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    केसेस के टाइम बाउंड निपटारे की मांग वाली अर्जी खारिज:सुप्रीम कोर्ट ने कहा-हम वकीलों से टकराव नहीं चाहते; स्थगन पर गाइडलाइन बनाने से भी इनकार

    18 hours ago

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    सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को केसेस के टाइम बाउंड (समयबद्ध) निपटारे की मांग वाली अर्जी खारिज कर दी। साथ ही देशभर के कोर्ट्स में स्थगन (एडजर्नमेंट) पर गाइडलाइन बनाने की मांग पर सुनवाई से इनकार कर दिया। इसी दौरान बेंच ने हल्के-फुल्के अंदाज में कहा, हम वकीलों से दुश्मनी नहीं लेना चाहते। हम वकीलों के दोस्त हैं। जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस वी. मोहन की बेंच में यह याचिका एक वकील की ओर से दायर की गई थी। याचिकाकर्ता खुद कोर्ट में पेश हुए और कहा कि अर्जी का मकसद कोर्ट्स में अनियंत्रित स्थगन पर दिशा-निर्देश तय कराना है। केस फ्लो मैनेजमेंट पॉलिसी बनाने की मांग की थी हालांकि, सुप्रीम कोर्ट ने इन मांगों पर कोई दिशा-निर्देश जारी करने से इनकार करते हुए याचिका को खारिज कर दिया। --------------------------- ये खबर भी पढ़ें: हाईकोर्ट 3 महीने से ज्यादा फैसला सुरक्षित न रखें:सुप्रीम कोर्ट का निर्देश- जमानत पर आदेश उसी दिन या अगले दिन दें, अपलोड तुरंत करें सुप्रीम कोर्ट ने देशभर के सभी हाईकोर्ट में फैसलों में देरी पर चिंता जताई है। कोर्ट ने शुक्रवार को कहा, ‘किसी भी मामले में फैसला सुरक्षित (रिजर्व) रखने के बाद उसे 3 महीने के भीतर सुनाया जाना चाहिए। अगर 3 महीने तक फैसला नहीं आता है, तो हाईकोर्ट के रजिस्ट्रार जनरल उस मामले को चीफ जस्टिस के सामने रखेंगे।’ पढ़ें पूरी खबर…
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