Search…

    Saved articles

    You have not yet added any article to your bookmarks!

    Browse articles

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    Top trending News
    bharathunt
    bharathunt

    संभल में ओवरलोड ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के खिलाफ ग्रामीणों का प्रदर्शन:बोले- भारी वाहनों से रास्ता खराब, महिलाओं-बच्चों की सुरक्षा को खतरा

    7 hours ago

    1

    0

    संभल के असमोली विकासखंड के कमालपुर काफूरपुर गांव में ग्रामीणों ने प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन आबादी वाले संकरे रास्ते से ईंटों से भरी ओवरलोड ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के आने-जाने के विरोध में था। ग्रामीणों ने इस पर नाराजगी जताई। ग्रामीणों का आरोप है कि ईंट-भट्ठा संचालक क्षमता से ज्यादा ईंटें लादकर ट्रैक्टर-ट्रॉलियों को गांव के रास्ते से लगातार गुजार रहे हैं। इससे गांव का रास्ता खराब हो रहा है। साथ ही ग्रामीणों, महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा पर भी खतरा बना हुआ है। ग्रामीणों ने बताया कि गांव का रास्ता काफी संकरा और एकतरफा है। इसी रास्ते से रोज बड़ी संख्या में ग्रामीण, महिलाएं और बच्चे आते-जाते हैं। जब भारी ईंटों से लदी ट्रैक्टर-ट्रॉलियां यहां से गुजरती हैं, तो वे रास्ते में उछलती हुई चलती हैं। ग्रामीणों का कहना है कि इससे वाहन बेकाबू हो सकता है और कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। लगातार आने-जाने से गांव का रास्ता खराब उनका आरोप है कि कई बार शिकायत करने के बाद भी भट्ठा संचालक इन वाहनों को रोकना नहीं चाहते। ग्राम विकास अधिकारी ओमवीर सिंह ने बताया कि ओवरलोड ईंटों से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के लगातार आने-जाने से गांव का रास्ता खराब हो रहा है। इस बारे में भट्ठा संचालक से शिकायत भी की गई थी। ग्राम विकास अधिकारी के मुताबिक, संचालक ने कहा कि वे सरकार को टैक्स देते हैं और ट्रैक्टर-ट्रॉलियों का चलना नहीं रोकेंगे। ग्रामीणों का आरोप है कि इसी वजह से भारी वाहनों का आना-जाना लगातार जारी है। प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने प्रशासन से इस मामले पर ध्यान देने की मांग की। नियम तोड़ने वालों के खिलाफ कार्रवाई उन्होंने ओवरलोड वाहनों के आने-जाने पर रोक लगाने, गांव के रास्ते को सुरक्षित करने और नियम तोड़ने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने को कहा। इस प्रदर्शन में जाहिद हाजी, मौ. रजा, इकरार, नजूम, शमशाद, भूरा, धर्मवीर, राम सिंह, रामवीर, जाकिर, आरिफ, मौ. नबी, मुजहिर, शादब, नसरीन, हुस्नबी, सलमा, भगवती, मीना, आलम जहां, नसरीन बानो, जबुलनिशा और कई अन्य ग्रामीण मौजूद थे।
    Click here to Read more
    Prev Article
    गन्ने का दाम 600 प्रति क्विंटल करने की मांग:किसान संघ ने भेजा ज्ञापन, 5 लाख तक कैशलेस इलाज भी मांगा
    Next Article
    भैंस बचाने के चक्कर में आलू से भरा ट्रक पलटा:12 लाख का आलू सड़क पर बिखरा, क्लीनर-चालक गंभीर घायल

    Related न्यूज Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment