Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    अब परिषदीय स्कूल परीक्षा में 'पंडित' सवाल पर बवाल:आगरा में सातवीं के पेपर पर आपत्ति, शिक्षक बोले- जानबूझकर ब्राह्मणों को अपमानित किया जा रहा

    6 hours ago

    1

    0

    यूपी पुलिस की दरोगा परीक्षा में पंडित वाले सवाल के बाद अब आगरा के परिषदीय स्कूल में मामला आया है। बेसिक शिक्षा विभाग के स्कूल के 7वीं क्लास की परीक्षा में पूछा गया एक प्रश्न फिर सुर्खियों में है। दरअसल, प्रश्न पत्र में एक सवाल पूछा गया है- प्रहेलिका: पाठ के आधार पर, वह कौन है जो बिना पैर के दूर तक जाता है और साक्षर है लेकिन पण्डित नहीं है…। इस सवाल पर ब्राह्मण समाज ने नाराजगी जताई है। हालांकि, मामला सुर्खियों में आने के बाद बीएसए ने जांच कराने की बात कही है। ब्राह्मण समाज से जुड़े लोगों के अनुसार, जो प्रश्न पूछा गया वह प्रहेलिका पाठ में पहेली ही नहीं है। पेपर सेटर ने जानबूझकर किया है। अब पढ़िए क्या प्रश्न पूछा गया.. प्रहेलिका: पाठ के आधार पर वह कौन है जो बिना पैर के दूर तक जाता है और साक्षर है लेकिन पंडित नहीं है. उत्तर: 1-बादल, 2-पक्षी, 3-वायु, 4- पत्र ये है पूरा मामला यूपी के परिषदीय स्कूलों में वार्षिक परीक्षाएं चल रही हैं। मंगलवार को आगरा के परिषदीय स्कूल में कक्षा सात के छात्र संस्कृत की परीक्षा दे रहे थे। संस्कृत के प्रश्न पत्र के पांचवें नंबर पर एक प्रहेलिका (पहेली) पूछी गई थी। सवाल था… “वह कौन है जो बिना पैर के दूर तक जाता है और साक्षर है लेकिन पंडित नहीं है?” सवाल को हाईलाइट करते हुए किसी ने सोशल मीडिया पर अपलोड कर दिया। उधर, उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के पदाधिकारियों इसका विरोध जताया। संघ के प्रदेश संगठन मंत्री बृजेश दीक्षित ने कहा- ये जानबूझकर किया जा रहा है। ब्राह्मण समाज को जानबूझकर अपमानित किया जा रहा है। उन्होंने दावा किया कि पाठ्यपुस्तक के संबंधित पाठ में ऐसी किसी पहेली का जिक्र ही नहीं है, जिसे विभाग ने आधार बनाया है। पेपर सेटर के विरुद्ध कार्यवाही होनी चाहिए। जिलाध्यक्ष धर्मेंद्र कसाना ने कहा- 'जिला स्तर पर एक कमेटी होती है, जिसमें डायट एवं जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी होते हैं। उन पर पेपर बनाने और पेपर चेक करने की जिम्मेदारी होती है। जांच के दिए आदेश इस मामले में बीएसए जितेंद्र गौड़ ने कहा- यह एक संवेदनशील मुद्दा है। हमने परीक्षा पेपर की जांच शुरू कर दी है। पूरी रिपोर्ट शासन को भेज रहे हैं। रिपोर्ट मिलने के बाद कार्रवाई की जाएगी। दरोगा भर्ती का सवाल, जिससे शुरू हुआ बवाल दरअसल, दरोगा भर्ती परीक्षा के पहले दिन शनिवार (14 मार्च) को सामान्य हिंदी के प्रश्नपत्र में पूछा गया था- अवसर के हिसाब से बदल जाने वाले को क्या कहेंगे? इसके 4 विकल्पों में पंडित, अवसरवादी, निष्कपट और सदाचारी थे। सवाल सामने आते ही विरोध शुरू हो गया। डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा- यह मामला स्वीकार्य नहीं है। जांच के बाद जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई की जाएगी। भाजपा के ब्राह्मण विधायकों ने भी विरोध जताते हुए सीएम को लेटर लिखकर कार्रवाई की मांग कर दी। अगले दिन सीएम योगी ने सभी भर्ती बोर्ड को निर्देश दिए। कहा कि जाति, धर्म को लेकर अमर्यादित टिप्पणी न की जाए। यह कतई बर्दाश्त नहीं है। बार-बार ऐसी गलती करने वालों को प्रतिबंधित किया जाए। ………………….. ये खबरें पढ़िए- दरोगा भर्ती में 'पंडित' पर बवाल, जान देने पहुंचा भगवाधारी : लखनऊ में भर्ती बोर्ड ऑफिस में घुसा, केरोसीन छिड़का; पुलिसवालों ने पकड़ा लखनऊ में पुलिस भर्ती बोर्ड मुख्यालय पर भगवाधारी युवक ने मंगलवार को सुसाइड की कोशिश की। वह अपने साथ बोतल में केरोसीन लेकर पहुंचा था। बोर्ड के मेन गेट से अंदर घुसते हुए उसने अपने ऊपर केरोसीन छिड़कना शुरू किया। वहां मौजूद पुलिसकर्मियों ने उसे तुरंत पकड़ लिया। (पूरी खबर पढ़िए)
    Click here to Read more
    Prev Article
    रेप के बाद बच्ची की हत्या, शव लेकर भागे पुलिसवाले:कानपुर पुलिस से परिवार ने बॉडी छीनी, अंतिम संस्कार नहीं करने पर अड़े
    Next Article
    बलिया में महिलाओं का प्रदर्शन, शराब दुकान हटाने की मांग:डीएम प्रतिनिधि को सौंपा ज्ञापन, अवैध भट्ठियों पर कार्रवाई की मांग

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment