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    पिता को 6 गोलियां मारने वाले से परिवार डरता था:भाई को भी मार चुका था गोली; गाजियाबाद में लड़की ने शादी से मना किया

    5 hours ago

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    गाजियाबाद में हरिओम चौधरी (52) की गिनती इलाके के संपन्न किसानों में होती थी। 75 बीघा जमीन, मार्केट और अच्छी-खासी आमदनी...। कुल 150 करोड़ की प्रॉपर्टी। परिवार में किसी चीज की कमी नहीं थी। लेकिन, 15 जुलाई (बुधवार) की आधी रात को उसी बेटे ने पिता की हत्या कर दी, परिवार जिसकी शादी की तैयारी कर रहा था। शराब के नशे में घर पहुंचे बेटे निखिल ने डांट से नाराज होकर पिस्टल से पिता पर 6 गोलियां दाग दीं। हालांकि, यह पहली बार नहीं था। 2018 में निखिल ने अपने छोटे भाई को भी गोली मार दी थी। लेकिन, तब परिवार ने पुलिस में शिकायत नहीं की थी। इससे निखिल का हौसला बढ़ गया था। आखिर परिवार क्यों निखिल से इतना डरता था? पढ़िए इनसाइड स्टोरी... रात 12 बजे घर पहुंचा... कुछ मिनट बाद गोली चली 15 जुलाई की रात हरिओम चौधरी ने पत्नी मीनाक्षी और छोटे बेटे नीशू के साथ खाना खाया। बड़ा बेटा निखिल घर पर नहीं था। वह दोस्तों के साथ शराब पार्टी कर रहा था। रात करीब 12 बजे निखिल घर पहुंचा। पिता हरिओम ने देर रात शराब पीकर आने पर डांट लगा दी। देखते ही देखते कहासुनी गाली-गलौज में बदल गई। मां मीनाक्षी बीच-बचाव करने पहुंचीं, लेकिन झगड़ा और बढ़ गया। तभी निखिल ने पिस्टल निकाली और पिता पर ताबड़तोड़ 6 गोलियां चला दीं। गोलियां लगते ही हरिओम जमीन पर गिर पड़े। मां चिल्लाती रही... छोटा भाई जान बचाकर कमरे में छिपा गोली चलने की आवाज सुनकर छोटा भाई नीशू बाहर आया। लेकिन, जैसे ही उसने निखिल के हाथ में पिस्टल देखी, वह डरकर कमरे में बंद हो गया। परिवार का कहना है कि उसे डर था कि निखिल उसकी भी हत्या कर देगा। मीनाक्षी पति को बचाने की कोशिश करती रहीं। लेकिन, निखिल पिता को अस्पताल ले जाने की जगह भाग गया। बाद में मीनाक्षी और नीशू ने हरिओम को अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। जिस बेटे की शादी की तैयारी थी, वही बना कातिल परिवार निखिल की शादी कराने की तैयारी में था। कुछ महीने पहले मेरठ के कंकरखेड़ा से रिश्ता भी आया था। माता-पिता और निखिल को भी यह रिश्ता पसंद था। लेकिन, लड़की वालों को गांव से निखिल के बारे में पता किया। इसमें उसकी आदतों के बारे में पता चल गया। इसके बाद लड़की वालों ने शादी करने से इनकार कर दिया। निखिल के घरवाले फिलहाल उसके लिए दूसरी लड़की देख रहे थे। उनका मानना था कि शादी के बाद निखिल सुधर जाएगा। भाई को गोली मारी... फिर भी नहीं बदला व्यवहार हरिओम चौधरी के पास करीब 75 बीघा खेती है। मोदीनगर में उनकी मार्केट भी है। परिवार के अनुसार, हरिओम ने 25 बीघा जमीन पहले ही निखिल को खेती के लिए दे दी थी। मार्केट का किराया भी वही वसूलता था। एक महीने पहले हरिद्वार-ऋषिकेश घूमने के लिए पिता ने उसे 40 हजार रुपए भी दिए थे। इसके बावजूद निखिल का व्यवहार नहीं बदला। परिवार के करीबी लोगों का कहना है कि निखिल का इतना खौफ था कि घर में कोई उसके सामने आवाज नहीं उठाता था। 2018 में छोटे भाई को गोली मारने की घटना के बाद से माता-पिता भी उससे टकराने से बचते थे। 15 जुलाई की रात करीब साढ़े 9 बजे मां मीनाक्षी ने बेटे निखिल को फोन कर पूछा- कहां हो, अब घर आ जाओ। तुम्हारे पापा नाराज हो रहे हैं। इस पर निखिल ने मां से गुस्से में कहा- जब आना होगा, तब आ जाऊंगा। फोन पर ही पिता को गाली भी दी। उस समय वह दोस्तों के साथ शराब पार्टी में था। पुलिस का मानना है कि निखिल को दोस्तों के बीच घर से आया फोन अपनी बेइज्जती लगा। इसके बाद वह देर रात नशे की हालत में घर पहुंचा। वहां पिता से झगड़ा इतना बढ़ा कि उसने उन पर ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं। मां की शिकायत में हत्या की पूरी कहानी पति की हत्या के बाद मीनाक्षी ने मोदीनगर थाने में एफआईआर दर्ज कराई। इसमें उन्होंने बताया- मेरे पति हरिओम चौधरी और बेटे निखिल के बीच काफी समय से जमीन को लेकर झगड़ा चल रहा था। 15 जुलाई की रात भी इसी बात को लेकर दोनों के बीच कहासुनी हुई। गुस्से में निखिल ने अपने पिता को जान से मारने की नीयत से ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। निखिल के हाथ में पिस्टल थी। निखिल ने मेरे सामने ही जमीन पर गिरे हरिओम पर दोबारा गोलियां चलाईं। गोलियां उनके सिर और पेट में लगीं। इसके बाद निखिल जान से मारने की धमकी देते हुए पिस्टल लेकर भाग गया। हरिओम पर भी लगा था हत्या का आरोप गांव के लोगों के अनुसार, साल- 2018 में दूसरी बिरादरी के नैन सिंह की हत्या के मामले में हरिओम चौधरी का नाम भी सामने आया था। हालांकि, इस मामले में थाने में कोई मुकदमा दर्ज नहीं हुआ था। स्थानीय लोगों के बीच चर्चा है कि बाद में दोनों पक्षों के बीच समझौता हो गया था। इसीलिए आगे कोई कानूनी कार्रवाई नहीं हुई थी। ----------------------------- यह खबर भी पढ़ें… छुट्‌टी नहीं मिली, सिपाही ने खुद को गोली मारी, बुलंदशहर में मौत से पहले ऑडियो बनाया बुलंदशहर में गुरुवार तड़के 3 बजे 25 साल के सिपाही ने सर्विस राइफल से गोली मारकर आत्महत्या कर ली। साथी सिपाही ने रोकने की कोशिश की, लेकिन उसने हवाई फायरिंग कर दी। यहां पढ़ें पूरी खबर
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