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    लखनऊ में PACS कर्मचारियों का विरोध प्रदर्शन:परमानेंट करने कि मांग पर अड़े,प्रदेशभर के कर्मचारी जुटे, बोले- राज्य कर्मचारी का दर्जा मिले

    3 hours ago

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    लखनऊ इको गार्डन में प्रदेशभर की साधन सहकारी समितियों के कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं । सभी कर्मचारी आज से अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे हैं। पैक्स (PACS) कर्मचारियों ने वेतन भुगतान की व्यवस्था सरकारी कोष से करने, बकाया वेतन दिलाने और वेतन निर्धारण की व्यवस्था में बदलाव की मांग उठाई। कर्मचारियों का कहना है कि कमीशन के आधार पर मिलने वाली राशि से वेतन की जरूरतें पूरी नहीं हो पा रही हैं । कई कर्मचारियों का दो से चार साल तक का वेतन बकाया है। मांगों पर कार्रवाई नहीं होने से नाराज कर्मचारियों ने 22 अक्टूबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि सरकार ने मांगें नहीं मानीं तो प्रदेशभर के कर्मचारी सामूहिक इस्तीफा देने पर विचार करेंगे। कमीशन आधारित वेतन व्यवस्था से बढ़ी परेशानी साधन सहकारी समिति परिषद के प्रदेश अध्यक्ष अरविन्द कुमार सिंह चौहान ने बताया कि पैक्स कर्मचारी लंबे समय से वेतन संबंधी समस्याओं का सामना कर रहे हैं। कर्मचारियों को मिलने वाला वेतन कमीशन पर आधारित है, जबकि इस व्यवस्था से उनकी आर्थिक जरूरतें पूरी नहीं हो पा रही हैं। उनका आरोप है कि समय-समय पर कमीशन बढ़ाने के बजाय इसमें कटौती की गई, जिससे वेतन भुगतान का संकट और गहरा गया। कर्मचारियों ने मांग की है कि वेतन का निस्तारण उचित तरीके से किया जाए और उन्हें राजकीय कोष से नियमित वेतन देने की व्यवस्था बनाई जाए। उनका कहना है कि वर्षों तक वेतन नहीं मिलने से कर्मचारियों और उनके परिवारों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। बैठकों के बाद भी नहीं निकला समाधान अरविन्द कुमार सिंह चौहान के मुताबिक, कर्मचारियों ने 7 सितंबर को आयुक्त एवं निबंधक को ज्ञापन देकर वेतन संबंधी समस्याओं से अवगत कराया था। इसके बाद 21 सितंबर को अधिकारियों के साथ बैठक हुई, जिसमें कई बिंदुओं पर चर्चा की गई, लेकिन समस्याओं का समाधान नहीं हुआ। इसके विरोध में कर्मचारियों ने 22 सितंबर को भी धरना-प्रदर्शन किया था।
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