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    पार्षद बोले-जेई सुन नहीं रहा, विधायक से कहूंगा उसे हटवाएं:वार्ड-68 में 30 घरों पर करंट का खतरा; एक कमरे में 80 बच्चों की कक्षा, मोहल्लों में जलभराव

    15 hours ago

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    गोरखपुर नगर निगम के वार्ड-68 महर्षि दधीचि नगर में 30 घर करंट के खतरे से जूझ रहे हैं। पार्षद का कहना है कि जेई से कई बार कहा, लेकिन सुन नहीं रहा है। विधायक से कहूंगा कि उसे हटवाएं। इसी वार्ड के प्राथमिक विद्यालय में एक ही कमरे में 80 से ज्यादा बच्चे पढ़ाई कर रहे हैं। मोहल्लों में खराब सड़कों और जलभराव की समस्याएं हैं। लोगों का कहना है कि पार्षद उनके बीच नहीं जाते हैं। शिकायतों के बावजूद उनकी समस्याओं का समाधान नहीं होता है। दैनिक भास्कर की वार्ड परिक्रमा के दौरान लोगों ने खुलकर अपनी बात रखी। कहा कि कब्रिस्तान वाली गली में बिजली के पोल तो खड़े हैं लेकिन उन पर तार नहीं हैं। जुगाड़ की बिजली से दीवारों में करंट उतर रहा है। जफर कॉलोनी में सड़कें गंदे नाले में तब्दील हैं, खुले नाले हादसों को दावत दे रहे हैं। घरों में दूषित पानी आ रहा है। दैनिक भास्कर वार्ड परिक्रमा अभियान चला रहा है। इसी कड़ी में वार्ड-68 का जायजा लिया गया... प्राथमिक विद्यालय में पहली से पांचवीं तक के 80 से अधिक बच्चे एक ही कमरे में पढ़ाई करते हैं। स्कूल के गेट पर कूड़े का ढेर और टूटा हैंडपंप भी नजर आया। बहरामपुर की कब्रिस्तान वाली गली में बिजली के पोल तो लगे हैं, लेकिन उन पर तार नहीं हैं। स्थानीय लोग जुगाड़ से बिजली की लाइन खींचकर इस्तेमाल कर रहे हैं, जिससे दीवारों में करंट उतरने की शिकायतें सामने आईं। वहीं जफर कॉलोनी की उखड़ी सड़कों पर नालियों का गंदा पानी बहता मिला। पहले ये नजारा देखिए... एक कमरे में पढ़ रहे 80 से ज्यादा बच्चे वार्ड के प्राथमिक विद्यालय में शिक्षा व्यवस्था भी बदहाल मिली। पहली से पांचवीं तक के सभी बच्चों की पढ़ाई एक ही कमरे में कराई जा रही है। स्कूल के बाहर गंदगी फैली है और टूटा हैंडपंप बच्चों के लिए परेशानी बना हुआ है। स्थानीय लोगों ने स्कूल भवन का विस्तार और सफाई व्यवस्था सुधारने की मांग की। वार्ड की बड़ी समस्याएं गंदगी और कूड़े का अंबार: नियमित सफाई नहीं होने से गलियों और स्कूल के आसपास कूड़ा जमा रहता है। जलभराव और सीवर: बारिश में सड़कें डूब जाती हैं। नालियों का गंदा पानी घरों तक पहुंचता है। खुले नाले: कई जगह खुले नालों से हादसों का खतरा बना हुआ है। बिजली का खतरा: पोल पर तार न होने से जुगाड़ की बिजली व्यवस्था, दीवारों में करंट उतरने की शिकायत। टूटी सड़कें और अधूरी नालियां: जफर कॉलोनी समेत कई मोहल्लों में वर्षों से सड़क और नाली निर्माण अधूरा। प्राथमिक विद्यालय की बदहाली: एक कमरे में 80 से अधिक बच्चे पढ़ने को मजबूर। बिजली के जुगाड़ से दीवारों में उतर रहा करंट बहरामपुर की कब्रिस्तान वाली गली में बिजली के पोल लगे हैं, लेकिन उन पर तार नहीं डाले गए। लोगों ने निजी स्तर पर तार खींचकर बिजली की व्यवस्था की है। स्थानीय लोगों का कहना है कि बारिश में दीवारों में करंट उतर आता है और कई लोग व पशु इसकी चपेट में आ चुके हैं। जफर कॉलोनी में सड़क और नाली दोनों बदहाल जफर कॉलोनी की सड़कें टूट चुकी हैं। नालियों की निकासी नहीं होने से गंदा पानी सड़कों और घरों तक पहुंच जाता है। लोगों का कहना है कि वर्षों से सड़क और नाली निर्माण की मांग की जा रही है, लेकिन स्थिति जस की तस बनी हुई है। खुले नाले बने हादसों की वजह वार्ड के कई हिस्सों में नालियां खुली हैं। बारिश में पानी भर जाने से ये दिखाई नहीं देतीं। स्थानीय लोगों ने बताया कि कई ई-रिक्शा, बाइक सवार और राहगीर इनमें गिरकर घायल हो चुके हैं। -------------- ये खबर भी पढ़िए… यहां अग्रवालों का काम पहले होता है...:वार्ड-71 के पार्षद पर पक्षपात का आरोप, लोग बोले-नलों से आता नाली जैसा पानी, जो पिएगा बीमार पड़ेगा यहां अग्रवालों का काम पहले होता है। नलों से पानी नहीं नाली बहती है, जो पी लेगा, बीमार पड़ जाएगा। बारिश होते ही नाले का पानी दुकान में घुसता है, वाइपर लेकर तैयार रहना पड़ता है…। वार्ड-71 आर्यनगर के ये हालात वहां रहने वालों ने बताए हैं। ऐसी परिस्थितियों में रह रहे लोगों में नगर निगम और पार्षद के प्रति गहरी नाराजगी है। उनका कहना है कि अपने घर के सामने की नाली खुद साफ करनी पड़ती है। निगम के कर्मचारी आते ही नहीं हैं। गोरखपुर नगर निगम इस वार्ड की मुख्य सड़कें तो चकाचक नजर आती हैं, लेकिन जैसे ही मोहल्लों की ओर बढ़ते हैं, बदहाली की तस्वीरें सामने आने लगती हैं। लोगों का कहना है कि विरासत गलियारा बनने के बाद मुख्य सड़क ऊंची हो गई। मोहल्लों की सड़कें और नालियां नीचे रह गईं। इससे बारिश में पानी की निकासी नहीं हो पाती है। नालियों का गंदा पानी दुकानों व घरों तक पहुंच जाता है। पूरी खबर पढ़ें… -------------- ये खबर भी पढ़िए… नलों का दूषित पानी दांत कर रहा पीले: गोरखपुर के वार्ड-24 के कई हिस्सों में 5 साल से सूखी पाइपलाइन, सड़कें लबालब सड़कें चमकती हैं, लेकिन नालियां उफना रही हैं। पाइपलाइन बिछी है, लेकिन पानी नहीं आता। जहां आ रहा है वहां पीला और दूषित है। लोगों ने बताया कि इसको पीने से दांत भी पीले हो रहे हैं। बारिश हो या न हो, गलियों में गंदा पानी बहता रहता है। यही तस्वीर है गोरखपुर के वार्ड-24 मत्स्येन्द्र नगर की। खास बात यह है कि लखनऊ, वाराणसी और प्रयागराज से आने वालों का शहर में वेलकम इसी वार्ड से होता है। पूरी खबर पढ़ें…
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