Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    जैसलमेर में स्कूल बस में आग लगी:17 बच्चे बैठे थे, धुआं उठते ही ड्राइवर ने बाहर निकाला, बैग-सामान जला; बिना फिटनेस दौड़ रही थी

    14 hours ago

    1

    0

    जैसलमेर में मंगलवार सुबह 6:30 बजे चलती स्कूल बस में अचानक भीषण आग लग गई। बस में 17 बच्चे सवार थे। इंजन से धुआं उठते ही ड्राइवर ने तुरंत बस रोककर सभी बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। इसके बाद कुछ ही मिनट में बस आग का गोला बन गई। हादसा सदर थाना इलाके के धऊवा गांव के पास हुआ। सूचना पर फायर ब्रिगेड की 3 गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग पर काबू पाया। आग बुझने तक बस जलकर कबाड़ हो चुकी थी। गनीमत रही कि किसी बच्चे को चोट नहीं आई। हालांकि बच्चों के स्कूल बैग, कॉपी-किताबें और बस में रखा अन्य सामान जल गया। प्रारंभिक जांच में आग लगने का कारण बस की वायरिंग में शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है। थाना प्रभारी महेंद्र कुमार सीरवी ने बताया- सभी बच्चे सुरक्षित हैं। उन्हें परिजनों के साथ घर भेज दिया गया। पुलिस हादसे के कारणों की जांच कर रही है। जांच में सामने आया है कि बस का फिटनेस सर्टिफिकेट 13 दिन पहले खत्म हो चुका था। पहले देखिए, घटना से जुड़ी PHOTOS… इंजन वाले हिस्से से उठने लगा धुआं सदर थाना प्रभारी महेंद्र कुमार सीरवी ने बताया- बस पिथला गांव से बच्चों को लेकर शहर से करीब 12 किमी दूर डाबला रोड स्थित एसएम पब्लिक स्कूल जा रही थी। धऊवा के पास पहुंचते ही सड़क पर बने गड्ढे में अचानक आगे का पहिया आ जाने से बस में झटका लगा और शॉर्ट सर्किट हो गया। इंजन वाले हिस्से से अचानक धुआं उठने लगा। देखते ही देखते आग की लपटें निकलने लगीं। ड्राइवर ने तुरंत बस रोकी, बच्चों को बाहर निकाला ड्राइवर द्वारकाराम ने बिना देर किए बस को सड़क किनारे रोक दिया। गेट खोलकर एक-एक कर सभी बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। स्थानीय ग्रामीणों ने भी मौके पर पहुंचकर मदद की। बच्चों को बस से दूर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया। समय रहते बच्चों को बाहर निकालने से बड़ा हादसा टल गया। हालांकि मौके पर कुछ देर अफरा-तफरी का माहौल रहा। घटना की सूचना पुलिस और नगर परिषद के अग्निशमन विभाग को दी गई। बस का फिटनेस सर्टिफिकेट हो चुका था एक्सपायर DTO टीकूराम पूनड़ ने बताया- हादसे के कारणों के साथ बस के डॉक्यूमेंट्स की भी जांच की जा रही है। बस की फिटनेस 29 जुलाई 2026 को खत्म हो गई थी। हालांकि, हमारे यहां पिछले नवंबर से फिटनेस का काम बंद है, क्योंकि अब यह जोधपुर में हो रहा है। बाकी सभी कागज पूरे हैं। जांच के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। रोज 17 बच्चों को स्कूल लेकर आती है बस स्कूल प्रिंसिपल प्रदीप कुमार यादव ने बताया- स्कूल में 1100 बच्चे पढ़ते हैं। ऐसा पहले कभी नहीं हुआ। ड्राइवर द्वारकाराम पिछले 10 साल से हमारे साथ काम कर रहा है। यह बस सुबह 5 बजे पिथला गांव से आती है। 17 बच्चों को लेकर स्कूल आती है। धुआं उठता देखा तो दौड़कर बस के पास गए प्रत्यक्षदर्शी (स्थानीय निवासी) रंजीत सिंह ने बताया- आज सुबह जब हम उठकर बाहर आए तो देखा कि धुआं उठ रहा है। हमने सोचा कि सुबह कोई कुछ जला रहा होगा, लेकिन जब आग दिखाई दी तो हम दौड़कर बस के पास गए। तब तक बस से सारे बच्चे बाहर आ चुके थे। बच्चों का सामान, किताबें आदि जल गईं। इसके बाद दमकल और पुलिस मौके पर पहुंची। गनीमत रही कि कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ। … यह खबर भी पढ़ें… स्कूल-बस हादसे में घायल छात्रा की मौत के बाद हंगामा:ग्रामीणों ने प्रदर्शन किया, स्कूलों की गाड़ियां रोकी, 42 सीटर बस में मिले 98 बच्चे जयपुर जिले के जोबनेर में दो दिन पहले हुए स्कूल बस हादसे में घायल छात्रा की मौत हो गई। सूचना मिलते ही ग्रामीण भड़क गए। लोगों ने निजी स्कूलों की 4 बसों को रोककर जमकर प्रदर्शन और नारेबाजी की। (पूरी खबर पढ़ें)
    Click here to Read more
    Prev Article
    डेरा मुखी की 10 साल की सजा बरकरार:हाईकोर्ट ने जेल भेजा, ₹6 लाख हर्जाना देने को कहा; होशियारपुर में श्रद्धालु की बेटी का रेप किया
    Next Article
    28 अगस्त की रेस से बाहर हुई श्रद्धा कपूर की ‘ईथा’, अब इस दिन सिनेमाघरों में होगी एंट्री

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment