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    16 साल छोटे प्रेमी ने महिला के 18 टुकड़े किए:ट्रॉली बैग में भरकर ट्रेन में रखा; आगरा पुलिस आरोपी पति-पत्नी को मणिपुर से दबोचकर लाई

    21 hours ago

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    आगरा कैंट रेलवे स्टेशन पर 25 दिन पहले तमिलनाडु एक्सप्रेस में ट्रॉली बैग से मिले 18 टुकड़े एक महिला के थे। उसका 16 साल छोटे एक शादीशुदा युवक से अफेयर था। विवाद बढ़ने पर पति-पत्नी ने मिलकर महिला की हत्या कर दी। शव को कटर से काटा। उसके छोटे-छोटे टुकड़े किए। इसके बाद इन टुकड़ों को बैग में भर दिया। हाथ-पैर और पसलियों को आटे और सब्जी के साथ पकाया। बचे टुकड़ों को ट्रेन की जनरल बोगी में रख दिया। आगरा GRP के सीओ राजीव दीक्षित ने बताया कि 22 साल के माणिकउद्दीन लस्कर और उसकी पत्नी भगवती माझी को मणिपुर से गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों को भरोसा था कि मामला कभी खुलेगा नहीं, लेकिन CCTV ने उनकी पूरी साजिश को बेनकाब कर दिया। चेन्नई पुलिस कस्टडी में लेकर दोनों अपने साथ ले गई। अब हत्या में पैसों के लेन-देन और अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है। अब विस्तार से पढ़िए… 350 कैमरों की फुटेज से पकड़े गए आरोपी 5 अगस्त को चेन्नई से नई दिल्ली जा रही तमिलनाडु एक्सप्रेस (12621) आगरा कैंट पहुंची थी। जनरल बोगी में रखे ट्रॉली बैग से बदबू आने पर यात्रियों ने जीआरपी को सूचना दी। बैग खोलने पर पॉलिथीन में लिपटे मानव अंग मिले। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि शरीर के कुछ हिस्सों को आटे और सब्जी के साथ पकाया गया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए चेन्नई आरपीएफ और आगरा जीआरपी ने संयुक्त जांच शुरू की। चेन्नई सेंट्रल स्टेशन के करीब 350 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई। फुटेज में दोनों आरोपी ट्रॉली बैग को ट्रेन में रखते हुए दिखाई दिए। इसके बाद से दोनों चेन्नई से भागकर मणिपुर चले गए थे। मरने वाली महिला का 17 साल का बेटा ओडिशा के जगतसिंहपुर की रहने वाली हयातुन निशा (38 साल) चेन्नई में अपने पति से अलग रहती थी। उसका मणिकउद्दीन के साथ 6 महीने से अफेयर था। 20 जुलाई के आसपास निशा चेन्नई के गुडुवांचेरी में मणिक के घर किराए पर रहने आ गई। निशा का 17 साल का बेटा यूसुफ खान भी उसके साथ रहता था। पुलिस के मुताबिक, मणिक का पहले से भगवती माझी के साथ अफेयर था। भगवती उसके साथ लिव इन रिलेशन में पत्नी की तरह रहती थी। जांच में सामने आया कि भगवती को मणिक और निशा के अफेयर की भनक लग गई। इस बात पर आए दिन विवाद होने लगा। विवाद बढ़ने पर पति-पत्नी ने निशा को रास्ते से हटाने की साजिश रची। हत्या के बाद शव के 18 टुकड़े किए गए। कुछ हिस्सों को बड़े बर्तनों में रखकर पकाया गया, जबकि धड़ समेत बाकी हिस्सों को लाल रंग के ट्रॉली बैग में भरकर तमिलनाडु एक्सप्रेस में रख दिया, जो आगरा तक पहुंच गया। पुलिस की तलाशी में मिले मांस और बॉडी के टुकड़े जब हयातुन निशा की हत्या हुई, उसका बेटा यूसुफ वहां नहीं था। 21 अगस्त को वह अपनी मां से मिलने उसी मकान पर पहुंचा। जब मां नहीं मिली तो आसपास के लोगों से पूछताछ की, लेकिन कोई सुराग हाथ नहीं लगा। मणिक और भगवती भी लापता थे। उसने गुडुवांचेरी थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई थी। पुलिस ने मकान की तलाशी ली। वहां एक बड़े बर्तन में मांस और शरीर के अन्य अंग मिले। पुलिस की जांच में पैसों के लेन-देन की बात भी सामने आई। यूसुफ ने बताया कि उसे मां की लाइफस्टाइल पसंद नहीं थी, इसलिए वह उनसे अलग रहने लगा था। उसने आशंका जताई थी कि माणिकउद्दीन और भगवती माझी ने ही झगड़े के बाद मां हयातुन की हत्या की। 350 CCTV कैमरे खंगाले, बैग के साथ नजर आए युवक-युवती लाश मिलने के बाद 5 अगस्त को ही आगरा कैंट GRP थाने में जीरो FIR दर्ज की गई थी। जांच आगे बढ़ी, तो इसका चेन्नई से कनेक्शन सामने आया। इसके बाद केस चेन्नई GRP को ट्रांसफर कर दिया गया। चेन्नई पुलिस ने बैग से मिले सुरागों के आधार पर जांच शुरू की। चेन्नई सेंट्रल रेलवे स्टेशन की CCTV फुटेज खंगाली गई। प्लेटफॉर्म नंबर-4 की 3 अगस्त की रात 10 बजे की फुटेज में एक युवक और युवती लाल ट्रॉली बैग लेकर जाते दिखाई दिए। इसके बाद 5 अगस्त को तमिलनाडु एक्सप्रेस के जनरल कोच में वही बैग आगरा कैंट पहुंचा, जिसमें लाश के टुकड़े मिले। इसी के आधार पर जांच टीम गुडुवांचेरी तक पहुंची। इसके बाद महिला की लाश के टुकड़े बरामद किए। ---------------------- यह खबर भी पढ़िए हाईकोर्ट की फटकार के बाद IAS दुर्गा नागपाल की सफाई:बोलीं- जज से गलत बात नहीं की; धमकाने का आरोप लगा था यूपी की महिला IAS अफसर दुर्गा शक्ति नागपाल ने सिविल जज के आरोपों पर सफाई दी है। उन्होंने मंगलवार को कहा- उनका इरादा सिर्फ सरकारी जमीन से जुड़े पुराने पेंडिंग केस की ठीक से पैरवी कराना था। उन्होंने कोई दबाव नहीं बनाया। बातचीत के दौरान न तो केस के फैसले या मेरिट पर चर्चा हुई और न ही किसी खास केस के नाम या नंबर का जिक्र किया गया। पढ़ें पूरी खबर
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