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    लखनऊ में चाइनीज मांझा के खिलाफ अभियान:एक हफ्ते में 11,899 दुकानों पर छापे; 14 मुकदमे, 13 गिरफ्तार, भारी मात्रा में प्रतिबंधित मांझा बरामद

    3 hours ago

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    राजधानी लखनऊ में प्रतिबंधित चाइनीज और सिंथेटिक मांझे के खिलाफ पुलिस ने एक सप्ताह का विशेष अभियान चलाकर बड़ी कार्रवाई की है। निर्माण, भंडारण, बिक्री और उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध के बावजूद बाजारों में इसकी मौजूदगी की शिकायतों के बीच पुलिस ने 11,899 दुकानों और 117 गोदामों की जांच की। 24 फरवरी की शाम जारी किए गए आंकड़े में अभियान के दौरान भारी मात्रा में चाइनीज मांझा बरामद किया गया, 14 अभियोग दर्ज हुए और 13 लोगों को गिरफ्तार किया गया। एक सप्ताह का विशेष अभियान, बाजारों में व्यापक चेकिंग पुलिस के अनुसार प्रतिबंधित चाइनीज, सिंथेटिक, सीसा-लेपित और नायलॉन पतंग डोरी के खिलाफ शहरभर में समन्वित अभियान चलाया गया। इस दौरान थाना स्तर पर टीमों का गठन कर बाजारों, गोदामों और थोक विक्रेताओं की सघन जांच की गई। कुल 11,899 दुकानों और 117 गोदामों की चेकिंग की गई, जिसमें कई स्थानों से प्रतिबंधित मांझा बरामद हुआ। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि अभियान का उद्देश्य केवल जब्ती तक सीमित नहीं है, बल्कि सप्लाई चेन को तोड़ना भी है, ताकि निर्माण से लेकर खुदरा बिक्री तक पूरी कड़ी पर रोक लगाई जा सके। 14 मुकदमे दर्ज, 13 आरोपी गिरफ्तार चेकिंग के दौरान नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर 14 अभियोग पंजीकृत किए गए। इन मामलों में 13 व्यक्तियों को गिरफ्तार कर कानूनी कार्रवाई की गई है। पुलिस का कहना है कि जिन लोगों ने प्रतिबंध के बावजूद मांझे का भंडारण या बिक्री की, उनके खिलाफ कठोर धाराओं में कार्रवाई की जा रही है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यह कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी और किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मानव जीवन और पक्षियों के लिए घातक पुलिस ने बयान जारी कर दोहराया है कि चाइनीज और सिंथेटिक मांझा मानव जीवन के लिए अत्यंत घातक है। विशेष रूप से दोपहिया वाहन चालकों, बच्चों और खुले आसमान में उड़ने वाले पक्षियों के लिए यह गंभीर खतरा बनता है। कई मामलों में गर्दन और चेहरे पर गहरे घाव, गंभीर चोटें और जानलेवा हादसे सामने आ चुके हैं। विशेषज्ञों के मुताबिक नायलॉन और सीसा-लेपित मांझा मजबूत और कम दिखाई देने वाला होता है, जिससे चलते वाहन चालक समय रहते उसे देख नहीं पाते और दुर्घटना का शिकार हो जाते हैं। निर्माण से उपयोग तक सब दंडनीय अपराध पुलिस ने साफ किया है कि प्रतिबंधित मांझे का निर्माण, भंडारण, बिक्री और उपयोग सभी दंडनीय अपराध की श्रेणी में आते हैं। केवल बेचने वाले ही नहीं, बल्कि उपयोग करने वालों पर भी कार्रवाई की जा सकती है। अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि किसी भी प्रकार का प्रतिबंधित मांझा न खरीदें और न ही उसका इस्तेमाल करें। आमजन से अपील: तुरंत दें सूचना पुलिस ने नागरिकों से सहयोग की अपील करते हुए कहा है कि यदि कहीं भी प्रतिबंधित चाइनीज या सिंथेटिक मांझे के निर्माण, भंडारण या बिक्री की जानकारी मिले तो तत्काल स्थानीय 112 पुलिस या निकटतम थाने को सूचित करें। सूचना देने वाले की पहचान गोपनीय रखी जाएगी। पुलिस का कहना है कि जनसहयोग के बिना इस तरह के अवैध कारोबार पर पूरी तरह अंकुश लगाना संभव नहीं है, इसलिए जागरूकता और सतर्कता दोनों जरूरी हैं।
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