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    राष्ट्रीय पुरोहित परिषद ने शोक संतप्त घरों में मनाई होली:रंग एकादशी पर परिवारों को दुख से मुक्ति दिलाई

    2 hours ago

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    संभल में राष्ट्रीय पुरोहित परिषद ने शोक उठनी एकादशी, जिसे रंग एकादशी भी कहा जाता है, पर एक अनूठी पहल की। परिषद के सदस्यों ने नगर के विभिन्न मोहल्लों में उन परिवारों का दौरा किया। जिन्होंने पिछले एक वर्ष में अपने किसी सदस्य को खो दिया था। इस दौरान परिवारों को शोक मुक्त कर खुशी और सकारात्मक ऊर्जा का वातावरण तैयार किया गया। राष्ट्रीय पुरोहित परिषद के अध्यक्ष कैलाश चंद्र शर्मा के नेतृत्व में उपाध्यक्ष जयदेव कौशिक, सुंदरलाल तिवारी, नरेश कुमार शर्मा, उमेश भारद्वाज, पुष्पेंद्र कुमार शर्मा, परमानंद तिवारी, विनीत शुक्ल, अजय कुमार शर्मा और अजय कुमार शुक्ल सहित अन्य सदस्य शामिल थे। इन सदस्यों ने परिवारों में पहुंचकर विधिवत मंत्रोच्चारण किया और शोक को दूर करते हुए सुख, समृद्धि तथा आनंद की कामना की। पंडित सुंदरलाल तिवारी ने इस अवसर पर बताया कि शोक उठनी एकादशी केवल होली के रंगों और उत्सव का पर्व नहीं है। यह शोक संतप्त परिवारों में आनंद लौटाने का भी एक अवसर है। उन्होंने कहा कि इस दिन लोग अपने रिश्तेदारों और संबंधियों के घर जाकर उनके दुख को कम करते हैं और उनके लिए सकारात्मक ऊर्जा का संचार करते हैं। पंडित कौशल नंदन ने इस परंपरा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि इस दिन परिवार शोक मुक्त होता है। यह दिवंगत सदस्य के अधूरे सपनों को पूरा करने की प्रेरणा भी देता है। उन्होंने जोर दिया कि यह परंपरा समाज में सहानुभूति, मानवता और सांस्कृतिक एकता का संदेश फैलाती है। कार्यक्रम के दौरान परिषद के सदस्यों ने परिवारों को गुलाल लगाकर होली का आनंद दिलाया। उन्होंने परिवारों के साथ मिलकर प्रभु से उनके घर में सुख, समृद्धि और आनंद की निरंतरता के लिए प्रार्थना की। शोक संतप्त परिवारों ने परिषद की टीम का स्वागत किया और इस परंपरा को भविष्य में भी जारी रखने की इच्छा व्यक्त की। राष्ट्रीय पुरोहित परिषद द्वारा आयोजित यह पहल न केवल शोक को दूर करने में सहायक सिद्ध हुई, बल्कि समाज में भाईचारे और आपसी सहानुभूति का प्रतीक भी बनी।
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