बदल गया। भीष्म की दूसरी पत्नी एक बेटी के साथ आई थी, जबकि दूसरा बेटा भीष्म से हुआ। दो लड़के हो जाने की वजह से रागिनी और भीष्म को प्रॉपर्टी का डर सताने लगा। उसके बाद से उसे प्रताड़ित करना शुरू कर दिया। मामले में इंस्पेक्टर चौक नागेश उपध्याय का कहना है कि दोनों को जेल भेज दिया गया है। कोर्ट से पूछताछ के लिए रिमांड मांगी गई है। ननिहाल में मनाया गया था पिछला बर्थडे अर्नव का पिछला बर्थडे उन्नाव में ननिहाल में मनाया गया था। इसका एक वीडियो आया है। इसमें मामा, मौसी, नानी मिलकर उसका बर्थडे सेलिब्रेट कर रहे हैं। उसके लिए ढेर सारे खिलौने रखे हुए हैं। केक काटा गया। उसके बाद अर्नव खिलौनों से खेलता दिख रहा है। वीडियो से अंदाजा लगाया जा सकता है कि ननिहालवाले अर्नव को कितना लाड-प्यार करते थे। ------------------------------ संबंधित खबर भी पढ़िए- ग्राउंड रिपोर्ट- 4 साल के मासूम के शरीर पर 18 चोट : लखनऊ में आरोपी पिता-सौतेली मां हिरासत में; मौसी बोली- 6 महीने से पीट रहे थे लखनऊ के चौक इलाके में 4 साल के बच्चे अर्नव की मौत को लेकर शॉकिंग खुलासा हुआ है। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में बच्चे की शरीर पर चोट के 18 गंभीर निशान मिले हैं। कई हड्डियां टूटी थीं। पुलिस मान रही है कि बच्चे को बेरहमी से पीटने के बाद मुंह दबाकर मार डाला गया। बच्चे की नानी की शिकायत पर पिता और सौतेली मां के खिलाफ हत्या का केस दर्ज कर लिया गया है। बच्चे की मौत गुरुवार को हुई थी। पुलिस ने पिता और सौतेली मां को हिरासत में ले लिया है। (पूरी खबर पढ़िए)
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