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    महोबा में LIC कर्मचारियों की हड़ताल:लेबर कोड और निजीकरण के विरोध में कार्य ठप रहा

    5 hours ago

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    महोबा में भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) के कर्मचारियों ने केंद्र सरकार की नीतियों के खिलाफ एक दिवसीय हड़ताल की। ऑल इंडिया इंश्योरेंस एम्प्लॉइज एसोसिएशन (AIIEA) के आह्वान पर LIC कार्यालय में कामकाज पूरी तरह ठप रहा। कर्मचारियों ने लेबर कोड और निजीकरण का विरोध किया। कानपुर डिवीजन इंश्योरेंस एम्प्लॉइज एसोसिएशन के बैनर तले महोबा शाखा के कर्मचारियों ने यह प्रदर्शन किया। उन्होंने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और अपनी मांगों को उठाया। प्रदर्शन का नेतृत्व कर रहे शाखा सचिव सुरेश सोनी ने उपस्थित कर्मचारियों और मीडिया को संबोधित करते हुए सरकार पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि सरकार ने दशकों पुराने श्रम कानूनों को समाप्त कर उन्हें चार नए लेबर कोड में बदल दिया है। सोनी के अनुसार, ये नए कानून मजदूरों के अधिकारों को छीनने और मालिकों को शोषण की खुली छूट देने के लिए बनाए गए हैं। उन्होंने आशंका जताई कि इससे निजीकरण को बढ़ावा मिलेगा और ठेकेदारी प्रथा लागू होने से श्रमिकों का शोषण बढ़ेगा। कर्मचारियों ने इस विरोध प्रदर्शन के माध्यम से सरकार के सामने चार मुख्य बिंदु रखे हैं। इनमें नए लेबर कोड को रद्द करना, आउटसोर्सिंग और ठेकेदारी प्रथा पर पूरी तरह रोक लगाना, सार्वजनिक क्षेत्रों के विनिवेश को बंद करना और बीमा उद्योग को कमजोर करने वाले सुनियोजित अभियानों को तत्काल रोकना शामिल है। प्रदर्शनकारियों की प्रमुख मांगों में क्लास 3 और क्लास 4 के खाली पदों पर जल्द से जल्द नई भर्ती करना और पुरानी पेंशन योजना को बहाल करना भी शामिल है। कर्मचारियों का कहना है कि सरकार की इन नीतियों के कारण आज देश का युवा बेरोजगार है और स्थायी रोजगार की समस्या विकराल होती जा रही है। आज की इस हड़ताल में शाखा सचिव सुरेश सोनी, अध्यक्ष तंजीम, अखिलेश, सचिन, आशुतोष, सौरभ, रेखा, पियूष, उमाकांत, सर्वेश, आकांक्षा, राहुल, प्रेमानंद और ऋषि सागर सहित सभी कर्मचारी एकजुट नजर आए। कर्मचारियों ने स्पष्ट कर दिया है कि यदि उनकी मांगों पर विचार नहीं किया गया, तो यह आंदोलन भविष्य में और भी उग्र रूप धारण करेगा।
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