Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    जौनपुर में बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने की पहल:'ज्ञान का पिटारा' टूलकिट विमोचित, जागरूकता रथ रवाना

    1 hour ago

    1

    0

    जौनपुर में बालिका शिक्षा को बढ़ावा देने और विद्यालय से बाहर रह रही लड़कियों को शिक्षा से जोड़ने के उद्देश्य से एक नई पहल की गई है। जन विकास संस्थान, नौपेड़वा द्वारा संचालित मैत्री परियोजना के तहत शनिवार को 12 बजे शिक्षा मिशन–ज्ञान का पिटारा' टूलकिट का विमोचन किया गया। इसके साथ ही एक बालिका शिक्षा जागरूकता रथ को भी रवाना किया गया। यह जागरूकता रथ जिले के मड़ियाहूं, रामपुर और रामनगर विकासखंडों के 40 चयनित गांवों में पहुंचेगा। इसका मुख्य लक्ष्य बालिकाओं, उनके अभिभावकों और समुदाय को बालिका शिक्षा के महत्व के प्रति जागरूक करना है।कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी समीर ने 'ज्ञान का पिटारा' टूलकिट का विमोचन किया और जागरूकता रथ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस अवसर पर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी समीर ने कहा कि बालिकाओं की शिक्षा समाज और देश के विकास की महत्वपूर्ण आधारशिला है। उन्हें शिक्षा से जोड़ना केवल उनके व्यक्तिगत विकास के लिए ही नहीं, बल्कि एक सशक्त, शिक्षित और समानतापूर्ण समाज के निर्माण के लिए भी आवश्यक है। उन्होंने ऐसे जागरूकता अभियानों को समुदाय में शिक्षा के प्रति सकारात्मक वातावरण बनाने में महत्वपूर्ण बताया। जन विकास संस्थान के निदेशक राजमणि ने बताया कि उनका संस्थान अनामांकित और विद्यालय से बाहर रह रही बालिकाओं का शत-प्रतिशत नामांकन और उनकी नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने जोर दिया कि बालिकाओं को शिक्षा से जोड़ना एक सशक्त और शिक्षित समाज के निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। कार्यक्रम प्रबंधक अवधेश कुमार यादव ने जानकारी दी कि 'ज्ञान का पिटारा' टूलकिट बच्चों के लिए सीखने की प्रक्रिया को रोचक, सहज और सहभागी बनाने में मदद करेगा। उन्होंने कहा कि जागरूकता रथ के माध्यम से समुदाय और अभिभावकों तक पहुंच बनाकर बालिकाओं के नामांकन, नियमित उपस्थिति और शिक्षा की निरंतरता के लिए जागरूक किया जाएगा। उनका प्रयास है कि कोई भी बालिका शिक्षा से वंचित न रहे और प्रत्येक बालिका को सीखने, आगे बढ़ने तथा अपने सपनों को साकार करने का समान अवसर मिले।
    Click here to Read more
    Prev Article
    सूबेदारगंज-बांद्रा स्पेशल ट्रेन के समय में बदलाव:तकनीकी कारणों से बदला समय, 24 और 31 अगस्त को चलेगी
    Next Article
    प्रयागराज में तैराकी ट्रायल 23 अगस्त को:वाराणसी में होने वाली राज्य स्तरीय प्रतियोगिता के लिए होगा चयन

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment