Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    ईरान पर सैन्य हमलों पर नागरिक समाज को विरोध प्रदर्शन:किसान नेता आशीष मित्तल बोले- तनाव से तेल व गैस आपूर्ति बाधित होने का खतरा

    17 hours ago

    1

    0

    प्रयागराज के पत्थर गिरजाघर पर नागरिक समाज ने ट्रंप-नेतन्याहू प्रशासन के खिलाफ जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शन की शुरूआत 'जालिम वापस जाओ' क्रांतिकारी गीत से हुआ। जिसमें ईरान पर सैन्य हमलों की कड़ी निंदा की गई। नागरिक समाज से जुड़े संगठनों ने 28 फरवरी को अमेरिका और इजराइल द्वारा तेहरान सहित ईरान के शहरों पर बमबारी को अंतरराष्ट्रीय कानूनों का उल्लंघन बताया। ट्रेड यूनियन नेता कमल ऊसरी ने कहा कि इससे सैकड़ों निर्दोषों की मौत हुई और क्षेत्र में युद्ध जैसी स्थिति बन गई। पश्चिम एशिया पहले से इराक, सीरिया और यमन जैसे युद्धों से तबाह है, यह हमला अस्थिरता बढ़ाएगा। किसान नेता आशीष मित्तल ने कहा कि तनाव से तेल-गैस आपूर्ति बाधित हो सकती है, जिसका असर वैश्विक अर्थव्यवस्था और भारत पर पड़ेगा। किसी देश के राष्ट्राध्यक्ष की हत्या अंतरराष्ट्रीय कानूनों का खुला उल्लंघन है। यह न केवल विश्व शांति के लिए घातक है, बल्कि खाड़ी क्षेत्र और पूरी दुनिया की अर्थव्यवस्था को खतरे में डाल रहा है। यह आम जनता के हितों के विरुद्ध है। उनका कहना है कि भारत को निष्पक्ष रहते हुए शांति के लिए कड़े कदम उठाने चाहिए न कि केवल चुनिंदा घटनाओं पर प्रतिक्रिया देनी चाहिए। दिशा छात्र संगठन की निधि ने भारत सरकार से अमेरिका-इजराइल हमलों की निंदा करने की मांग की। प्रदर्शन में ऋषेश्वर उपाध्याय (पेंशनर एसोसिएशन), अविनाश मिश्रा, सुभाष पांडे (ट्रेड यूनियन), आनंद मालवीय (सीपीआई), असरार नियाजी (सिविल लिबर्टी मूवमेंट), अंशु मालवीय, राजकुमार पथिक (एआईकेएमएस), सत्येंद्र (सर्वोदय मंडल), चित्तजीत मित्रा (पीयूसीएल महासचिव), प्रशांत (नौजवान भारत सभा), वसीम (शिक्षक संघ), सीमा आजाद (पीयूसीएल यूपी अध्यक्ष), निधि (दिशा), मोईन हबीबी, सोनू यादव (आईसा) ने भाग लिया। अन्य शामिल: राजेंद्र सिंह, भीम लाल, विकास स्वरूप, चंचल, प्रियांशु। अंत में ईरान की जनता के साथ एकजुटता और पश्चिम एशिया में शांति की अपील की गई।
    Click here to Read more
    Prev Article
    फर्रुखाबाद में फाल्गुन महोत्सव कल:क्रिश्चियन इंटर कॉलेज मैदान में व्यापक तैयारियां, 10 हजार से ज्यादा लोग पहुंचेंगे
    Next Article
    सीडीओ का एआरटीओ कार्यालय पर छापा:ऑपरेटर बर्खास्त, दलाल पर एफआईआर कराने के निर्देश

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment