Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    बकराईद पर घर या स्लाटर हाउस में ही करें कुर्बानी:खुले में अवशेष न फेंकें, मौलाना शहाबुद्दीन ने जारी की अपील, प्रतिबंधित पशुओं की कुर्बानी न करने की हिदायत दी

    11 hours ago

    1

    0

    28 मई को मनाए जाने वाले बकराईद त्योहार को लेकर ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने समाज के लोगों के लिए विशेष दिशा-निर्देश जारी किए हैं। उन्होंने त्योहार को शांति, सौहार्द और स्वच्छता के साथ मनाने की अपील की है। मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने विशेष रूप से ताकीद की है कि नमाज के दौरान सड़कों या चौराहों पर जाम की स्थिति न बने और कुर्बानी की प्रक्रियाओं को पूरी तरह से निजी या निर्धारित स्थानों पर ही अंजाम दिया जाए। सड़कों और चौराहों पर न पढ़ें नमाज मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने अपील की है कि बकराईद की नमाज मस्जिदों या ईदगाहों के भीतर ही अदा की जाए। सड़कों, रास्तों या चौराहों पर नमाज पढ़ने से राहगीरों को असुविधा होती है, जिससे बचना चाहिए। उन्होंने शरीयत का हवाला देते हुए सुझाव दिया कि यदि किसी मस्जिद या ईदगाह में जगह कम हो और नमाजी ज्यादा हों, तो वहां अलग-अलग इमामों के नेतृत्व में दो, तीन या चार जमातों में शिफ्ट के अनुसार नमाज का इंतजाम किया जा सकता है। इससे नमाज भी सुकून से अदा होगी और सार्वजनिक स्थलों पर कोई बाधा भी उत्पन्न नहीं होगी। खुले स्थानों पर कुर्बानी करने से बचें कुर्बानी को लेकर हिदायत दी गई है कि किसी भी हाल में खुले स्थानों पर पशुओं की कुर्बानी न की जाए। इसके लिए घरों के बंद अहातों या स्लाटर हाउस का ही उपयोग करें। इसके साथ ही यह भी कहा गया है कि कुर्बानी के बाद निकलने वाले अवशेषों, जैसे खून, खाल और गंदगी को खुले में न फेंकें। इसके लिए एक गड्ढा खोदकर उसमें सभी अवशेषों को सुरक्षित तरीके से दफन कर दें, ताकि पर्यावरण और स्वच्छता प्रभावित न हो। प्रतिबंधित पशुओं की न करें कुर्बानी देश में धार्मिक भावनाओं और आपसी सौहार्द को बनाए रखने के लिए मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने प्रतिबंधित पशुओं, जैसे गाय आदि की कुर्बानी न करने की सख्त हिदायत दी है। उन्होंने कहा कि भारत में कई समुदायों के लोगों की आस्था गाय से जुड़ी हुई है। किसी की भी धार्मिक भावनाओं को ठेस न पहुंचे, इसका पूरा ध्यान रखा जाना चाहिए। त्योहार का मकसद खुशियां बांटना है, न कि किसी विवाद को जन्म देना। सोशल मीडिया पर न डालें फोटो और वीडियो नौजवानों और परिवारों से विशेष अपील की गई है कि वे कुर्बानी के वक्त की तस्वीरें या वीडियो न बनाएं। इन तस्वीरों या वीडियो को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर शेयर करने से पूरी तरह परहेज करें। ऐसी गतिविधियों से सामाजिक माहौल बिगड़ने की आशंका रहती है, इसलिए त्योहार की गरिमा और संवेदनशीलता को बनाए रखना हर नागरिक की जिम्मेदारी है।
    Click here to Read more
    Prev Article
    जमीयत उलेमा-ए-हिंद का ईद से पहले अमन पैगाम:मुजफ्फरनगर बैठक में प्रतिबंधित पशु कुर्बानी से मना, सड़क पर नमाज का इरादा नहीं
    Next Article
    लखनऊ में विश्व हिंदू परिषद ने कलेक्ट्रेट घेरा:KGMU स्थित दरियावाली मस्जिद का गेट तोड़ने की मांग, बोले- बुलडोजर बंद पड़ गया

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment