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    रोटरी क्लब मेरठ 75 साल पूरे होने पर:75 जरूरतमंद छात्राओं को बांटेगा साइकिल

    3 hours ago

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    रोटरी क्लब मेरठ अपनी स्थापना के 75 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में 1 मार्च को 75 जरूरतमंद छात्राओं को साइकिलें वितरित करेगा। यह आयोजन बच्चा पार्क स्थित आईएमए हॉल में किया जाएगा। ये साइकिलें उन छात्राओं को दी जाएंगी जिनके घर स्कूल से दूर हैं और उन्हें प्रतिदिन आने-जाने में कठिनाई होती है, जिससे उनकी पढ़ाई प्रभावित होती है। क्लब का मानना है कि यह पहल छात्राओं को शिक्षा और आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ने में मदद करेगी। रोटरी क्लब मेरठ का इतिहास वर्ष 1947 में तत्कालीन जिला एवं सत्र न्यायाधीश बी आर जेम्स आईसीएस द्वारा शुरू हुआ था, लेकिन कुछ कारणों से यह अधिक समय तक सक्रिय नहीं रह पाया। इसके बाद, 14 सितंबर 1950 को इंपीरियल बैंक (जो अब स्टेट बैंक है) के तत्कालीन एजेंट के.सी. बत्रा ने इसे पुनर्जीवित करने का सफल प्रयास किया। तत्कालीन जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री माहेश्वरी दयाल इसके संस्थापक अध्यक्ष बने। क्लब की सभाएं व्हीलर क्लब मेरठ में आयोजित की जाती थीं, जो 1994 तक जारी रहा। प्रत्येक गुरुवार को सभा दिवस निर्धारित किया गया, जो आज भी जारी है। रोटरी इंटरनेशनल ने 1 मार्च 1951 को क्लब को चार्टर संख्या 7714 के तहत मान्यता दी। यह मंडल के सबसे बड़े क्लबों में से एक है और वर्तमान में इसके 100 सदस्य हैं। क्लब ने अब तक लगभग 3600 सभाओं का आयोजन किया है और 2000 से अधिक सेवा प्रकल्प पूरे किए हैं। 780 से अधिक वक्ताओं ने क्लब की सभाओं को संबोधित किया है। रोटरी क्लब मेरठ ने लगभग 19 अन्य रोटरी क्लबों को प्रायोजित किया है, जिनमें से 9 क्लब आज भी सक्रिय हैं। क्लब के सदस्यों ने विभिन्न महत्वपूर्ण पदों पर भी कार्य किया है। एक युवा शाखा का नेतृत्व डी.आर.आर. के रूप में किया गया है। पांच क्लब सदस्यों ने विभिन्न वर्षों में मंडल 3100 के मंडलाध्यक्ष (डिस्ट्रिक्ट गवर्नर) के रूप में नेतृत्व किया है। इसके अतिरिक्त, तीन सदस्यों ने क्लब की सदस्यता समाप्त होने के बाद भी मंडलाध्यक्ष के रूप में मंडल का नेतृत्व किया। क्लब के सदस्यों ने चार बार विभिन्न देशों में भेजी गई जी.एस.ई. (ग्रुप स्टडी एक्सचेंज) टीम का भी नेतृत्व किया है।
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